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चाइनीज उत्पादों का विरोध, प्रदर्शन
ब्यूरो/अमर उजाला, संभल
Updated Wed, 26 Oct 2016 12:42 AM IST
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दिवाली के उपलक्ष्य में बाजार में खरीदारी तेज हो गई है। विभिन्न उत्पादों का आकर्षण ग्राहकों को अपनी ओर लुुभा रहा है। बाजार में खरीदारी में तेजी आने के चलते देशी विदेशी उत्पादों की भरमार है। सीता रोड स्थित गणेश मंदिर के नजदीक छात्रों ने चाइनीज उत्पादों के बहिष्कार का आह्वान किया। नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। छात्रों का कहना है कि चीन हमारा दुश्मन है। चीनी उत्पादों की खरीद से दुश्मन देश को आर्थिक मजबूती प्रदान न करें। चीन की मजबूती हमारे लिए नुकसानदायक है। अनुज दीप, शिवम पाठक, अभिषेक पाठक, नवांश पाराशरी, निशांत कुमार, विवेक यादव, कौशल शाक्य, केशव पाराशरी, अन्नू पंडित, रजत पाराशर मौजूद रहे।
सुरक्षा कारणों से जिले में चाइनीज आतिशबाजी की बिक्री पर रोक
चंदौसी। जिले में विभिन्न संगठनों की ओर से चीन की आतिशबाजी व अन्य सामान की बिक्री का विरोध किया जा रहा है। इसे देखते हुए जिलाधिकारी भूपेंद्र एस.चौधरी ने संभल जिले में चाइना की आतिशबाजी पर रोक लगा दी है। इसके साथ ही दीवाली पर आतिशबाजी विक्रय के लिए जिलाधिकारी कार्यालय के शस्त्र अनुभाग द्वारा 27 से 30 अक्तूबर के बीच अस्थाई लाइसेंस जारी किए जाएंगे। जिलाधिकारी भूपेंद्र एस.चौधरी ने बताया कि जिले में सुरक्षा कारणों से चीन की आतिशबाजी के विक्रय पर रोक लगाई गई है।
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ताकि कहीं कोई विवाद की स्थिति उत्पन्न न हो सके। दिवाली पर आतिशबाजी बेचने के लिए शस्त्र अनुभाग से अस्थाई लाइसेंस 27 से 30 अक्तूबर तक जारी किए जाएंगे। गली मुहल्लों व आबादी वाले क्षेत्रों में आतिशबाजी बेचने की इजाजत नहीं दी जाएगी। यदि किसी व्यक्ति व दुकानदार ने बिना अनुमति के अतिशबाजी बिक्री की जाती है, तो उस व्यक्ति के कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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बबराला में मुख्य बाजार में बिक रहे पटाखे
बबराला। कस्बा के मुख्य बाजार में पटाखों की बिक्री से पुलिस व प्रशासन बेखबर है। दुकानों के सामने चारपाई पर सजी पटाखों की दुकानें नियमों का उल्लंघन करती दिख रही हैं। इनसे कभी कोई बड़ा हादसा हो सकता है। दिवाली के मौके पर होने वाली पटाखों की बिक्री को लेकर प्रशासन ने उनकी बिक्री मुख्य बाजार, कस्बा, मोहल्ला और बीच आबादी में नहीं करने के आदेश दिए हैं। लेकिन बबराला की मुख्य बाजार में खुलेआम इनकी बिक्री की जा रही है। इससे लोगों में हादसे की आशंका बनी हुई है।
एसडीएम प्रतिपाल सिंह चौहान ने बताया कि कस्बा में पटाखों की दुकान भीड़-भाड़ वाले इलाके में नहीं लगाई जाएंगी। इसके लिए पुलिस व प्रशासन की ओर से छापेमारी कर नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। केवल लाइसेंस वाले ही पटाखों की बिक्री कर पाएंगे।
अबकी बार भारतीय पटाखों से मनेगी दिवाली
पटाखा बाजार पर चीन के विरोध का खास असर है। चीन निर्मित पटाखों की बिक्री न होने का अंदेशा स्थानीय दुकानदारों को पहले था और शायद यही वजह रही कि वे अबकी बार चीनी पटाखे नाम मात्र के लिए ही लाए। अबकी बार संभल में भारतीय पटाखों से दिवाली मनाई जाएगी।
दिवाली पर नए ब्रांड के पटाखे बच्चों व युवाओं को अपनी ओर आकर्षित कर रहे हैं। इस वर्ष बाजार में बच्चों के लिए सांप, सीढ़ी, जमीन तोड़, रॉकेट, फुलझड़ी आदि आतिशबाजी आई है। युवाओं के लिए 120 स्टार के नाम से इस बार दिवाली पर पटाखों की नई रेंज है। इन्हें युवा बहुत पसंद कर रहे हैं। इसके अलावा ब्रांड- 5000 खूब बिक रहा है। सतरंगी अनार भी लोगों को अपनी ओर आकर्षित कर रहे हैं। बाजार में चीन निर्मित सिलेंडर बम, गेंद बम, पपीता बम देखने को मिल रहे हैं। चीनी पटाखों के बाजार में नहीं आने से स्पष्ट है कि संभल शहर में बनने वाले सतरंगी अनार व भारतीय पटाखों से ही दीपावली पर्व पर आतिशबजी की जाएगी।
आतिशबाजी के दाम बीस प्रतिशत बढ़े ः बाजार में आई पटाखों की नई रेंज आ गई है। पिछले वर्ष की तुलना में आतिशवाजी की कीमतों में बीस प्रतिशत की बढ़ोत्तरी हुई है। दुकानदारों ने बताया कि 12 स्टार का पटाखा- 120-170 रुपये तक, 25 स्टार पटाखा- 200-240 रुपये तक, 30 स्टार पटाखा- 300-350 रुपये तक है। जबकि 60 स्टार पटाखा- 600-650 रुपये तथा 120 स्टार का पटाखा 1000-1250 रुपये में बिक रहा है।