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पैगंबर की बेहुरमती पर भड़का आक्रोश

Sat, 12 Dec 2015 12:49 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला संभल
ब्यूरो/अमर उजाला संभल Updated Sat, 12 Dec 2015 12:49 AM IST
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protest
हजरत मोहम्मद साहब की शान में गुस्ताखी करने के आरोपी कमलेश तिवारी के खिलाफ जुमे की नमाज के बाद ऐतिहासिक विरोध प्रदर्शन हुआ। मुस्लिम समाज के हजारों लोग सड़कों पर उतर आए। कई घंटे तक विरोध में नारेबाजी हुई। पूरा बाजार बंद हो गया। जिला प्रशासन के साथ पूरे जिले की पुलिस संभल में लगी रही।
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एहतियाती तौर पर पीएसी, आरएएफ और आइटीबीपी को भी लगाया गया। मुख्य जुलूस की शुरूआत जुमे की नमाज के बाद जामा मस्जिद से हुई। कड़ी चौकसी के बीच दोपहर 2.30 जुलूस नगर पालिका परिसर में पहुंचा। जहां पर सभा हुई। सभा से पहले ही पूरा मैदान खचाखच भर गया था।
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फिर भी लोग आते जा रहे थे और भीड़ बढ़ती जा रही थी। हजारों लोग छतों पर थे। हजारों लोगों की भीड़ के बीच धक्का-मुक्की भरे माहौल में शाम 3.30 बजे के करीब जिलाधिकारी एनकेएस चौहान ने ज्ञापन स्वीकार किया किया। विरोध प्रदर्शन के दौरान हर तरफ कमलेश तिवारी को फांसी दो-फांसी दो का नारा लग रहा था।
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गली मोहल्लों से भी विरोध प्रदर्शन में जुलूस निकाले गए। सभी जुलूस शहर के विभिन्न हिस्सों से होते हुए नगर पालिका मैदान में पहुंचे। इस दौरान 100 से अधिक पुतले फूंके गए। कई पुतले कोतवाली के सामने फूंके गए। कोतवाली के सामने जमकर नारेबाजी हुई। कमलेश तिवारी के पुतलों को लाठी-डंडों और जूते चप्पलों से पीटकर आग के हवाले किया गया।


विरोध प्रदर्शन में युवा वर्ग की सबसे ज्यादा भागीदारी रही। मुख्य जुलूस एक किलोमीटर से ज्यादा लंबा था। एक हिस्सा जामा मस्जिद में था और दूसरा हिस्सा नगर पालिका में था। चंदौसी चौराहे से लेकर सैफ खां सराय तक भीड़ ही भीड़ नजर आ रही थी। सरायतरीन से भी हजारों लोग नगर पालिका परिसर पहुंचे।


तंजीम उलमा-ए-एहलेसुन्नत के तत्वावधान में मुख्य जुलूस निकाला गया। जो जामा मस्जिद से शुरू होकर कोतवाली, चमनसराय, अस्पताल चौराहा, शंकर चौराहा होते हुए नगर पालिका मैदान में पहुंचा। इसमें मुस्लिम संगठनों और व्यापारिक संगठनों का सहयोग रहा। इसी लिए ऐतिहासिक बंदी रही। स्कूल-कालेज भी नहीं खुले।



जो स्कूल खुले थे वे बाद में बंद हो गए थे। ज्ञापन देने वालों में मौलाना सुलेमान अशरफ हामिदी, मौलाना नफीस अख्तर, मुफ्ती कारी अलाउद्दीन समेत कई उलमाओं और पूर्व सांसद डा. शफीकुर्ररहमान बर्क ने तकरीर की। संचालन कारी इरफान लतीफी ने किया। इस मौके पर हाजी आजम कुरैशी, सईद अख्तर इस्रायली, नेता कामिल, सुहेल इकबाल, चौधरी अशरफ, हाजी शफीक सैफी, शाहनवाज संभली, इनाम-उर-रहमान खां, राशिद, कारी  रय्यान अशरफ ने शिरकत की।
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