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Saharanpur News: प्रजाति बदलाव में जुटा गन्ना विभाग, हुआ नई किस्मों का आवंटन

Tue, 03 Oct 2023 12:12 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर Updated Tue, 03 Oct 2023 12:12 AM IST
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Sugarcane department engaged in species change, new varieties allocated
सहारनपुर। अपनी उत्पादकता के लिए विख्यात गन्ने की कोशा -0238 प्रजाति अब रेडरॉट रोग की चपेट में है। इससे परेशान गन्ना विभाग इस प्रजाति को नई प्रजातियों से रिप्लेस करने में जुट गया है। इस किस्म के स्थान पर कई नई और उन्नतशील प्रजातियों की बुवाई कराई जाएगी। मंडल को नई प्रजातियों का 6847 क्विंटल बीज आवंटित हुआ है।
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मंडल में करीब 3.74 लाख हैक्टेयर क्षेत्रफल में गन्ने की खेती हो रही है। इसमें 86 प्रतिशत सिर्फ कोशा-0238 प्रजाति के गन्ने का क्षेत्रफल है। किसानाें और चीनी मिलों दोनों के लिए फायदेमंद गन्ना प्रजाति कोशा-0238 में रेडरॉट, पोक्का बोईग सहित अन्य रोगों का प्रकोप बढने के चलते गन्ना विभाग किसानों को इसका विकल्प उपलब्ध करा रहा है। गन्ना विभाग इस प्रजाति को रिप्लेस करने के लिए किसानों को जागरुक करने के साथ ही नई एवं उन्नतशील प्रजातियों का बीज भी दे रहा है। शरदकालीन गन्ने की बुवाई के लिए मंडल को नई प्रजातियों का 6847 क्विंटल बीज आवंटित हुआ है। जिससे कोशा-238 प्रजाति को नई किस्मों से रिप्लेस किया जा सके।
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इन प्रजातियों की बुवाई पर जोर

गन्ना प्रजाति कोशा- 0238 के स्थान पर गन्ना विभाग को जोर अगेती प्रजातियों की बुवाई पर ही रखेगा। इनमें कोशा- 13235, कोलक-14201, को- 15023, और को 0118 प्रमुख हैं। इसके अलावा सीओ-08272, सीओ- 14233, कोशा- 15233 आदि प्रजातियां शामिल हैं। इसके अलावा एक नई गन्ना प्रजाति कोशा-17231 का बीज भी मंगाया जा रहा है। किसानों को बुवाई के लिए इस बीज की आंख उपलब्ध कराई जाएगी।
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बीज शोधन से मिलेगी राहत

गन्ने के रोग से बचाने के लिए गन्ना विभाग बीज शोधन पर भी जोर दे रहा है। इसके लिए चीनी मिलों में स्थापित एमएचएटी (शुष्क गर्म हवा उपचार) से उपचारित करने का सुझाव दे रहा है। साथ ही बॉबस्टीन से भी गन्ना बीज को उपचार किया जा सकता है। इसके अलावा भूमि शोधन के लिए ट्राइकोडर्मा का प्रयोग करना फायदेमंद रहता है।


गन्ने की कोशा- 0238 प्रजाति में तेजी से रोगों एवं कीटों का प्रकोप तेजी से बढ रहा है। इनमें रेडरॉट, पोक्का बोईंग, टॉपबोरर, अर्ली शूट बोरर आदि शामिल हैं। इसके चलते गन्ना विभाग इस किस्म के स्थान पर नई और उन्नतशील गन्ना प्रजातियां का बीज किसानों को उपलब्ध कराएगा। मंडल को 6847 क्विंटल गन्ना बीज का आवंटन हुअा है। - ओमप्रकाश सिंह, उप गन्ना आयुक्त
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