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Saharanpur News: डेंगू के लिए जिला अस्पताल में आठ, सीएचसी पर पांच-पांच बेड आरक्षित
Tue, 18 Aug 2026 11:58 PM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Tue, 18 Aug 2026 11:58 PM IST
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सहारनपुर। बारिश होने के बाद डेंगू के लिए स्वास्थ्य विभाग सक्रिय हो गया है। विभाग ने अस्पतालों में डेंगू मरीजों के लिए बेड आरक्षित कर दिए हैं। एसबीडी जिला अस्पताल में आठ बेड और प्रत्येक सीएचसी में पांच-पांच बेड के वार्ड आरक्षित किए हैं। इसके साथ ही आईएमए को भी पत्र लिखा है।
सरकारी और निजी अस्पतालों में वायरल बुखार के मरीजों की संख्या बढ़ रही है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने भी कमर कस ली है। डेंगू मरीज को इलाज में परेशानी न हो, इसलिए सरकारी अस्पतालों में व्यवस्थाएं दुरुस्त कर ली है। एसबीडी जिला अस्पताल के मेडिकल वार्ड में आठ बेड डेंगू मरीजों के लिए आरक्षित कर दिए हैं, जिसमें मच्छरदानी से लेकर दवा रख दी गई है।
इसके अलावा जिले में 21 सीएचसी हैं। प्रत्येक सीएचसी पर पांच-पांच बेड आरक्षित कर दिए हैं। आईएमए को पत्र लिखकर निर्देश दिए कि प्राइवेट अस्पताल डेंगू के मरीजों की सारी जानकारी विभाग को दें। अगर किसी विशेष क्षेत्र से भी लोग निजी अस्पतालों में उपचार के लिए पहुंचें तो उसका भी ब्योरा अस्पतालों को देना होगा। इसके साथ ही एनएस वन टेस्ट के लिए निजी अस्पताल तय फीस ही ले सकेंगे। अभी तक डेंगू का एक भी मामला सामने नहीं आया है।
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-- वर्जन
सरकारी कार्यालय या घर में डेंगू का लार्वा मिलने पर संबंधित को नोटिस जारी किया जाएगा। इसके साथ ही उस स्थान पर एंटी लार्वा का छिड़काव भी होगा। विभाग का लक्ष्य है कि मलेरिया की तरह डेंगू के मामलों पर भी नियंत्रण किया जा सके। - शिवांका गौड़, जिला मलेरिया अधिकारी
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सरकारी और निजी अस्पतालों में वायरल बुखार के मरीजों की संख्या बढ़ रही है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने भी कमर कस ली है। डेंगू मरीज को इलाज में परेशानी न हो, इसलिए सरकारी अस्पतालों में व्यवस्थाएं दुरुस्त कर ली है। एसबीडी जिला अस्पताल के मेडिकल वार्ड में आठ बेड डेंगू मरीजों के लिए आरक्षित कर दिए हैं, जिसमें मच्छरदानी से लेकर दवा रख दी गई है।
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इसके अलावा जिले में 21 सीएचसी हैं। प्रत्येक सीएचसी पर पांच-पांच बेड आरक्षित कर दिए हैं। आईएमए को पत्र लिखकर निर्देश दिए कि प्राइवेट अस्पताल डेंगू के मरीजों की सारी जानकारी विभाग को दें। अगर किसी विशेष क्षेत्र से भी लोग निजी अस्पतालों में उपचार के लिए पहुंचें तो उसका भी ब्योरा अस्पतालों को देना होगा। इसके साथ ही एनएस वन टेस्ट के लिए निजी अस्पताल तय फीस ही ले सकेंगे। अभी तक डेंगू का एक भी मामला सामने नहीं आया है।
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सरकारी कार्यालय या घर में डेंगू का लार्वा मिलने पर संबंधित को नोटिस जारी किया जाएगा। इसके साथ ही उस स्थान पर एंटी लार्वा का छिड़काव भी होगा। विभाग का लक्ष्य है कि मलेरिया की तरह डेंगू के मामलों पर भी नियंत्रण किया जा सके। - शिवांका गौड़, जिला मलेरिया अधिकारी