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Saharanpur News: लोगों के लिए सहारा बन रही ई-संजीवनी ओपीडी 16-44-40
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सहारनपुर। जनपद में ऑनलाइन ई-संजीवनी ओपीडी लोगों के लिए सहारा बन रही है। इससे प्रतिदिन ओपीडी में 300 से 350 मरीज सीएचओ के माध्यम से ऑनलाइन परामर्श ले रहे हैं। अब तक करीब 90 हजार लोग अलग-अलग बीमारियों के बारे में सलाह ले चुके हैं।
कोरोना के दो साल पहले ई-संजीवनी ओपीडी शुरू की गई थी। इसके जरिए एसबीडी जिला अस्पताल के चिकित्सकों से मरीज घर बैठे ही सलाह ले रहे हैं। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. विरेंद्र भट्ट ई-संजीवनी ओपीडी के नोडल हैं। इनके नेतृत्व में जनरल फिजिशियन डॉ. मनजीत सिंह, डॉ. किरणकांत और डॉ. गौरव सागर ऑनलाइन मरीजों को परामर्श दे रहे हैं।
ई-संजीवनी की ओपीडी रोजाना 300 से 350 होती है। इसमें बुखार, खांसी, जुकाम, डेंगू, टायफाइड बुखार सहित अन्य बीमारियों के बारे में मरीज सलाह ले रहे हैं। नोडल अधिकारी डॉ. विरेंद्र भट्ट ने बताया कोरोना से बचाव के साथ-साथ जन सामान्य को घर पर ही चिकित्सा परामर्श देने में डॉक्टरों और स्टाफ का योगदान है। यह निशुल्क सेवा है। ई-संजीवनी ओपीडी से परामर्श देने में सहारनपुर प्रदेश में टॉप पांच में शामिल है।
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जनपद में 200 से अधिक हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर
ई-संजीवनी ओपीडी में मरीजों को परामर्श देने वाले मेडिकल अधिकारी डॉ. मनजीत सिंह ने बताया कि मरीज जिले के हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर पर कम्यूनिटी हेल्थ आफिसर (सीएचओ) से जाकर मिलें। सीएचओ अपने मोबाइल से ई-संजीवनी एप के जरिए डॉक्टर से मरीज का संपर्क कराएंगे। इसी के माध्यम से मरीजों को सलाह दी जा रही है।
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कोरोना के दो साल पहले ई-संजीवनी ओपीडी शुरू की गई थी। इसके जरिए एसबीडी जिला अस्पताल के चिकित्सकों से मरीज घर बैठे ही सलाह ले रहे हैं। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. विरेंद्र भट्ट ई-संजीवनी ओपीडी के नोडल हैं। इनके नेतृत्व में जनरल फिजिशियन डॉ. मनजीत सिंह, डॉ. किरणकांत और डॉ. गौरव सागर ऑनलाइन मरीजों को परामर्श दे रहे हैं।
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ई-संजीवनी की ओपीडी रोजाना 300 से 350 होती है। इसमें बुखार, खांसी, जुकाम, डेंगू, टायफाइड बुखार सहित अन्य बीमारियों के बारे में मरीज सलाह ले रहे हैं। नोडल अधिकारी डॉ. विरेंद्र भट्ट ने बताया कोरोना से बचाव के साथ-साथ जन सामान्य को घर पर ही चिकित्सा परामर्श देने में डॉक्टरों और स्टाफ का योगदान है। यह निशुल्क सेवा है। ई-संजीवनी ओपीडी से परामर्श देने में सहारनपुर प्रदेश में टॉप पांच में शामिल है।
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जनपद में 200 से अधिक हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर
ई-संजीवनी ओपीडी में मरीजों को परामर्श देने वाले मेडिकल अधिकारी डॉ. मनजीत सिंह ने बताया कि मरीज जिले के हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर पर कम्यूनिटी हेल्थ आफिसर (सीएचओ) से जाकर मिलें। सीएचओ अपने मोबाइल से ई-संजीवनी एप के जरिए डॉक्टर से मरीज का संपर्क कराएंगे। इसी के माध्यम से मरीजों को सलाह दी जा रही है।