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मरीज को डिस्चार्ज न करने पर हंगामा
ब्यूरो/अमर उजाला, संभल
Updated Sun, 04 Dec 2016 12:40 AM IST
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चिकित्सक के मना करने पर परिजनों ने हंगामा कर दिया। हंगामे के बाद चिकित्सक ने मरीज को मुरादाबाद रेफर कर दिया।
थाना बहजोई के ग्राम मुल्हेटा निवासी गंगा सिंह के पुत्र जितेंद्र की छह माह पूर्व तबियत खराब हुई थी। तबियत खराब होने पर जितेंद्र को कैथल गेट स्थित निजी अस्पताल लाए। जहां चिकित्सक ने परीक्षण के बाद अपेंडिक्स में दिक्कत होने की बात कहते हुए आपरेशन को कहा। गंगा सिंह ने बताया कि अपेंडिक्स का आपरेशन भी करा लिया। लेकिन दो माह पूर्व जितेंद्र की हालत दोबारा खराब हुई तो वह उसे दोबारा अस्पताल ले आए।
चिकित्सक ने उसका तीसरी बार आपरेशन कर दिया। जितेंद्र के लगातार दो माह से अस्पताल में भर्ती होने के बाद उसकी हालत में कोई सुधार नहीं दिखा तो पिता गंगा सिंह ने चिकित्सक से बाहर उपचार कराने के लिए डिस्चार्ज करने को कहा। चिकित्सक ने जितेंद्र को डिस्चार्ज करने से इंकार करते हुए कहाकि अभी चौथा आपरेशन होगा। इसकी जानकारी उसने गांव में अपने परिजनों को दी। अस्पताल आने पर वहां हंगामा खड़ा हो गया।
गंगासिंह ने बताया कि बेटे के इलाज के लिए उसने डेढ़ बीघा जमीन तीन लाख रुपये में गिरवी रखी है। इसके बाद भी उसकी हालत में कोई सुधार नहीं है। बाद में दोनों पक्षों में बातचीत के बाद चिकित्सक ने जितेंद्र को मुरादाबाद रेफर कर दिया। हालांकि परिजनों ने उसे शहर के दूसरे हास्पिटल में भर्ती कराया है।
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थाना बहजोई के ग्राम मुल्हेटा निवासी गंगा सिंह के पुत्र जितेंद्र की छह माह पूर्व तबियत खराब हुई थी। तबियत खराब होने पर जितेंद्र को कैथल गेट स्थित निजी अस्पताल लाए। जहां चिकित्सक ने परीक्षण के बाद अपेंडिक्स में दिक्कत होने की बात कहते हुए आपरेशन को कहा। गंगा सिंह ने बताया कि अपेंडिक्स का आपरेशन भी करा लिया। लेकिन दो माह पूर्व जितेंद्र की हालत दोबारा खराब हुई तो वह उसे दोबारा अस्पताल ले आए।
चिकित्सक ने उसका तीसरी बार आपरेशन कर दिया। जितेंद्र के लगातार दो माह से अस्पताल में भर्ती होने के बाद उसकी हालत में कोई सुधार नहीं दिखा तो पिता गंगा सिंह ने चिकित्सक से बाहर उपचार कराने के लिए डिस्चार्ज करने को कहा। चिकित्सक ने जितेंद्र को डिस्चार्ज करने से इंकार करते हुए कहाकि अभी चौथा आपरेशन होगा। इसकी जानकारी उसने गांव में अपने परिजनों को दी। अस्पताल आने पर वहां हंगामा खड़ा हो गया।
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गंगासिंह ने बताया कि बेटे के इलाज के लिए उसने डेढ़ बीघा जमीन तीन लाख रुपये में गिरवी रखी है। इसके बाद भी उसकी हालत में कोई सुधार नहीं है। बाद में दोनों पक्षों में बातचीत के बाद चिकित्सक ने जितेंद्र को मुरादाबाद रेफर कर दिया। हालांकि परिजनों ने उसे शहर के दूसरे हास्पिटल में भर्ती कराया है।
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