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टैक्स हो कम, खेती, उद्योग, व्यापार को बढ़ावा दे सरकार
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राधेश्याम नारंग
- फोटो : SAHARANPUR
सहारनपुर। जिले के किसानों, उद्यमियों, व्यापारियों, युवाओं, अधिवक्ताओं से लेकर अन्य वर्ग के लोगों की बजट से बड़ी उम्मीदें हैं। बजट में कौन सा वर्ग क्या चाहता है। यह जानने के लिए शुक्रवार को अमर उजाला
कार्यालय में संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें हर किसी ने बड़ी बेबाकी से अपनी समस्याओं को उठाते हुए बजट के प्रति उम्मीदों को जाहिर किया। अन्य लोगों ने भी अपनी प्रतिक्रियाएं दीं।
ये उठाए गए प्रमुख मुद्दे
- पांच लाख रुपये तक कोई इनकम टैक्स न हो
- किसानों को मुफ्त बिजली पानी मिले
- कृषि यंत्रों को पूरी तरह टैक्स से मुक्त किया जाए
- आनलाइन बिजनेस पर अंकुश लगाया जाए
- जीएसटी की व्यवस्था सरल की जाए
- उद्योगों को बढ़ाने की नीतियां बनाई जाएं
- जीएसटी पोर्टल की दिक्कतें दूर हों
- अफसरों पर निगरानी के लिए कमेटी बने
- महिला सुरक्षा के लिए बजट बढ़ाया जाए
- उच्च शिक्षा के लिए बजट बढ़े, नए संस्थान खोले जाएं
- नौकरीपेशा लोगों पर टैक्स का बोझ कम हो
किसने क्या कहा.....
- बकाया भुगतान का निकाला जाए समाधान
- गन्ना किसानों के बकाया मूल्य भुगतान के लिए सरकार कोई समाधान निकाले। बजट में किसानों की इस समस्या पर भी ध्यान दिया जाए।
-- प्रदीप शर्मा, पूर्व चेयरमैन, गन्ना विकास परिषद
लागत के अनुरूप तय हों फसलों के दाम
- किसानों की फसलों के लिए लागत के अनुरूप दाम तय किए जाएं। सरकार जमीन खरीद के समय उचित मुआवजा देने की व्यवस्था करे।
- अमित राणा, युवा किसान।
किसानों पर भी हो बजट में मेहरबानी
- प्राकृतिक आपदा सहित अन्य समस्याओं को देखते हुए बजट में पर्याप्त राहत की व्यवस्था की जाए।
- अनिल चौधरी, जिला उपाध्यक्ष, भारतीय किसान संघ
कर्ज का बोझ कम किया जाए
- किसानों पर बिजली बिल के अलावा फसलों के कर्ज का काफी बोझ है। बजट में इस बारे में कोई घोषणा जरूर की जाए।
-- नीरज चौधरी, युवा किसान।
कृषि यंत्रों को टैक्स फ्री किया जाए
- कृषि यंत्रों पर टैक्स न लगाया जाए। अनुदान पर कृषि यंत्रों को अधिक से अधिक किसानों तक उपलब्ध कराया जाए।
- मुकेश तोमर, महानगर अध्यक्ष, भाकियू।
दोगुनी आय से पहले बजट में राहत दिलाए
- सरकार कहती है कि किसानों की आय दोगुनी होगी। लेकिन इससे पहले बिजली बिल, कर्ज सहित अन्य समस्याएं देखते हुए बजट में राहत तो दिलाएं।
- अरुण राणा, किसान नेेता
युवा व्यापारियों पर ध्यान दे सरकार
- युवाओं को उद्यमी बनाने के साथ ही सरकार को युवा व्यापारियों को भी आगे बढ़ाना होगा। इसके लिए बजट में ऐसे प्रावधान हों जिससे युवा व्यापार बढ़ा सकें।
--विनीत कर्णवाल, युवा व्यापारी।
उच्च शिक्षा और महिला सुरक्षा का बजट बढ़ाया जाए
- इस समय उच्च शिक्षा और रोजगार के साधन बेहद सीमित हैं। व्यापार क्षेत्र में कर व्यव्यस्था आसान करना जरूरी है।
- सोनिया, छात्रा, जेवी जैन कालेज
जीएसटी पोर्टल की जटिलता कम की जाए
- वैसे तो सरकार ने जीएसटी पोर्टल लागू कर दिया है, लेकिन पोर्टल के ठीक से काम न करने के कारण काफी जूझना पड़ रहा है। इसे ठीक कराया जाए।
-- प्रदीप कुमार जैन, कर अधिवक्ता
सिस्टम आसान हो, कर छूट बढ़ाई जाए
- बजट में नौकरीपेशा से लेकर उद्यमियों और व्यापारियों तक के लिए टैक्स सिस्टम आसान हो और कर छूट का दायरा बढ़ाया जाए।
--गुरमीत सिंह बग्गा, सीए
उच्च शिक्षा, महिला सुरक्षा के लिए मिले बजट
- बेटियों की ओर ध्यान दे रही सरकार उच्च शिक्षा और महिला सुरक्षा के लिए बजट बढ़ाए। उनके लिए उच्चस्तरीय संस्थान बनाए जाएं।
-- अंजलि चौधरी, छात्रा जेवी जैन कॉलेज
आयकर को पूरी तरह खत्म करे
- आयकर व्यवस्था की जगह बैंक ट्रांजेक्शन पर आधारित कर व्यवस्था लागू की जा सकती है। आनलाइन कारोबार पर अंकुश लगाकर छोटे व्यापारियों को अधिक मदद दी जाए।
-- विमल विरमानी, प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष, अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल।
पेट्रोल की कीमतें कंट्रोल की जाएं
- पेट्रोल की कीमतों पर नियंत्रण की व्यवस्था हो। इससे ही महंगाई बढ़ती है।
- सुमित, हौजरी उद्यमी
ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ें
- ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ाने, छोटी इकाइयां स्थापित करने के लिए बजट में व्यवस्था हो।
- विपिन कुमार सिंघल, जिला प्रतिनिधि, सेबी।
उद्योग, व्यापार बढ़ाने की नीति आसान हो
- उद्यमी और व्यापारी ही सबसे अधिक रोजगार की व्यवस्था करते हैं, लेकिन इन्हें टैक्स के बोझ के साथ कई अन्य तकनीकी समस्याओं से जूझना पड़ रहा है। इसलिए बजट में टैक्स का बोझ कम करने के साथ ही उद्योग, व्यापार को आसान बनाने वाली नीति बने और उसे संजीदगी से लागू भी किया जाए।
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-अनुपम गुप्ता, जिला महामंत्री, उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल
नौकरीपेशा वर्ग को अधिक राहत मिले
- बजट पर सबसे अधिक उम्मीदें नौकरीपेशा वर्ग को है। इसलिए आयकर छूट सीमा बढ़ाई जाए और कर का बोझ कम किया जाए।
-- ब्रिजेश पुंडीर, प्रवक्ता भूगोल, एसएएम इंटर कालेज।
अर्थव्यवस्था में सुधार लाना जरूरी
- देश में इस समय जीडीपी की हालत ठीक नहीं है। युवाओं के लिए बेहतर शिक्षण संस्थान और उचित अवसर नहीं हैं। इसलिए इस ओर ध्यान देकर बजट में जरूरी प्रावधान किए जाएं।
-- राजेश यादव, प्रवक्ता, अर्थशास्त्र, एसबीबीए इंटर कालेज
वरिष्ठ नागरिकों पर भी ध्यान दें सरकार
- वरिष्ठ नागरिकों को टैक्स के दायरे में ज्यादा छूट के साथ ही स्वास्थ्य सेवाओं में और राहत दें। अन्य सुविधाओं पर भी ध्यान दिया जाए।
- विरेंद्र बहल, वरिष्ठ नागरिक।
पेंशनधारियों पर टैक्स का बोझ कम हो
- वरिष्ठ नागरिकों का पेंशन मुख्य सहारा होता है। इसलिए उनकी पेंशन पर टैक्स का बोझ नहीं होना चाहिए। ऐसे लोगों के लिए आयकर छूट सीमा बढ़ाई जाए।
-- प्राणनाथ कपूर, पेंशनर।
कर वसूली का एकल सिस्टम लागू हो
- व्यापारियों और उद्यमियों से टैक्स के लिए कई प्रक्रियाओं और तकलीफों से गुजरना पड़ता है। इसलिए कर वसूली का एकल सिस्टम लागू किया जाना चाहिए। आनलाइन व्यापार कर कम छोटे व्यापारियों को राहत दी जाए।
-- राधेश्याम नारंग, प्रांतीय अध्यक्ष, व्यापार मंडल उत्तर प्रदेश
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कार्यालय में संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें हर किसी ने बड़ी बेबाकी से अपनी समस्याओं को उठाते हुए बजट के प्रति उम्मीदों को जाहिर किया। अन्य लोगों ने भी अपनी प्रतिक्रियाएं दीं।
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ये उठाए गए प्रमुख मुद्दे
- पांच लाख रुपये तक कोई इनकम टैक्स न हो
- किसानों को मुफ्त बिजली पानी मिले
- कृषि यंत्रों को पूरी तरह टैक्स से मुक्त किया जाए
- आनलाइन बिजनेस पर अंकुश लगाया जाए
- जीएसटी की व्यवस्था सरल की जाए
- उद्योगों को बढ़ाने की नीतियां बनाई जाएं
- जीएसटी पोर्टल की दिक्कतें दूर हों
- अफसरों पर निगरानी के लिए कमेटी बने
- महिला सुरक्षा के लिए बजट बढ़ाया जाए
- उच्च शिक्षा के लिए बजट बढ़े, नए संस्थान खोले जाएं
- नौकरीपेशा लोगों पर टैक्स का बोझ कम हो
किसने क्या कहा.....
- बकाया भुगतान का निकाला जाए समाधान
- गन्ना किसानों के बकाया मूल्य भुगतान के लिए सरकार कोई समाधान निकाले। बजट में किसानों की इस समस्या पर भी ध्यान दिया जाए।
-- प्रदीप शर्मा, पूर्व चेयरमैन, गन्ना विकास परिषद
लागत के अनुरूप तय हों फसलों के दाम
- किसानों की फसलों के लिए लागत के अनुरूप दाम तय किए जाएं। सरकार जमीन खरीद के समय उचित मुआवजा देने की व्यवस्था करे।
- अमित राणा, युवा किसान।
किसानों पर भी हो बजट में मेहरबानी
- प्राकृतिक आपदा सहित अन्य समस्याओं को देखते हुए बजट में पर्याप्त राहत की व्यवस्था की जाए।
- अनिल चौधरी, जिला उपाध्यक्ष, भारतीय किसान संघ
कर्ज का बोझ कम किया जाए
- किसानों पर बिजली बिल के अलावा फसलों के कर्ज का काफी बोझ है। बजट में इस बारे में कोई घोषणा जरूर की जाए।
-- नीरज चौधरी, युवा किसान।
कृषि यंत्रों को टैक्स फ्री किया जाए
- कृषि यंत्रों पर टैक्स न लगाया जाए। अनुदान पर कृषि यंत्रों को अधिक से अधिक किसानों तक उपलब्ध कराया जाए।
- मुकेश तोमर, महानगर अध्यक्ष, भाकियू।
दोगुनी आय से पहले बजट में राहत दिलाए
- सरकार कहती है कि किसानों की आय दोगुनी होगी। लेकिन इससे पहले बिजली बिल, कर्ज सहित अन्य समस्याएं देखते हुए बजट में राहत तो दिलाएं।
- अरुण राणा, किसान नेेता
युवा व्यापारियों पर ध्यान दे सरकार
- युवाओं को उद्यमी बनाने के साथ ही सरकार को युवा व्यापारियों को भी आगे बढ़ाना होगा। इसके लिए बजट में ऐसे प्रावधान हों जिससे युवा व्यापार बढ़ा सकें।
--विनीत कर्णवाल, युवा व्यापारी।
उच्च शिक्षा और महिला सुरक्षा का बजट बढ़ाया जाए
- इस समय उच्च शिक्षा और रोजगार के साधन बेहद सीमित हैं। व्यापार क्षेत्र में कर व्यव्यस्था आसान करना जरूरी है।
- सोनिया, छात्रा, जेवी जैन कालेज
जीएसटी पोर्टल की जटिलता कम की जाए
- वैसे तो सरकार ने जीएसटी पोर्टल लागू कर दिया है, लेकिन पोर्टल के ठीक से काम न करने के कारण काफी जूझना पड़ रहा है। इसे ठीक कराया जाए।
-- प्रदीप कुमार जैन, कर अधिवक्ता
सिस्टम आसान हो, कर छूट बढ़ाई जाए
- बजट में नौकरीपेशा से लेकर उद्यमियों और व्यापारियों तक के लिए टैक्स सिस्टम आसान हो और कर छूट का दायरा बढ़ाया जाए।
--गुरमीत सिंह बग्गा, सीए
उच्च शिक्षा, महिला सुरक्षा के लिए मिले बजट
- बेटियों की ओर ध्यान दे रही सरकार उच्च शिक्षा और महिला सुरक्षा के लिए बजट बढ़ाए। उनके लिए उच्चस्तरीय संस्थान बनाए जाएं।
-- अंजलि चौधरी, छात्रा जेवी जैन कॉलेज
आयकर को पूरी तरह खत्म करे
- आयकर व्यवस्था की जगह बैंक ट्रांजेक्शन पर आधारित कर व्यवस्था लागू की जा सकती है। आनलाइन कारोबार पर अंकुश लगाकर छोटे व्यापारियों को अधिक मदद दी जाए।
-- विमल विरमानी, प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष, अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल।
पेट्रोल की कीमतें कंट्रोल की जाएं
- पेट्रोल की कीमतों पर नियंत्रण की व्यवस्था हो। इससे ही महंगाई बढ़ती है।
- सुमित, हौजरी उद्यमी
ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ें
- ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ाने, छोटी इकाइयां स्थापित करने के लिए बजट में व्यवस्था हो।
- विपिन कुमार सिंघल, जिला प्रतिनिधि, सेबी।
उद्योग, व्यापार बढ़ाने की नीति आसान हो
- उद्यमी और व्यापारी ही सबसे अधिक रोजगार की व्यवस्था करते हैं, लेकिन इन्हें टैक्स के बोझ के साथ कई अन्य तकनीकी समस्याओं से जूझना पड़ रहा है। इसलिए बजट में टैक्स का बोझ कम करने के साथ ही उद्योग, व्यापार को आसान बनाने वाली नीति बने और उसे संजीदगी से लागू भी किया जाए।
विज्ञापन
-अनुपम गुप्ता, जिला महामंत्री, उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल
नौकरीपेशा वर्ग को अधिक राहत मिले
- बजट पर सबसे अधिक उम्मीदें नौकरीपेशा वर्ग को है। इसलिए आयकर छूट सीमा बढ़ाई जाए और कर का बोझ कम किया जाए।
-- ब्रिजेश पुंडीर, प्रवक्ता भूगोल, एसएएम इंटर कालेज।
अर्थव्यवस्था में सुधार लाना जरूरी
- देश में इस समय जीडीपी की हालत ठीक नहीं है। युवाओं के लिए बेहतर शिक्षण संस्थान और उचित अवसर नहीं हैं। इसलिए इस ओर ध्यान देकर बजट में जरूरी प्रावधान किए जाएं।
-- राजेश यादव, प्रवक्ता, अर्थशास्त्र, एसबीबीए इंटर कालेज
वरिष्ठ नागरिकों पर भी ध्यान दें सरकार
- वरिष्ठ नागरिकों को टैक्स के दायरे में ज्यादा छूट के साथ ही स्वास्थ्य सेवाओं में और राहत दें। अन्य सुविधाओं पर भी ध्यान दिया जाए।
- विरेंद्र बहल, वरिष्ठ नागरिक।
पेंशनधारियों पर टैक्स का बोझ कम हो
- वरिष्ठ नागरिकों का पेंशन मुख्य सहारा होता है। इसलिए उनकी पेंशन पर टैक्स का बोझ नहीं होना चाहिए। ऐसे लोगों के लिए आयकर छूट सीमा बढ़ाई जाए।
-- प्राणनाथ कपूर, पेंशनर।
कर वसूली का एकल सिस्टम लागू हो
- व्यापारियों और उद्यमियों से टैक्स के लिए कई प्रक्रियाओं और तकलीफों से गुजरना पड़ता है। इसलिए कर वसूली का एकल सिस्टम लागू किया जाना चाहिए। आनलाइन व्यापार कर कम छोटे व्यापारियों को राहत दी जाए।
-- राधेश्याम नारंग, प्रांतीय अध्यक्ष, व्यापार मंडल उत्तर प्रदेश

विरेन्द्र बहल- फोटो : SAHARANPUR

अनुपम गुप्ता- फोटो : SAHARANPUR

विमल विरमानी- फोटो : SAHARANPUR

विपिन कुमार- फोटो : SAHARANPUR

मुकेश तोमर- फोटो : SAHARANPUR

राजेश यादव- फोटो : SAHARANPUR

एडवोकेट सरदार गुरमीत सिंह- फोटो : SAHARANPUR

ब्रिजेश पुंडीर- फोटो : SAHARANPUR

प्रदीप शर्मा- फोटो : SAHARANPUR

टैक्स एडवोकेट प्रदीप जैन- फोटो : SAHARANPUR

अंजलि चौधरी- फोटो : SAHARANPUR

प्राणनाथ कपूर- फोटो : SAHARANPUR

सानिया- फोटो : SAHARANPUR

विनीत कर्णवाल- फोटो : SAHARANPUR

सुमित- फोटो : SAHARANPUR

नीरज चौधरी- फोटो : SAHARANPUR

अरूण राणा- फोटो : SAHARANPUR

अनिल चौधरी- फोटो : SAHARANPUR

अमित राणा- फोटो : SAHARANPUR