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साल में पांच बार चालान हुआ तो निलंबित होगा परमिट
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सहारनपुर। बाराबंकी में हुए भीषण हादसे के बाद ऑल इंडिया एवं ऑल यूपी परमिट वाली बसों के संचालन में नियमों का उल्लंघन भारी पड़ सकता है। क्योंकि पांच बार चालान होने पर परमिट निलंबित और निरस्त भी हो सकता है।
इस संबंध में एक दिन पहले ही लखनऊ में प्रमुख सचिव परिवहन विभाग, परिवहन आयुक्त, विशेष सचिव और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के परियोजना निदेशक के साथ बैठक की। उसमें नौ बिंदुओं पर निर्णय हुआ, जिसे प्रदेश भर में लागू किया जाएगा। इसमें पहला निर्णय यही है कि ऑल इंडिया और ऑल यूपी परमिट वाली बसों के खिलाफ यदि एक साल में पांच से ज्यादा बार चालान की कार्रवाई हुई तो ऐसी दशा में बस का परमिट निलंबित अथवा निरस्त किया जाएगा। साथ ही यातायात नियमों का आदतन उल्लंघन करने वाली बसों को थानों में निरुद्ध किया जाएगा। इसके अलावा लंबे समय से पुलिस थानों में बंद वाहनों की नीलामी समयबद्ध ढंग से कराई जाएगी।
टोल प्लाजा से लेंगे ओवरलोडिंग वाले वाहनों की सूची
निर्धारित से ज्यादा संख्या में यात्रियों को बैठाकर बसों का संचालन करने और ओवरलोडिंग करने वालों पर भी कड़ी नजर रहेगी। इसके लिए टोल प्लाजा से भी सूची ली जाएगी। टोल प्लाजा पर लगे सिस्टम से भी ओवरलोडिंग वाहन का पता चलता है। इसके अलावा वाहन की फिटनेस करते समय यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि वाहन पर एचएसआरपी (हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट) लगी है या नहीं।
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एआरटीओ (प्रवर्तन) आरपी मिश्रा ने बताया कि आला अफसरों की तरफ से गाइड लाइन प्राप्त हुई है। यह ऑल इंडिया परमिट लेकर डग्गामारी करने वाले बस संचालकों पर काफी प्रभाव डालेगा। क्योंकि इससे डग्गामारी और ओवरलोडिंग पर भी अंकुश लगेगा।
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इस संबंध में एक दिन पहले ही लखनऊ में प्रमुख सचिव परिवहन विभाग, परिवहन आयुक्त, विशेष सचिव और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के परियोजना निदेशक के साथ बैठक की। उसमें नौ बिंदुओं पर निर्णय हुआ, जिसे प्रदेश भर में लागू किया जाएगा। इसमें पहला निर्णय यही है कि ऑल इंडिया और ऑल यूपी परमिट वाली बसों के खिलाफ यदि एक साल में पांच से ज्यादा बार चालान की कार्रवाई हुई तो ऐसी दशा में बस का परमिट निलंबित अथवा निरस्त किया जाएगा। साथ ही यातायात नियमों का आदतन उल्लंघन करने वाली बसों को थानों में निरुद्ध किया जाएगा। इसके अलावा लंबे समय से पुलिस थानों में बंद वाहनों की नीलामी समयबद्ध ढंग से कराई जाएगी।
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टोल प्लाजा से लेंगे ओवरलोडिंग वाले वाहनों की सूची
निर्धारित से ज्यादा संख्या में यात्रियों को बैठाकर बसों का संचालन करने और ओवरलोडिंग करने वालों पर भी कड़ी नजर रहेगी। इसके लिए टोल प्लाजा से भी सूची ली जाएगी। टोल प्लाजा पर लगे सिस्टम से भी ओवरलोडिंग वाहन का पता चलता है। इसके अलावा वाहन की फिटनेस करते समय यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि वाहन पर एचएसआरपी (हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट) लगी है या नहीं।
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एआरटीओ (प्रवर्तन) आरपी मिश्रा ने बताया कि आला अफसरों की तरफ से गाइड लाइन प्राप्त हुई है। यह ऑल इंडिया परमिट लेकर डग्गामारी करने वाले बस संचालकों पर काफी प्रभाव डालेगा। क्योंकि इससे डग्गामारी और ओवरलोडिंग पर भी अंकुश लगेगा।