फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   Wind of Saharanpur, reaching a dangerous level

खतरनाक स्तर पर पहुंची सहारनपुर की हवा

Sat, 11 Nov 2017 12:27 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर Updated Sat, 11 Nov 2017 12:27 AM IST
विज्ञापन
Wind of Saharanpur, reaching a dangerous level
सहारनपुर में छाई धुंध। - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
सहारनपुर में वायु प्रदूषण और स्मॉग का कहर एनसीआर के साथ ही अब सहारनपुर मंडल तक पहुंच गया है। यूपी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की जांच में एनसीआर में शामिल सहारनपुर मंडल के मुजफ्फरनगर जिले की हवा में एक्यूआई (एयर क्वालिटी इंडेक्स) का स्तर 300 से 400 तक पाया है,
विज्ञापन


जबकि हाईवे पर इसकी मात्रा एकदम दोगुनी यानी 800 है, जिसे बेहद खतरनाक कहा जा सकता है। विभागीय अफसरों का यह भी कहना है सहारनपुर में भी बिलकुल मुजफ्फरनगर जैसी ही स्थिति है।
विज्ञापन


एनसीआर की हवा में प्रदूषण बढ़ने के दिन से यूपी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी अपनी पूरी टीम के साथ मुजफ्फरनगर में डेरा डाले हुए हैं। मुजफ्फरनगर की हवा में घुले प्रदूषण के जहर के आंकड़े चौंकाने वाले आ रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


मुजफ्फरनगर में वायु प्रदूषण पर नजर रख रहे प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड में शामिल अधिकारी ने बताया कि मुजफ्फरनगर शहर की हवा में पिछले तीन से चार दिन से एक्यूआई का स्तर 300 से 400 तक दर्ज किया गया है, जो कि सामान्य दिनों में सौ या विशेष परिस्थितियों में अधिकतम 150 तक रहता है।

ऐसे में 400 तक पहुंचना हवा की खतरनाक स्थिति को दर्शाता है। इतना ही नहीं, मुजफ्फरनगर से गुजरने वाले हाईवे की हालत इससे भी खराब है, जहां एक्यूआई का स्तर डबल यानी 800 तक दर्ज किया गया है।

चूंकि सहारनपुर एनसीआर में नहीं है। ऐसे में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड यहां नजर नहीं रख रहा है। मगर बोर्ड के अधिकारियों का दावा है कि सहारनपुर में वायु प्रदूषण की हालत भी मुजफ्फरनगर जैसी है, क्योंकि दोनों शहरों में विजिबिलिटी लगभग एक जैसी है। हालांकि उन्होंने सहारनपुर में शुक्रवार का दिन थोड़ा साफ रहा, जिसे लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारी अच्छा संकेत मान रहे हैं।

नदियों का पानी भी हुआ जहरीला
सहारनपुर से होकर गुजरने वाली हिंडन नदी दिल्ली में यमुना में जाकर समाती है। हिंडन की हालत किसी से छिपी नहीं है। इसका पानी पूरी तरह जहर बन चुका है, जिसके लिए तमाम इंडस्ट्रीज से निकलने वाला केमिकलयुक्त पानी का इसमें सीधे बिना ट्रीटमेंट के छोड़ा जाना है।


हिंडन से सटे करीब 20 गांवों का भूजल खराब हो चुका है। हैंडपंप भी अब पीला पानी उगल रहे हैं, जिसे पीकर लोग जान गवां रहे हैं। तमाम स्तर से आवाज उठने के बाद अब शासन और प्रशासन इसे लेकर अलर्ट हुए हैं। मेरठ के कमिश्नर की पहल पर इसको साफ बनाने के लिए कदम उठाने की शुरूआत की गई है। 
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed