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पुल की जगह बना है रपटा, वह भी पड़ा दस साल से खस्ताहाल

Fri, 04 Mar 2022 11:50 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 04 Mar 2022 11:50 PM IST
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The report is in bad shape for ten years.
नदी का क्षतिग्रस्त रपटा - फोटो : SAHARANPUR
बेहट/शाकंभरी (सहारनपुर)। तीन राज्यों की सीमा पर स्थित महत्वपूर्ण जल विद्युत परियोजना खारा को दिल्ली-यमनोत्री हाईवे से जोड़ने वाले सड़क मार्ग पर बादशाहीबाग के पास बरसाती नदी में क्षतिग्रस्त रपटे का निर्माण दस वर्ष का लंबा समय बीत जाने के बाद भी नहीं हो सका है। इस सड़क मार्ग की हालत भी खस्ताहाल है। ग्रामीणों ने इस रपटे की जगह पुल निर्माण की मांग की है।
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शिवालिक जंगल से सटे इस महत्वपूर्ण सड़क मार्ग पर खारा जल विद्युत परियोजना की आवासीय कॉलोनी, गोदाम, मगनपुरा, जानीपुर, रहणा, फैजाबाद आदि गांव पड़ते हैं। बरसात के दिनों में तो यहां के लोगों का आवागमन बाधित होता ही है, आम दिनों में भी लोगों को नदी में उबड़ खाबड़ रास्ते से आवाजाही में दिक्कतें होती हैं। इसके अलावा इस सड़क मार्ग पर खारा जलविद्युत की कॉलोनी व गोदाम भी है। यहां से सामान लाने-जाने में परियोजना के अधिकारियों व कर्मचारियों को भी परेशानी उठानी पड़ती है। खनन जोन होने की वजह से यहां खनिज से संबंधित व्यापार प्रभावित हो रहा है। खनन पट्टों के अलावा इस मार्ग पर नदी के पार बड़ी संख्या में स्टोन क्रशर भी लगे हैं जिनसे खनिज का परिवहन कर पाना मुश्किल हो रहा है। ग्रामीण और क्रशर मालिक नदी काफी समय से रपटे की जगह पुल निर्माण की मांग कर रहे हैं।
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तीन राज्यों की सीमा को जोड़ा है रपटा
जिला पंचायत सदस्य मगनपुरा निवासी ताहिर पहलवान का कहना है, कि खारा जल विद्युत परियोजना सड़क मार्ग तीन राज्यों की सीमा को यूपी से जोड़ता है। इसमें हरियाणा, हिमाचल और उत्तराखंड राज्यों की सीमा शामिल है। इसके बावजूद नदी पर पुल का निर्माण नहीं हो सका, जबकि ग्रामीण काफी समय से पुल निर्माण की मांग करते आ रहे है।
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बरसात के मौसम में हो जाता है आवागमन बंद
फैजाबाद के ग्राम प्रधान मोहम्मद हाजी इनायत का कहना है, कि बरसात के मौसम में इस सड़क मार्ग पर नदी में बाढ़ आने पर आवागमन पूरी तरह बंद हो जाता है। 10 वर्ष पहले बाढ़ में रपटा क्षतिग्रस्त हुआ था, किसी ने आज तक सुध नहीं ली। सांसद हो या विधायक सभी पुल बनवाने का आश्वासन देकर गए, लेकिन हुआ कुछ नहीं।
दस साल में आठ लोग चढ़ चुके बाढ़ की भेंट
रहणा गांव के पूर्व प्रधान जय प्रकाश कश्यप का कहना है, कि इधर बादशाहीबाग में नदी का रास्ता खराब पड़ा है। बैराज की तरफ से जाने वाले रास्ते पर नदी है। बरसात में दोनों तरफ से उनका रास्ता बंद हो जाता है। 10 वर्ष में करीब 8 लोग नदी की बाढ़ में जान गवां चुके है।

व्यापार भी हो रहा है प्रभावित
शफीपुर के लवेश गुप्ता का कहना है, कि तीनों राज्यों को जाने वाले इस सड़क मार्ग पर नदी पर पुल नहीं बनने से ग्रामीणों को तो परेशानी होती ही है, साथ ही क्रशर जोन होने से खनिज के परिवहन में दिक्कतें उठानी पड़ रही है। इससे उनका व्यापार प्रभावित हो रहा है। बरसात में नदी पार करने के दौरान अचानक पानी आने से वाहन भी बह जाते है। कई वाहन चालकों की जान भी गई है।

लवेश गुप्ता

लवेश गुप्ता- फोटो : SAHARANPUR

इनायत चौधरी

इनायत चौधरी- फोटो : SAHARANPUR

ताहिर पहलवान

ताहिर पहलवान- फोटो : SAHARANPUR

जय प्रकाश कश्यप

जय प्रकाश कश्यप- फोटो : SAHARANPUR

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