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किसानों की नहीं, उद्योगपतियों की हैं सरकारें : चौधरी राकेश टिकैत
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बहजोई/चंदौसी (संभल)। भाकियू टिकैत के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि देश, प्रदेश में किसानों की नहीं उद्योगपतियों की सरकारें हैं। सरकार किसानों की जमीन छीनने का काम रही हैं तथा निजीकरण का दायरा बढ़ता जा रहा है। किसानों की समस्याएं बड़ी हैं। किसान आगामी चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार रहें।
बहजोई के बड़ा मैदान में हुई महापंचायत में राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत के निशाने पर केंद्र व प्रदेश सरकारें रहीं। उन्होंने कहा कि ये लोग (सरकार) पूजा पाठ वाले नहीं हैं, बल्कि बलि प्रथा वाले हैं। बात-बात पर झूठ बोलते हैं। देश के कानून, संविधान को नहीं मानते हैं। कोर्ट कचहरी, इलेक्शन कमीशन को नहीं मानते हैं। उन्होंने कहा कि बिहार में मंडी सिस्टम को खत्म कर दिया गया। वहां का किसान परेशान हैं। तीन काले में मंडी सेक्टर भी शामिल था। यहां आंदोलन करके हमने उसे बचाएं रखा हैं। वरना यहां के किसानों की भी वही हालत हो जाती। लखनऊ में एयरपोर्ट बनाने के नाम पर कई गांवों के किसानों की जमीन छीन ली। किसानों को कोई मुआवजा नहीं दिया गया। सरकार ने 1942 का हवाला देते बिना दस्तावेज के जमीन ले ली है। कोर्ट में मुकदमे चलेंगे, तो फैसला किसानों के खिलाफ ही आएगा। किसान हित में अभी तक स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट भी लागू नहीं हो पाई है। पराली के मुद्दे पर बोलते हुए चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि दिल्ली में हुए आंदोलन में किसानों को पराली जलाने पर सहमति बनी थी। पर अब यहां पराली जलाने पर किसानों पर मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं। सरकार अपने किसी भी वादे पर खरी नहीं उतर रही है। किसानों के साथ धोखा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसानों की समस्याएं लगातार बढ़ रही है। देश में एक बड़े आंदोलन की फिर से जरूरत पड़ेगी। इसके लिए किसानों को पूरी तरह से तैयार रहना है। महापंचायत को राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत के अलावा मुख्य राष्ट्रीय महासचिव राजवीर सिंह जादौन, प्रदेश प्रमुख महासचिव विजेंद्र सिंह यादव, चौधरी ऋषिपाल सिंह, चौधरी चरणसिंह, आनन्द सिंह, दानवीर सिंह, रणवीर सिंह यादव, राजकुमार बागपत, महिला बिंग अध्यक्ष बब्ली सिंह, गायत्री देवी यादव, मनोज चौधरी, संजीव सिंह, फिरोज नवी, वीरेंद्र सिंह, जीतेन्द्र सिंह जीतू विश्नोई, समरपाल सिंह, सत्यवीर सिंह मान, नरेन्द्र सिंह बिट्टू, घनेन्द्र शर्मा, हरदीप विश्नोई, दिनेश कुमार यादव, संजीव यादव, अमरसिंह राजपूत, मुकेश यादव, दुर्गपाल कुशवाह, अमित काजला चौधरी, शिशुपाल सिंह, गजेंद्र सिंह यादव, रामाशंकर शंखधार, जबरसिंह यादव, राजपाल, देशराज सिंह यादव, फिरोज नवी, मोहम्मद हाशिम, सत्यवीर सिंह, कल्याण सिंह, चंद्रपाल सिंह, कृष्णा यादव, नेत्रपाल सिंह ने संबोधित किया। अध्यक्षता डॉ. नौसिंह ने व संचालन वीरेश यादव ने किया।
सरकारी विभागों की बेचने का प्लान तैयार कर रही सरकार
राष्ट्रीय वक्ता चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि रेलवे, टेलीफोन, पीडब्ल्यूडी की जमीन बेचने का सरकार के पास प्लान तैयार है। उद्योगपतियों के फायदे के लिए सरकार काम कर रही है। उन्होंने अग्निवीर पर बोलते हुए कहा कि अग्निवीर की चार साल की नौकरी के बाद पिता नौकरी पर होगा तथा बेटा रिटायर होकर घर आ जाएगा। ऐसे में नौकरी से रिटायर होने वालों में स्वयं ही बगावत के सुर जरूर निकलेंगे। महंगाई का बुरा हाल है।
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बहजोई के बड़ा मैदान में हुई महापंचायत में राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत के निशाने पर केंद्र व प्रदेश सरकारें रहीं। उन्होंने कहा कि ये लोग (सरकार) पूजा पाठ वाले नहीं हैं, बल्कि बलि प्रथा वाले हैं। बात-बात पर झूठ बोलते हैं। देश के कानून, संविधान को नहीं मानते हैं। कोर्ट कचहरी, इलेक्शन कमीशन को नहीं मानते हैं। उन्होंने कहा कि बिहार में मंडी सिस्टम को खत्म कर दिया गया। वहां का किसान परेशान हैं। तीन काले में मंडी सेक्टर भी शामिल था। यहां आंदोलन करके हमने उसे बचाएं रखा हैं। वरना यहां के किसानों की भी वही हालत हो जाती। लखनऊ में एयरपोर्ट बनाने के नाम पर कई गांवों के किसानों की जमीन छीन ली। किसानों को कोई मुआवजा नहीं दिया गया। सरकार ने 1942 का हवाला देते बिना दस्तावेज के जमीन ले ली है। कोर्ट में मुकदमे चलेंगे, तो फैसला किसानों के खिलाफ ही आएगा। किसान हित में अभी तक स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट भी लागू नहीं हो पाई है। पराली के मुद्दे पर बोलते हुए चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि दिल्ली में हुए आंदोलन में किसानों को पराली जलाने पर सहमति बनी थी। पर अब यहां पराली जलाने पर किसानों पर मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं। सरकार अपने किसी भी वादे पर खरी नहीं उतर रही है। किसानों के साथ धोखा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसानों की समस्याएं लगातार बढ़ रही है। देश में एक बड़े आंदोलन की फिर से जरूरत पड़ेगी। इसके लिए किसानों को पूरी तरह से तैयार रहना है। महापंचायत को राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत के अलावा मुख्य राष्ट्रीय महासचिव राजवीर सिंह जादौन, प्रदेश प्रमुख महासचिव विजेंद्र सिंह यादव, चौधरी ऋषिपाल सिंह, चौधरी चरणसिंह, आनन्द सिंह, दानवीर सिंह, रणवीर सिंह यादव, राजकुमार बागपत, महिला बिंग अध्यक्ष बब्ली सिंह, गायत्री देवी यादव, मनोज चौधरी, संजीव सिंह, फिरोज नवी, वीरेंद्र सिंह, जीतेन्द्र सिंह जीतू विश्नोई, समरपाल सिंह, सत्यवीर सिंह मान, नरेन्द्र सिंह बिट्टू, घनेन्द्र शर्मा, हरदीप विश्नोई, दिनेश कुमार यादव, संजीव यादव, अमरसिंह राजपूत, मुकेश यादव, दुर्गपाल कुशवाह, अमित काजला चौधरी, शिशुपाल सिंह, गजेंद्र सिंह यादव, रामाशंकर शंखधार, जबरसिंह यादव, राजपाल, देशराज सिंह यादव, फिरोज नवी, मोहम्मद हाशिम, सत्यवीर सिंह, कल्याण सिंह, चंद्रपाल सिंह, कृष्णा यादव, नेत्रपाल सिंह ने संबोधित किया। अध्यक्षता डॉ. नौसिंह ने व संचालन वीरेश यादव ने किया।
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सरकारी विभागों की बेचने का प्लान तैयार कर रही सरकार
राष्ट्रीय वक्ता चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि रेलवे, टेलीफोन, पीडब्ल्यूडी की जमीन बेचने का सरकार के पास प्लान तैयार है। उद्योगपतियों के फायदे के लिए सरकार काम कर रही है। उन्होंने अग्निवीर पर बोलते हुए कहा कि अग्निवीर की चार साल की नौकरी के बाद पिता नौकरी पर होगा तथा बेटा रिटायर होकर घर आ जाएगा। ऐसे में नौकरी से रिटायर होने वालों में स्वयं ही बगावत के सुर जरूर निकलेंगे। महंगाई का बुरा हाल है।
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