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वसूली के डर से राशन कार्ड सरेंडर कर रहे अपात्र
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सहारनपुर। अपात्र राशन कार्ड धारकों द्वारा लिए गए खाद्यान्न के बाजार दर से वसूली के निर्देश के बाद जनपद में राशन कार्ड सरेंडर करने वालों में वृद्धि हो रही है। अब तक 2415 राशन कार्ड धारकों ने अपने कार्ड सरेंडर किए हैं। पूर्ति विभाग के अनुसार इन राशन कार्डों के माध्यम से करीब 990 क्विंटल खाद्यान्न प्रति माह लिया जा रहा था।
पूर्ति विभाग उचित दर विक्रेताओं के माध्यम से राशन कार्ड धारकों को खाद्यान्न का वितरण कराता है। इसमें पात्र गृहस्थी राशन कार्ड धारक को प्रति यूनिट तीन किलो गेहूं और दो किलो चावल दिया जाता है। पिछले काफी समय से यह महीने में दो बार एवं निशुल्क वितरित हो रहा है। जनपद में 5.84 लाख राशन कार्ड हैं। इनमें से 54618 राशन कार्ड अंत्योदय और 529380 पात्र गृहस्थी राशन कार्ड हैं, लेकिन अपात्र लोगों के राशन कार्ड भी बने होने के चलते कई पात्र सरकार की इस योजना से महरूम हैं। इसको देखते हुए शासन ने अपात्र राशन कार्ड धारकों पर कार्रवाई का निर्णय लिया है। शासन ने कहा कि अपात्र राशन कार्ड धारकों से उनके द्वारा लिए गए खाद्यान्न की वसूली बाजार भाव से की जाएगी। इसके बाद से अपात्र राशन कार्ड धारकों में हड़कंप की स्थिति है। जिसके चलते अपात्र राशन कार्ड धारकों ने अपने कार्ड सरेंडर करना शुरू कर दिया है।
जनपद में अभी तक 2415 अपात्रों ने राशन कार्ड सरेंडर किए हैं। इन राशन कार्डों को प्रतिमाह करीब 990 क्विंटल खाद्यान्न मिल रहा था। कार्ड सरेंडर करने का सिलसिला जारी है। यदि किसी अपात्र ने राशन कार्ड सरेंडर नहीं किया तो उसके विरुद्ध वसूली की कार्रवाई की जाएगी। --- मनीष कुमार सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी।
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एक नजर में समर्पित राशन कार्ड
तहसील राशन कार्ड
देवबंद 452
नकुड़ 854
सदर 405
रामपुर मनिहारान 408
बेहट 296
नोट: जिला पूर्ति कार्यालय के पांच मई के आंकड़ों के अनुसार।
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पूर्ति विभाग उचित दर विक्रेताओं के माध्यम से राशन कार्ड धारकों को खाद्यान्न का वितरण कराता है। इसमें पात्र गृहस्थी राशन कार्ड धारक को प्रति यूनिट तीन किलो गेहूं और दो किलो चावल दिया जाता है। पिछले काफी समय से यह महीने में दो बार एवं निशुल्क वितरित हो रहा है। जनपद में 5.84 लाख राशन कार्ड हैं। इनमें से 54618 राशन कार्ड अंत्योदय और 529380 पात्र गृहस्थी राशन कार्ड हैं, लेकिन अपात्र लोगों के राशन कार्ड भी बने होने के चलते कई पात्र सरकार की इस योजना से महरूम हैं। इसको देखते हुए शासन ने अपात्र राशन कार्ड धारकों पर कार्रवाई का निर्णय लिया है। शासन ने कहा कि अपात्र राशन कार्ड धारकों से उनके द्वारा लिए गए खाद्यान्न की वसूली बाजार भाव से की जाएगी। इसके बाद से अपात्र राशन कार्ड धारकों में हड़कंप की स्थिति है। जिसके चलते अपात्र राशन कार्ड धारकों ने अपने कार्ड सरेंडर करना शुरू कर दिया है।
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जनपद में अभी तक 2415 अपात्रों ने राशन कार्ड सरेंडर किए हैं। इन राशन कार्डों को प्रतिमाह करीब 990 क्विंटल खाद्यान्न मिल रहा था। कार्ड सरेंडर करने का सिलसिला जारी है। यदि किसी अपात्र ने राशन कार्ड सरेंडर नहीं किया तो उसके विरुद्ध वसूली की कार्रवाई की जाएगी। --- मनीष कुमार सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी।
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तहसील राशन कार्ड
देवबंद 452
नकुड़ 854
सदर 405
रामपुर मनिहारान 408
बेहट 296
नोट: जिला पूर्ति कार्यालय के पांच मई के आंकड़ों के अनुसार।