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दुख सुख में खड़ा होकर समस्या हल कराने वाला हो प्रधान

Fri, 16 Apr 2021 12:01 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 16 Apr 2021 12:01 AM IST
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Standing in sorrow and happiness, one who ends problems will be the head
जयपाल सिंह मीरपुर ठसका - फोटो : SAHARANPUR
सहारनपुर। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में बुजुर्ग मतदाताओं ने गांव की सरकार बनाने के लिए ऐसे प्रत्याशियों को वोट किया जो उनके दुख सुख में हर वक्त खड़ा रह सके। साथ ही गांव के छोटे विवाद आपसी सहमति से सुलझाकर थाने कचहरी के चक्कर के झंझट से निजात दिला सके। बुजुर्गों का कहना था कि सम्मान देने के साथ ही उनकी पेंशन, आवास, शौचालय संबंधी समस्याओं का भी निराकरण करा सके।
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मुजफ्फराबाद ब्लाक के गांव बेहड़ा खुर्द निवासी 75 वर्षीय डॉ. कुशलपाल शर्मा ने बताया कि उन्होंने प्रत्याशी चयन में यह बात ध्यान रखी कि बनने वाला प्रधान गांव में केवल राजनीति ना करें। वह आपसी भाईचारे को कायम रखे। बिना किसी भेदभाव के विकास कार्य करा सके। गांव के छोटे मोटे झगड़ों को बिना थाने कचहरी के चक्कर में पड़े गांव में ही आपसी सहमति के आधार पर निपटा सके। ताकि गांव के सभी वर्गों में अमन चेन बना रहे।
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नागल ब्लाक के गांव मीरपुर मोहनपुर निवासी 70 वर्षीय हुकम सिंह प्रजापति ने बताया कि उन्होंने प्रत्याशी चयन के लिए युवा, नशे से दूर रहने वाले और बड़ी सोच रखने वाले को प्राथमिकता दी है। जो चौबीसों घंटे लोगों को उपलब्ध हो। दुख सुख में उनकी मदद कर सके। बहुत से प्रत्याशी ऐसे होते हैं जो जीतने के बाद शहर में मकान बना कर वहां रहने लगते हैं और कभी कभार ही गांव आते हैं।
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नानौता विकास खंड के गांव बुंदुगढ़ निवासी 73 वर्षीय नर सिंह का कहना है कि वर्तमान में युवा वर्ग में नशे की प्रवृति तेजी से बढ़ी है। इसके चलते गांव में आए दिन लड़ाई झगड़े होते हैं और लोगों में रंजिश बढ़ रही हैं। उन्होंने सात्विक प्रकृति के ऐसे व्यक्ति को वोट किया है तो खुद भी किसी प्रकार का नशा नहीं करता और गांव का प्रधान बनने के बाद गांव को नशा मुक्ति की तरफ ले जा सके। इससे गांव में अमन चेन भी बनेगा।
ब्लाक साढ़ौली कदीम के गांव मीरपुर ठसका निवासी 65 वर्षीय जयपाल सिंह का कहना है कि उन्होंने अपना वोट बुजुर्गों को सम्मान देने वाले प्रत्याशी को किया है। जो असहाय लोगों की वृद्धावस्था और विधवा पेंशन बनवा सके। उनके गांव में इस बार बड़ा मुद्दा गांव का खस्ताहाल मुख्य रास्ता है। कई पूर्व प्रधानों ने इसके नवीनीकरण का आश्वासन चुनाव के वक्त पूर्व में दिया, लेकिन निर्माण आज तक नहीं हो सका है।

बेहट क्षेत्र के गांव समसपुर नौगांवा निवासी 62 वर्षीय निन्ना का कहना है कि ग्राम प्रधान बिना किसी भेदभाव के गांव का विकास कराए और सबके सुख दुख में काम आए। उन्होंने ऐसे प्रत्याशी को वोट किया है, जो गरीब जनता को भी तव्वजो देता हो। ताकि गरीबों को मकान, पेंशन, शौचालय आदि मिल सके।

डा कुशलपाल शर्मा बेहडा खुर्द

डा कुशलपाल शर्मा बेहडा खुर्द- फोटो : SAHARANPUR

हुकम सिंह प्रजापति मीरपुर मोहनपुर

हुकम सिंह प्रजापति मीरपुर मोहनपुर- फोटो : SAHARANPUR

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