फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   Greenery cleared from company canal track, irrigation-forest department kept sleeping

कंपनी नहर की पटरी से हरियाली भी कर दी गई खत्म

Tue, 04 Feb 2020 11:51 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Tue, 04 Feb 2020 11:51 PM IST
विज्ञापन
Greenery cleared from company canal track, irrigation-forest department kept sleeping
अनिल कुमार पार्षद - फोटो : SAHARANPUR
कंपनी नहर की पटरी से हरियाली साफ, सोता रहा सिंचाई-वन विभाग
विज्ञापन

सहारनपुर। कंपनी नहर को अतिक्रमण करने वालों ने तो नुकसान पहुंचा ही, कॉलोनाइजर्स भी इसकी हरियाली का सफाया कर दिया। नहर किनारे से आम, शीशम, सिंभल आदि के हरे पेड़ काट लिए गए और ये सिलसिला 15 साल से लगातार अब भी जारी है। मगर सिंचाई विभाग सोया रहा और इस ओर ध्यान तक नहीं दिया। वन विभाग भी आंखें मूंदे बैठा रहा। वहीं कमिश्नर ने कंपनी नहर के इतिहास और वर्तमान में हुए कब्जों की फाइल तलब कर ली है।
कंपनी नहर की लंबाई करीब छह किलोमीटर है। नहर शकलापुरी मार्ग के बीचोंबीच से बहती थी। नहर की एक साइड करीब 30 फुट चलने के लिए थी, जबकि दूसरी साइड (पटरी) की चौड़ाई भी करीब 30 फुट ही थी, जिस पर हरियाली हुआ करती थी। पटरी पर शीशम, आम, सिंभल, चकरेसिया समेत तमाम प्रजाति के पेड़ हुआ करते थे। यहां किनारे पर ही बाग भी थे, चारों ओर हरियाली दिखाई देती थी। मगर जब से शहर शकलापुरी मार्ग की ओर बढ़ना शुरू हुआ, तो कॉलोनाइजर्स ने न केवल शकलापुरी मार्ग से सटे आम, अमरूद और लीची के बागों पर आरा चलवाया, बल्कि पटरी पर खड़े सरकारी पेड़ों को भी कटवा दिया। शकलापुरी मार्ग पर जहां तक भी (करीब तीन किलोमीटर) कॉलोनियां कटी हैं, वहां की पटरी पर अब केवल गिनती के पेड़ बचे हैं। जबकि शकलापुरी साइड में नहर की पटरी हरीभरी है। अब कॉलोनाइजर उधर भी बढ़ रहे हैं, जिससे नहर और पेड़ों पर खतरा बढ़ता जा रहा है।
विज्ञापन

वर्षों से नहीं हुआ पौधरोपण
वन विभाग प्रत्येक वर्ष पौधरोपण करता है। इस बार भी करीब 35 लाख पौधे रोपने के दावे किए गए, मगर शकलापुरी मार्ग पर कई साल से पौधरोपण नहीं हुआ है, जिसकी वजह से इस मार्ग से हरियाली लगभग खत्म हो गई है। स्थानीय लोगों की मांग है कि प्रशासन को शकलापुरी मार्ग पर पौधरोपण कराकर इसे हरा भरा बनाना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

जनप्रतिनिधि बोले
कभी कंपनी नहर की पटरी पर इतने पेड़ हुआ करते थे कि सड़क पर छांव रहती थी। मगर जब से कॉलोनियां कटना शुरू हुई हैं, बाग तो बाग, सरकारी पेड़ तक नहीं बचे हैं।
अनिल कुमार, नगर निगम के वार्ड आठ के पार्षद
कंपनी नहर की पटरी से हरियाली खत्म करने के साथ ही उसके अस्तित्व को भी खत्म किया जा रहा है। लोग पटरी को समतल कर कॉलोनियों में मिलाकर बेच रहे हैं। विभाग को सख्त कदम उठाने चाहिए।
- सोनू कुमार, गांव शकलापुरी के प्रधान
शकलापुरी मार्ग पर नहर की पटरी पर पेड़ों के कटान और पौधरोपण होने या नहीं होने की जानकारी नहीं है। मामले को दिखवाया जाएगा। यदि किसी कॉलोनाइजर ने सरकारी पेड़ काटे हैं, तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। जरूरत के हिसाब से मौसम आने पर पौधरोपण भी कराया जाएगा।
- विजय सिंह, डीएफओ
नहर की फाइलें खंगालने में जुटे सिंचाई विभाग के अधिकारी
सहारनपुर। कंपनी नहर पर हुए कब्जों को लेकर कमिश्नर संजय कुमार ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों को तलब किया है। अब सिंचाई विभाग के अधिकारी नहर से संबंधित फाइलें खंगालने में जुट गए हैं।
अमर उजाला ने चार फरवरी के संस्करण में कंपनी नहर पर हुए कब्जों के समाचार को प्रकाशित किया। मामले में कमिश्नर संजय कुमार ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों से जवाब तलब किया है। उन्होंने कंपनी नहर की पूरी फाइल लेकर पेश होने को कहा है। वहीं, अपर खंड पूर्वी यमुना नहर के एक्सईएन जलज शर्मा का कहना है कि कई माह पहले विभाग की ओर से कब्जाधारियों को नोटिस जारी किए गए थे। कई एफआईआर भी दर्ज कराई गई थीं, मगर चूंकि कब्जे कई साल से हो रहे हैं। ऐसे में धरातल पर काम नहीं हो सका। उन्होंने कहा कि कमिश्नर के जैसे भी निर्देश होंगे, उनका अनुपालन कराया जाएगा।

कंपनी नहर पर कब्जे का मामला बेहद गंभीर है। विभागीय अधिकारियों से फाइल तलब की है। संभव हुआ तो नहर को कब्जामुक्त कराते हुए पुराने स्वरूप में लाया जाएगा।
- संजय कुमार, कमिश्नर

सोनू प्रधान शकलापुरी

सोनू प्रधान शकलापुरी- फोटो : SAHARANPUR

कम्पनी नहर के दोनो तरप से कटे पेड

कम्पनी नहर के दोनो तरप से कटे पेड- फोटो : SAHARANPUR

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed