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गोलियों की तड़तड़ाहट से दहला लखनौती
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
Updated Wed, 18 Jan 2017 11:57 PM IST
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संघर्ष में घायल हुए बच्चे।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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सहारनपुर के लखनौती में बुधवार की शाम चार बजे पांच बजे तक करीब एक घंटा लखनौती के मुहल्ला कुरैशियान में गोलियों की तड़तडाहट की आवाजें गूंजती रही।
दोनों तरफ से करीब दर्जन भर असलहों से सौ से भी अधिक राउंड फायरिंग की गई। दहशत का आलम यह था कि जिसे जहां जगह मिली वह वहां भाग कर छिप गया।
शाम चार बजे जैसे ही पुलिस गांव से कोतवाली लिए रवाना हुई। दोनों पक्ष एक बार फिर आमने-सामने आ गए। दोनों तरफ से एक दर्जन से भी ज्यादा असलहों से खुलेआम ताबड़तोड़ फायरिंग की गई।
इसकी जद में जो भी आया वह घायल हो गया। करीब पांच छह लोग तो ऐसे गोलियां लगने से घायल हो गए जिनका झगड़े या संघर्ष कर रहे लोगों से कोई वास्ता तक नहीं था। रुक-रुक कर करीब एक घंटा तक गोलियां चलती रही।
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ग्रामीणों की माने तो सौ से भी ज्यादा राउंड फायरिंग हुई। गलियों में जगह जगह खोखे बिखरे पड़े थे जिनमें से बहुत से तो पुलिस ने मौके पर पहुंच कर कब्जे में लिए।
गोलियों की ये आवाजें आसपास के गांवों शकरपुर, ततारपुर और बहादरनगर तक गई। गांव में तो खौफ का आलम था। लोग जान बचाने के लिए इधर से उधर दौड़ रहे थे।
शाम पांच बजे जब पुलिस मौके पर पहुंची और लाठियां फटकारी तब जाकर फायरिंग कर रहे लोग भागे। देर शाम भारी पुलिस और पीएसी बल तैनात होने के बावजूद ग्रामीण घरों से नहीं निकल रहे थे।
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दोनों तरफ से करीब दर्जन भर असलहों से सौ से भी अधिक राउंड फायरिंग की गई। दहशत का आलम यह था कि जिसे जहां जगह मिली वह वहां भाग कर छिप गया।
शाम चार बजे जैसे ही पुलिस गांव से कोतवाली लिए रवाना हुई। दोनों पक्ष एक बार फिर आमने-सामने आ गए। दोनों तरफ से एक दर्जन से भी ज्यादा असलहों से खुलेआम ताबड़तोड़ फायरिंग की गई।
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इसकी जद में जो भी आया वह घायल हो गया। करीब पांच छह लोग तो ऐसे गोलियां लगने से घायल हो गए जिनका झगड़े या संघर्ष कर रहे लोगों से कोई वास्ता तक नहीं था। रुक-रुक कर करीब एक घंटा तक गोलियां चलती रही।
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ग्रामीणों की माने तो सौ से भी ज्यादा राउंड फायरिंग हुई। गलियों में जगह जगह खोखे बिखरे पड़े थे जिनमें से बहुत से तो पुलिस ने मौके पर पहुंच कर कब्जे में लिए।
गोलियों की ये आवाजें आसपास के गांवों शकरपुर, ततारपुर और बहादरनगर तक गई। गांव में तो खौफ का आलम था। लोग जान बचाने के लिए इधर से उधर दौड़ रहे थे।
शाम पांच बजे जब पुलिस मौके पर पहुंची और लाठियां फटकारी तब जाकर फायरिंग कर रहे लोग भागे। देर शाम भारी पुलिस और पीएसी बल तैनात होने के बावजूद ग्रामीण घरों से नहीं निकल रहे थे।