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Sambhal News: जिला अस्पताल में चुनिंदा लोगों की कराई जा रही डेंगू-मलेरिया की जांच
Thu, 20 Nov 2025 01:43 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
Updated Thu, 20 Nov 2025 01:43 AM IST
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संभल जिला अस्पताल में लगी मरीजों की लाइन। संवाद
- फोटो : credit
संभल। जिले में अब तक डेंगू के 17 और मलेरिया के 246 मामले सामने आ चुके हैं। रोजाना जिला अस्पताल में 100 से ज्यादा मरीज बुखार के पहुंच रहे हैं, लेकिन डेंगू और मलेरिया की जांच कुछ ही मरीजों की कराई जा रही है। ज्यादातर मरीजों को साधारण बुखार बताकर टाला जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि अब कोई मामला एक्टिव नहीं है।
लोगों को बुखार आ रहा है तो इलाज के लिए जिला अस्पताल पहुंच रहे हैं। ज्यादातर मरीजों का बिना जांच कराए ही सिर्फ इलाज हो रहा है। डॉ. चमन प्रकाश का कहना है कि इस समय बच्चों और बड़ों को मिलाकर करीब 100 बुखार पीड़ित रोजाना आ रहे हैं। बात जांच की करें तो जिला अस्पताल में 12 नवंबर को मलेरिया की 4 और डेंगू की सिर्फ 1 जांच हुई। 13 नवंबर को मलेरिया की 2 जांच हुईं जबकि डेंगू की एक भी जांच नहीं कराई गई।
14 नवंबर को मलेरिया की 10 और डेंगू की 1, 15 नवंबर को मलेरिया की 3 जांच हुईं। किसी भी मरीज की डेंगू की जांच नहीं कराई गई। 17 नवंबर को मलेरिया की 3 जांच हुईं तो डेंगू की एक भी नहीं। 18 नवंबर को मलेरिया की 1 जांच कराने के अलावा डेंगू की जांच नहीं हो सकी।
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19 नवंबर को डेंगू की 3 और मलेरिया की 5 जांच कराई गईं। इस तरह एक सप्ताह में मलेरिया की महज 27 और डेंगू की 5 जांचें हो कराई गईं जबकि किसी की भी रिपोर्ट पॉजीटिव नहीं आई। सवाल यही है कि जब बुखार पीड़ित मरीज अच्छी खासी संख्या में अस्पताल पहुंच रहे हैं तो फिर जांच इतनी कम क्यों कराई जा रही हैं।
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सबसे ज्यादा जुनावई में 89 मलेरिया और बनियाखेड़ा में 5 डेंगू मरीज जा चुके सामने
संभल। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़े के अनुसार जिले में अब तक मलेरिया के 246 मरीज सामने आए थे। इनमें संभल ब्लॉक में 23, बहजोई में 21, रजपुरा में 31, जुनावई में 89, पवांसा में 31, गुन्नौर में 4, असमोली में 5, बनियाखेड़ा में 42 मरीज मिले हैं। जबकि डेंगू के 17 केस सामने आए। ब्लॉक पवांसा में 1, असमोली में 2, बनियाखेड़ा में 5, गुन्नौर में 2, रजपुरा में 4, जुनावई 2, संभल में 1 मरीज मिल चुका है। स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि वर्तमान में मलेरिया या डेंगू का एक भी एक्टिव केस नहीं है।
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जिला अस्पताल में हुई 682 मरीजों की ओपीडी
संभल। बुधवार को जिला अस्पताल में सुबह से ही मरीजों की भीड़ रही। ओपीडी में पंजीकरण कक्ष, डॉक्टरों के कक्ष, जांच केंद्र और दवा वितरण केंद्र पर मरीजों का जमावड़ा रहा। अस्पताल में 682 मरीजों की ओपीडी हुई।
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वर्जन-
.जिले में डेंगू के 17 और मलेरिया के 246 केस सामने आए थे। वर्तमान में कोई भी केस एक्टिव नहीं है। फिर भी एहतियातन मरीजों की डेंगू एवं मलेरिया की जांच कराई जा रही है। उसमें कोई भी पॉजीटिव सामने नहीं आ रहा है। डॉ.मनोज चौधरी, जिला सर्विलांस अधिकारी संभल
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वर्जन-
.किसी भी डॉक्टर को संबंधित मरीज की जांच कराने से मना नहीं किया है। डॉक्टरों के लिखने पर ही मरीजों की डेंगू व मलेरिया की जांच कराई जाती है। इस समय सर्दी का माहौल है तो ऐसे मलेरिया और डेंगू कम हो जाता है। नॉर्मल बुखार रहता है। डॉ.राजेंद्र सैनी, कार्यवाहक सीएमएस जिला अस्पताल संभल
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लोगों को बुखार आ रहा है तो इलाज के लिए जिला अस्पताल पहुंच रहे हैं। ज्यादातर मरीजों का बिना जांच कराए ही सिर्फ इलाज हो रहा है। डॉ. चमन प्रकाश का कहना है कि इस समय बच्चों और बड़ों को मिलाकर करीब 100 बुखार पीड़ित रोजाना आ रहे हैं। बात जांच की करें तो जिला अस्पताल में 12 नवंबर को मलेरिया की 4 और डेंगू की सिर्फ 1 जांच हुई। 13 नवंबर को मलेरिया की 2 जांच हुईं जबकि डेंगू की एक भी जांच नहीं कराई गई।
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14 नवंबर को मलेरिया की 10 और डेंगू की 1, 15 नवंबर को मलेरिया की 3 जांच हुईं। किसी भी मरीज की डेंगू की जांच नहीं कराई गई। 17 नवंबर को मलेरिया की 3 जांच हुईं तो डेंगू की एक भी नहीं। 18 नवंबर को मलेरिया की 1 जांच कराने के अलावा डेंगू की जांच नहीं हो सकी।
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19 नवंबर को डेंगू की 3 और मलेरिया की 5 जांच कराई गईं। इस तरह एक सप्ताह में मलेरिया की महज 27 और डेंगू की 5 जांचें हो कराई गईं जबकि किसी की भी रिपोर्ट पॉजीटिव नहीं आई। सवाल यही है कि जब बुखार पीड़ित मरीज अच्छी खासी संख्या में अस्पताल पहुंच रहे हैं तो फिर जांच इतनी कम क्यों कराई जा रही हैं।
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सबसे ज्यादा जुनावई में 89 मलेरिया और बनियाखेड़ा में 5 डेंगू मरीज जा चुके सामने
संभल। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़े के अनुसार जिले में अब तक मलेरिया के 246 मरीज सामने आए थे। इनमें संभल ब्लॉक में 23, बहजोई में 21, रजपुरा में 31, जुनावई में 89, पवांसा में 31, गुन्नौर में 4, असमोली में 5, बनियाखेड़ा में 42 मरीज मिले हैं। जबकि डेंगू के 17 केस सामने आए। ब्लॉक पवांसा में 1, असमोली में 2, बनियाखेड़ा में 5, गुन्नौर में 2, रजपुरा में 4, जुनावई 2, संभल में 1 मरीज मिल चुका है। स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि वर्तमान में मलेरिया या डेंगू का एक भी एक्टिव केस नहीं है।
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जिला अस्पताल में हुई 682 मरीजों की ओपीडी
संभल। बुधवार को जिला अस्पताल में सुबह से ही मरीजों की भीड़ रही। ओपीडी में पंजीकरण कक्ष, डॉक्टरों के कक्ष, जांच केंद्र और दवा वितरण केंद्र पर मरीजों का जमावड़ा रहा। अस्पताल में 682 मरीजों की ओपीडी हुई।
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.जिले में डेंगू के 17 और मलेरिया के 246 केस सामने आए थे। वर्तमान में कोई भी केस एक्टिव नहीं है। फिर भी एहतियातन मरीजों की डेंगू एवं मलेरिया की जांच कराई जा रही है। उसमें कोई भी पॉजीटिव सामने नहीं आ रहा है। डॉ.मनोज चौधरी, जिला सर्विलांस अधिकारी संभल
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वर्जन-
.किसी भी डॉक्टर को संबंधित मरीज की जांच कराने से मना नहीं किया है। डॉक्टरों के लिखने पर ही मरीजों की डेंगू व मलेरिया की जांच कराई जाती है। इस समय सर्दी का माहौल है तो ऐसे मलेरिया और डेंगू कम हो जाता है। नॉर्मल बुखार रहता है। डॉ.राजेंद्र सैनी, कार्यवाहक सीएमएस जिला अस्पताल संभल