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Saharanpur News: किसानों के धैर्य की परीक्षा न लें मिल मालिक और सरकार
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बकाया गन्ना मूल्य भुगतान की मांग को लेकर पिछले 37 दिन से चल रहा है धरना
संवाद न्यूज एजेंसी
साढ़ौली कदीम। शाकंभरी शुगर मिल टोडरपुर गेट पर बकाया गन्ना मूल्य भुगतान की मांग को लेकर पिछले 37 दिन से धरने पर बैठे किसानों ने चेताया कि मिल मालिक व शासन-प्रशासन उनके धैर्य की परीक्षा न लें। उनकी समस्या का समाधान कराए।
किसान चौधरी नारायण सिंह ने कहा कि उनकी इस दुर्दशा के लिए सरकार जिम्मेदार है। मिल पर किसानों का पिछले सत्र का करीब 30.70 करोड़ का बकाया है। इस भुगतान के न होने की वजह से उनके सामने आर्थिक समस्या है। चौधरी आकिल ने कहा कि उन्होंने परेशान होकर आंदोलन का रास्ता अख्तियार किया था। मिल मालिकों और शासन प्रशासन की तरफ से उन्हें मात्र कोरे आश्वासन मिलते आ रहे हैं। जिलाधिकारी की मौजूदगी में पांच दिन पहले हुई बैठक में 30 अक्तूबर को 4.53 करोड़ का भुगतान करने का आश्वासन दिया गया था और बाकी भुगतान के लिए 30 नवंबर की तारीख निर्धारित की गई थी, लेकिन उनके खातों में फूटी कौड़ी नहीं पहुंची। देवी सिंह और हाजी मुकर्रम ने कहा कि मिल मालिक और शासन-प्रशासन उनके धैर्य की परीक्षा न ले। धरने पर चौधरी ताहिर प्रधान, बबलू काम्बोज, बुद्ध सिं, मोनू कुमार, चौधरी हाशिम आदि मौजूद रहे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
साढ़ौली कदीम। शाकंभरी शुगर मिल टोडरपुर गेट पर बकाया गन्ना मूल्य भुगतान की मांग को लेकर पिछले 37 दिन से धरने पर बैठे किसानों ने चेताया कि मिल मालिक व शासन-प्रशासन उनके धैर्य की परीक्षा न लें। उनकी समस्या का समाधान कराए।
किसान चौधरी नारायण सिंह ने कहा कि उनकी इस दुर्दशा के लिए सरकार जिम्मेदार है। मिल पर किसानों का पिछले सत्र का करीब 30.70 करोड़ का बकाया है। इस भुगतान के न होने की वजह से उनके सामने आर्थिक समस्या है। चौधरी आकिल ने कहा कि उन्होंने परेशान होकर आंदोलन का रास्ता अख्तियार किया था। मिल मालिकों और शासन प्रशासन की तरफ से उन्हें मात्र कोरे आश्वासन मिलते आ रहे हैं। जिलाधिकारी की मौजूदगी में पांच दिन पहले हुई बैठक में 30 अक्तूबर को 4.53 करोड़ का भुगतान करने का आश्वासन दिया गया था और बाकी भुगतान के लिए 30 नवंबर की तारीख निर्धारित की गई थी, लेकिन उनके खातों में फूटी कौड़ी नहीं पहुंची। देवी सिंह और हाजी मुकर्रम ने कहा कि मिल मालिक और शासन-प्रशासन उनके धैर्य की परीक्षा न ले। धरने पर चौधरी ताहिर प्रधान, बबलू काम्बोज, बुद्ध सिं, मोनू कुमार, चौधरी हाशिम आदि मौजूद रहे।
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