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Sambhal News: फसलों की खरीद लागत से डेढ़ गुना दर पर किए जाने की उठाई मांग
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संभल। ऑल इंडिया किसान खेत मजदूर संगठन के कार्यकर्ताओं ने नई तहसील कार्यालय पर किसानों और मजदूरों की समस्याओं को लेकर प्रदर्शन किया। राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा। जिसमें फसलों की खरीद लागत से डेढ़ गुना दर पर सुनिश्चित किए जाने सहित कई मांगें उठाईं।
ऑल इंडिया किसान खेत मजदूर संगठन के कार्यकर्ताओं ने संयुक्त किसान मोर्चा के द्वारा घोषित अखिल भारतीय प्रतिरोध दिवस के मौके पर किसानों और मजदूरों की समस्याएं उठाईं। प्रदर्शन करते हुए कहा कि खेदजनक है कि दिल्ली किसान आंदोलन की समाप्ति के समय सरकार के द्वारा किसानों से किए गए वादे आज तक पूरे नहीं किए गए हैं। ऐसी नीतियां, कानून और योजनाएं लागू की जा रही हैं जो खेती और किसानों के विपरीत हैं।
श्रमिकों को वर्षों के संघर्ष के बाद प्राप्त श्रम अधिकारों को समाप्त कर उनकी जगह चार श्रमिक संहिताएं लागू की गई हैं। तहसीलदार धीरेंद्र कुमार सिंह को दिए ज्ञापन में फसलों की खरीद लागत से डेढ़ गुना दर पर सुनिश्चित किए जाने, विद्युत विधेयक 2025 को तत्काल वापस लेने, बीज विधेयक 2025 को वापस लेने, विकसित भारत गारंटीड ग्रामीण रोजगार एवं आजीविका मिशन कानून को निरस्त करने, श्रमिक वर्ग विरोधी चारों श्रम संहिताओं को निरस्त करने, किसान एवं खेत मजदूरों के लिए वर्ष में एक बार संपूर्ण स्वास्थ्य परीक्षण एवं उपचार निशुल्क उपलब्ध कराने आदि की मांग उठाई। इस दौरान चौधरी भगवान सिंह, विजय सिंह, निर्भय शर्मा, तेजपाल, कैलाश सिंह आदि रहे।
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ऑल इंडिया किसान खेत मजदूर संगठन के कार्यकर्ताओं ने संयुक्त किसान मोर्चा के द्वारा घोषित अखिल भारतीय प्रतिरोध दिवस के मौके पर किसानों और मजदूरों की समस्याएं उठाईं। प्रदर्शन करते हुए कहा कि खेदजनक है कि दिल्ली किसान आंदोलन की समाप्ति के समय सरकार के द्वारा किसानों से किए गए वादे आज तक पूरे नहीं किए गए हैं। ऐसी नीतियां, कानून और योजनाएं लागू की जा रही हैं जो खेती और किसानों के विपरीत हैं।
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श्रमिकों को वर्षों के संघर्ष के बाद प्राप्त श्रम अधिकारों को समाप्त कर उनकी जगह चार श्रमिक संहिताएं लागू की गई हैं। तहसीलदार धीरेंद्र कुमार सिंह को दिए ज्ञापन में फसलों की खरीद लागत से डेढ़ गुना दर पर सुनिश्चित किए जाने, विद्युत विधेयक 2025 को तत्काल वापस लेने, बीज विधेयक 2025 को वापस लेने, विकसित भारत गारंटीड ग्रामीण रोजगार एवं आजीविका मिशन कानून को निरस्त करने, श्रमिक वर्ग विरोधी चारों श्रम संहिताओं को निरस्त करने, किसान एवं खेत मजदूरों के लिए वर्ष में एक बार संपूर्ण स्वास्थ्य परीक्षण एवं उपचार निशुल्क उपलब्ध कराने आदि की मांग उठाई। इस दौरान चौधरी भगवान सिंह, विजय सिंह, निर्भय शर्मा, तेजपाल, कैलाश सिंह आदि रहे।
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