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जिला अस्पताल में भड़के डीएम
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
Updated Thu, 18 Aug 2016 12:57 AM IST
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जिला अस्पताल में फटकार लगाते डीएम।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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सहारनपुर में जिलाधिकारी शफकत कमाल एवं मुख्य विकास अधिकारी दीपक मीणा ने जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने चिकित्सकों द्वारा मरीजों की दवाइयां एवं जांच बाहर से लिखने पर कड़ी नाराजगी जताई।
उन्होंने सीएमएस समेत चिकित्सकों को कार्रवाई की चेतावनी दी। उन्होंने बायोवेस्ट भी समय से उठवाए जाने के निर्देश भी दिए। बुधवार को सुबह अचानक जिलाधिकारी शफकत कमाल एवं सीडीओ दीपक मीण जिला अस्पताल पहुंच गए।
डीएम और सीडीओ को जिला अस्पताल में देखते ही चिकित्सकों में हड़कंप मच गया। कर्मचारियों ने तुरंत ही मरीजों को व्यवस्थित करना शुरू कर दिया। चिकित्सक अपने कक्षों में पहुंच गए। डीएम ने सबसे पहले उपस्थिति पंजिका का निरीक्षण किया।
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निरीक्षण के समय सभी डाक्टर उपस्थित पाए गए, केवल एक डाक्टर अवकाश पर मिले। जिलाधिकारी ने औषधि वितरण भंडार का निरीक्षण किया। वहां उन्होंने मरीजों से पूछा कि क्या यहां से दवाईयां मिल रही है, डाक्टर बाहर से तो क्रय नहीं करा रहे।
मरीजों की पर्चियों पर बाहर की दवाइयां एवं जांच लिखी देखकर डीएम का पारा चढ़ गया। इस पर उन्होंने सीएमएस और चिकित्सकों की जमकर क्लास ली। तीनों डाक्टरों के विरुद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि भविष्य में किसी डाक्टर द्वारा बाहर की दवाई अथवा जांच कराने के लिए लिखा गया तो दोषी डाक्टरों के विरुद्ध तथा सीएमएस के विरुद्घ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
मरीजों का अस्पताल में ठीक से जांच एवं इलाज हो और दवाई अस्पताल से ही दी जाए, बाहर की दवाई न लिखी जाए। बच्चा वार्ड में जिलाधिकारी ने पाया कि मरीजों से जांच बाहर से कराई गई है। उन्होंने डाक्टर को चेतावनी देते हुए सुधरने की हिदायत दी।
अल्ट्रासाउंड, ओपीडी वार्ड, एमरजेंसी वार्ड, सर्जिकल वार्ड तथा हड्डी वार्ड के निरीक्षण के दौरान वार्ड की व्यवस्था ठीक पाई गई। मुख्य विकास अधिकारी दीपक मीणा ने रक्तकोष का निरीक्षण किया।
उन्होंने पूछा कि क्या पैसा लेकर रक्त दिया जाता है, रक्त मरीज को कैसे दिया जाता है। उन्हें अवगत कराया गया कि डाक्टर के मांगने पर मरीज के ब्लड दिए जाने पर ही ब्लड दिया जाता है।
उन्होंने बायोवेस्ट का निरीक्षण करते हुए कहा कि सभी एक जगह रखा जा रहा है जबकि कलर पेंटिंग करने का क्या लाभ? भविष्य में कलर पेंटिंग कर बायोवेस्ट रखा जाए और ठेकेदार से समय-समय पर उठवाया जाए। निरीक्षण के दौरान नगर मजिस्ट्रेट हरिशंकर समेत जिला अस्पताल के अन्य चिकित्सक उपस्थित रहे।
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उन्होंने सीएमएस समेत चिकित्सकों को कार्रवाई की चेतावनी दी। उन्होंने बायोवेस्ट भी समय से उठवाए जाने के निर्देश भी दिए। बुधवार को सुबह अचानक जिलाधिकारी शफकत कमाल एवं सीडीओ दीपक मीण जिला अस्पताल पहुंच गए।
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डीएम और सीडीओ को जिला अस्पताल में देखते ही चिकित्सकों में हड़कंप मच गया। कर्मचारियों ने तुरंत ही मरीजों को व्यवस्थित करना शुरू कर दिया। चिकित्सक अपने कक्षों में पहुंच गए। डीएम ने सबसे पहले उपस्थिति पंजिका का निरीक्षण किया।
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निरीक्षण के समय सभी डाक्टर उपस्थित पाए गए, केवल एक डाक्टर अवकाश पर मिले। जिलाधिकारी ने औषधि वितरण भंडार का निरीक्षण किया। वहां उन्होंने मरीजों से पूछा कि क्या यहां से दवाईयां मिल रही है, डाक्टर बाहर से तो क्रय नहीं करा रहे।
मरीजों की पर्चियों पर बाहर की दवाइयां एवं जांच लिखी देखकर डीएम का पारा चढ़ गया। इस पर उन्होंने सीएमएस और चिकित्सकों की जमकर क्लास ली। तीनों डाक्टरों के विरुद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि भविष्य में किसी डाक्टर द्वारा बाहर की दवाई अथवा जांच कराने के लिए लिखा गया तो दोषी डाक्टरों के विरुद्ध तथा सीएमएस के विरुद्घ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
मरीजों का अस्पताल में ठीक से जांच एवं इलाज हो और दवाई अस्पताल से ही दी जाए, बाहर की दवाई न लिखी जाए। बच्चा वार्ड में जिलाधिकारी ने पाया कि मरीजों से जांच बाहर से कराई गई है। उन्होंने डाक्टर को चेतावनी देते हुए सुधरने की हिदायत दी।
अल्ट्रासाउंड, ओपीडी वार्ड, एमरजेंसी वार्ड, सर्जिकल वार्ड तथा हड्डी वार्ड के निरीक्षण के दौरान वार्ड की व्यवस्था ठीक पाई गई। मुख्य विकास अधिकारी दीपक मीणा ने रक्तकोष का निरीक्षण किया।
उन्होंने पूछा कि क्या पैसा लेकर रक्त दिया जाता है, रक्त मरीज को कैसे दिया जाता है। उन्हें अवगत कराया गया कि डाक्टर के मांगने पर मरीज के ब्लड दिए जाने पर ही ब्लड दिया जाता है।
उन्होंने बायोवेस्ट का निरीक्षण करते हुए कहा कि सभी एक जगह रखा जा रहा है जबकि कलर पेंटिंग करने का क्या लाभ? भविष्य में कलर पेंटिंग कर बायोवेस्ट रखा जाए और ठेकेदार से समय-समय पर उठवाया जाए। निरीक्षण के दौरान नगर मजिस्ट्रेट हरिशंकर समेत जिला अस्पताल के अन्य चिकित्सक उपस्थित रहे।