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Sambhal News: भारत बंद का नहीं दिखाई दिया असर, ट्रैक पर तैनात रहा पुलिस बल

Sat, 17 Feb 2024 03:46 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
संवाद न्यूज एजेंसी, संभल Updated Sat, 17 Feb 2024 03:46 AM IST
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No effect of Bharat Bandh was visible, police force remained deployed on the track
चंदौसी। किसान संघर्ष मोर्चा के भारत बंद के आह्वान का जनपद में कोई असर दिखाई नहीं दिया। चंदौसी में रेलवे ट्रैक पर चार स्थानों पर एहतियात के तौर पर जीआरपी, आरपीएफ व पुलिस तैनात रही। सुबह से किसान नेताओं को पुलिस ने उनके घर में नजरबंद कर दिया। यहां घर से ही किसान नेताओं ने प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपकर बंद का समर्थन किया।
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विभिन्न मांगों को लेकर किसान संघर्ष मोर्चा ने शुक्रवार को भारत बंद का आह्वान किया था। जिसको लेकर प्रशासन सुबह से ही अलर्ट पर रहा है। यहां पुलिस को सूचना थी कि किसान बंद के समर्थन में रेलवे ट्रैक जाम कर सकते हैं। शुक्रवार को सुबह को बेहतरी फाटक पर आरपीएफ कमांडेंट, प्रभारी लोकेश कुमार, जीआरपी प्रभारी राजदीप पुनिया पुलिस बल के साथ रहे। इसके अलावा सिपाही लाल पेट्रोप पंप के निकट, मंडी समिति फाटक व संभल रोड फाटक पर कोतवाली पुलिस तैनात रही। पुलिस ने किसान संघर्ष मोर्चा के सहयोगी संगठन के पदाधिकारियों को सुबह में ही उनके घर में नजर बंद कर दिया। भाकियू टिकैत के प्रदेश प्रमुख महासचिव विजेंद्र सिंह यादव के प्रगति विहार स्थित आवास पर कोतवाली पुलिस पहुंच गई। यहां भाकियू के पदाधिकारी भी बंद के समर्थन में जुटने लगे थे। किसान नेता ने क्षेत्रीय पदाधिकारियों से घर पर रहकर ही भारत बंद का समर्थन करने का आह्वान किया। साथ ही प्रधानमंत्री को संबोधित आठ सूत्रीय मांगों का एक ज्ञापन प्रभारी निरीक्षक अतर सिंह को सौंपा। इस दौरान जिलाध्यक्ष मनपाल सिंह, रामवीर सिंह यादव, महावीर सिंह यादव, शिशुपाल सिंह, हाजी अजीम सिद्दीकी, देशराज सिंह, विपिन यादव, हैदर अली, राजेश मौर्य, विमल यादव, धर्मेंद्र प्रधान, पुष्पेंद्र सिंह, हरि सिंह, राशिद अली आदि रहे।
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किसानों की 23 फसलों की खरीद कानून बनाकर एमएसपी पर खरीदने, कृषि ऋण को माफ करना, विद्युत अधिनियम 2020 को पूर्ण रूप से निरस्त करने, 2020 -21 किसान आंदोलन के दौरान किसानों पर लगे मुकदमे वापस करने समेत क्षेत्रीय समस्याओं के निस्तारण की मांग ज्ञापन के माध्यम से की गई है।
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