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Saharanpur News: सीमित संबोधन में बड़ा सियासी संदेश, चारू ने दिखाया नया तेवर
Fri, 04 Sep 2026 01:06 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Fri, 04 Sep 2026 01:06 AM IST
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स्वाभिमान रैली में मंथन...रामपुर मनिहारन के गोचर कृषि इंटर कॉलेज में रैली के दौरान मंच पर एक-
सहारनपुर। रामपुर मनिहारान की स्वाभिमान रैली में चारू चौधरी का करीब तीन मिनट का संबोधन भले ही छोटा रहा हो, लेकिन सियासी संदेश के लिहाज से यह रालोद के लिए अहम दिखाई दिया। मंच से उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मुझे अपने समाज और अपने पति पर गर्व है। यह महज भावनात्मक प्रतिक्रिया नहीं थी, बल्कि हालिया राजनीतिक बयानबाजी के बीच इसे सीधे पलटवार के तौर पर देखा गया।
संबोधन के दौरान चारू चौधरी के चेहरे के भाव गंभीर रहे। उनके शब्दों और अंदाज में आक्रामकता से ज्यादा आत्मसम्मान का भाव दिखाई दिया। उन्होंने अपना पूरा फोकस अखिलेश यादव के बयान पर रखा और उसी के इर्द-गिर्द अपनी बात रखी। इससे साफ संकेत गया कि रालोद इस मुद्दे को सिर्फ जयंत चौधरी तक सीमित नहीं रखना चाहता, बल्कि इसे सामाजिक सम्मान और राजनीतिक अस्मिता के सवाल से जोड़कर देख रहा है। राजनीतिक दृष्टि से चारू चौधरी का यह संबोधन इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि रालोद के मंच पर उनकी भूमिका अब केवल जयंत चौधरी की पत्नी तक सीमित दिखाई नहीं दे रही। उन्होंने महिला नेत्री के तौर पर अपनी अलग राजनीतिक उपस्थिति दर्ज कराने की कोशिश की है। चारू के इस संबोधन को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चाएं चल रही हैं।
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संबोधन के दौरान चारू चौधरी के चेहरे के भाव गंभीर रहे। उनके शब्दों और अंदाज में आक्रामकता से ज्यादा आत्मसम्मान का भाव दिखाई दिया। उन्होंने अपना पूरा फोकस अखिलेश यादव के बयान पर रखा और उसी के इर्द-गिर्द अपनी बात रखी। इससे साफ संकेत गया कि रालोद इस मुद्दे को सिर्फ जयंत चौधरी तक सीमित नहीं रखना चाहता, बल्कि इसे सामाजिक सम्मान और राजनीतिक अस्मिता के सवाल से जोड़कर देख रहा है। राजनीतिक दृष्टि से चारू चौधरी का यह संबोधन इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि रालोद के मंच पर उनकी भूमिका अब केवल जयंत चौधरी की पत्नी तक सीमित दिखाई नहीं दे रही। उन्होंने महिला नेत्री के तौर पर अपनी अलग राजनीतिक उपस्थिति दर्ज कराने की कोशिश की है। चारू के इस संबोधन को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चाएं चल रही हैं।
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