{"_id":"64120b9ba58cd424e00c7c04","slug":"followers-take-a-dip-in-the-confluence-of-faith-saharanpur-news-c-14-1-mrt1037-155212-2023-03-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Saharanpur News: आस्था के संगम में अनुयायियों ने लगाई डुबकी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Saharanpur News: आस्था के संगम में अनुयायियों ने लगाई डुबकी
Wed, 15 Mar 2023 11:46 PM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Wed, 15 Mar 2023 11:46 PM IST
विज्ञापन
सहारनपुर के पिलखनी स्थित राधा स्वामी सत्संग ब्यास में पार्किंग में खड़े श्रद्घालुओ के वाहन
सहारनपुर। राधा स्वामी सत्संग ब्यास से जुड़े अनुयायियों की आस्था का सैलाब पिलखनी स्थित मेजर सेंटर में बुधवार को देखने को मिला। डेरा प्रमुख बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लों की अमृतवाणी को सुनने के लिए पांच लाख से भी अधिक अनुयायी पहुंचे। सत्संग पंडाल स्थान कम पड़ने पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने खड़े होकर उनके दर्शन किए। नियत समय पर बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लों ने बैटरी चलित खुली जीप में बैठकर सत्संग हाल में प्रवेश किया।
इससे पूर्व तुलसीदास की बानी पर सत्संग करते हुए पाठी अफजल अहमद ने सर्वप्रथम सभी धर्मो के पवित्र ग्रंथों में लिखे परमात्मा से मिलने के माध्यम तरीकों की विस्तार व्याख्या की और दसवें द्वार के बारे में विस्तार से जानकारी दी। आश्रम, पंड़ाल और बाहर सुरक्षा व्यवस्था से लेकर भोजन आदि तमाम व्यवस्था सेवादारों ने खुद संभाल रखी है। दो दिवसीय सत्संग के पहले दिन ही संगत का सैलाब उमड़ पड़ा। बुधवार को पांच लाख से ज्यादा अनुयायी यहां पहुंचे। बाबाजी के दर्शन करने तथा उनकी अमृतवाणी सुनने के लिए मेजर सेंटर पिलखनी का पंडाल सुबह आठ बजे ही खचाखच भर गया था, जबकि बाबाजी के दर्शन सुबह दस बजे के बाद होने थे। सभी अनुयायी बेहद शांत और अनुशासन के साथ बैठे रहे। आश्रम में चार लाख लोगों के बैठने की व्यवस्था वाला सत्संग का पंडाल खच्चा-खच भरा था। कही भी बैठने की जगह नहीं बची थी, बल्कि भारी संख्या में अनुयायिओं को पंडाल से बाहर बैठकर सत्संग सुनना पड़ा। खास बात यह थी कि करीब दो घंटे तक चले कार्यक्रम में पूरे सत्संग में सभी लोग शांत रहे। बाबाजी के दर्शन के दौरान भी कोई जयकारा तक नहीं लगा।
दो दिवसीय समागम कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के अलावा पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, बिहार, दिल्ली, चंडीगढ़ आदि प्रांतों से अनुयायी पहुंचे है। अपने वाहनों के अलावा ट्रेनों से भी अनुयायियों के आने को सिलसिला जारी है। बृहस्पतिवार सुबह बाबाजी सत्संग से संगत को निहाल करेंगे। माना जा रहा है कि इस दौरान छह लाख से अधिक अनुयायी मौजूद होंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
इससे पूर्व तुलसीदास की बानी पर सत्संग करते हुए पाठी अफजल अहमद ने सर्वप्रथम सभी धर्मो के पवित्र ग्रंथों में लिखे परमात्मा से मिलने के माध्यम तरीकों की विस्तार व्याख्या की और दसवें द्वार के बारे में विस्तार से जानकारी दी। आश्रम, पंड़ाल और बाहर सुरक्षा व्यवस्था से लेकर भोजन आदि तमाम व्यवस्था सेवादारों ने खुद संभाल रखी है। दो दिवसीय सत्संग के पहले दिन ही संगत का सैलाब उमड़ पड़ा। बुधवार को पांच लाख से ज्यादा अनुयायी यहां पहुंचे। बाबाजी के दर्शन करने तथा उनकी अमृतवाणी सुनने के लिए मेजर सेंटर पिलखनी का पंडाल सुबह आठ बजे ही खचाखच भर गया था, जबकि बाबाजी के दर्शन सुबह दस बजे के बाद होने थे। सभी अनुयायी बेहद शांत और अनुशासन के साथ बैठे रहे। आश्रम में चार लाख लोगों के बैठने की व्यवस्था वाला सत्संग का पंडाल खच्चा-खच भरा था। कही भी बैठने की जगह नहीं बची थी, बल्कि भारी संख्या में अनुयायिओं को पंडाल से बाहर बैठकर सत्संग सुनना पड़ा। खास बात यह थी कि करीब दो घंटे तक चले कार्यक्रम में पूरे सत्संग में सभी लोग शांत रहे। बाबाजी के दर्शन के दौरान भी कोई जयकारा तक नहीं लगा।
विज्ञापन
दो दिवसीय समागम कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के अलावा पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, बिहार, दिल्ली, चंडीगढ़ आदि प्रांतों से अनुयायी पहुंचे है। अपने वाहनों के अलावा ट्रेनों से भी अनुयायियों के आने को सिलसिला जारी है। बृहस्पतिवार सुबह बाबाजी सत्संग से संगत को निहाल करेंगे। माना जा रहा है कि इस दौरान छह लाख से अधिक अनुयायी मौजूद होंगे।
विज्ञापन

सहारनपुर के पिलखनी स्थित राधा स्वामी सत्संग ब्यास में पार्किंग में खड़े श्रद्घालुओ के वाहन