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बाकीदार से एकत्र एक लाख रुपये डकार गया संग्रह अमीन, रिपोर्ट दर्ज
Updated Thu, 10 Aug 2017 12:32 AM IST
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देवबंद (सहारनपुर)। बाकीदार से पैसे लेकर उसे सरकारी खजाने में जमा न कराने के आरोप में तहसील के हैड क्लर्क ने संग्रह अमीन के खिलाफ कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
देवबंद तहसील में हेड क्लर्क के पद पर तैनात ऋषिपाल ने कोतवाली में दी तहरीर में बताया कि कुछ लोगों द्वारा यह शिकायत की गई कि तहसील का संग्रह अमीन नरेंद्र शर्मा बकाएदारों से धनराशि लेकर उसे सरकारी खजाने में जमा नहीं करा रहा है। इस मामले में मोहल्ला गुज्जरवाड़ा निवासी सतीश शपथपत्र के साथ कार्यालय में पहुंचा और बताया कि उसने नरेंद्र शर्मा के पास 1 लाख 4 हजार 600 रुपये जमा कराए थे। जिसे उसने न तो सरकारी खजाने में जमा कराए और न ही उसकी रसीद दी। जब नरेंद्र शर्मा से इस संबंध में स्पष्टीकरण मांगा गया तो वह बार बार प्रार्थना पत्र देकर चिकित्सा अवधि (अवकाश) बढ़ाता रहा। पुलिस ने ऋषिपाल की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर ली है। वहीं, तहसीलदार परमानंद झा ने बताया कि संग्रह अमीन ने बहुत से लोगों से सरकारी पैसा लेकर उसे सरकारी खजाने में जमा नहीं कराया। उक्त पैसे को वह डकार गया। कई बार उसे पैसा जमा करने का मौका भी दिया गया। साथ ही उससे स्पष्टीकरण भी मांगा गया। लेकिन वह हर बार बहाना बनाकर अवकाश पर चला जाता है। जिसके चलते ही उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
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देवबंद तहसील में हेड क्लर्क के पद पर तैनात ऋषिपाल ने कोतवाली में दी तहरीर में बताया कि कुछ लोगों द्वारा यह शिकायत की गई कि तहसील का संग्रह अमीन नरेंद्र शर्मा बकाएदारों से धनराशि लेकर उसे सरकारी खजाने में जमा नहीं करा रहा है। इस मामले में मोहल्ला गुज्जरवाड़ा निवासी सतीश शपथपत्र के साथ कार्यालय में पहुंचा और बताया कि उसने नरेंद्र शर्मा के पास 1 लाख 4 हजार 600 रुपये जमा कराए थे। जिसे उसने न तो सरकारी खजाने में जमा कराए और न ही उसकी रसीद दी। जब नरेंद्र शर्मा से इस संबंध में स्पष्टीकरण मांगा गया तो वह बार बार प्रार्थना पत्र देकर चिकित्सा अवधि (अवकाश) बढ़ाता रहा। पुलिस ने ऋषिपाल की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर ली है। वहीं, तहसीलदार परमानंद झा ने बताया कि संग्रह अमीन ने बहुत से लोगों से सरकारी पैसा लेकर उसे सरकारी खजाने में जमा नहीं कराया। उक्त पैसे को वह डकार गया। कई बार उसे पैसा जमा करने का मौका भी दिया गया। साथ ही उससे स्पष्टीकरण भी मांगा गया। लेकिन वह हर बार बहाना बनाकर अवकाश पर चला जाता है। जिसके चलते ही उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
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