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Saharanpur News: रियल नहीं हो सके जिले के 99 हजार अंश गाटे
Tue, 29 Jul 2025 12:27 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Tue, 29 Jul 2025 12:27 AM IST
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सहारनपुर। जिले में खतौनी और अंश निर्धारण को रियल टाइम खतौनी के तहत ऑनलाइन दर्ज किया जा रहा है। अभी तक जिले के 99 हजार से अधिक अंश गाटे रियल नहीं हो पाए हैं। राजस्व कर्मी कार्य लक्ष्य हासिल करने में लगे हैं।
जिले की पांचों तहसीलों में रियल टाइम खतौनी का कार्य किया जा रहा है। रियल टाइम खतौनी में प्रत्येक गाटे की अलग खतौनी तैयार करनी होती है। इससे भविष्य में भूमि विवाद की स्थिति नहीं बनती। कोई भी काश्तकार अपने अंश से ज्यादा की जमीन की बिक्री भी नहीं कर सकता। कई मामले ऐसे हैं, जिनमें काश्तकारों ने जमीन तो निवेश के लिए खरीद ली, लेकिन वहां रहते नहीं हैं। ऐसे में राजस्व कर्मियों को भी अंश निर्धारण के लिए मालिकों को ढूंढने में परेशानी हो रही है। सबसे बड़ी परेशानी संयुक्त खाते के अंश निर्धारण में भी आ रही है।
जिले में 1663 कुल राजस्व ग्राम है। जिनमें कुल गाटों की संख्या 805562 है। इनमें से अंश निर्धारण में सबसे पीछे बेहट तहसील है, जबकि रामपुर मनिहारान तहसील में अभी तक करीब 98 फीसदी कार्य पूरा हो चुका है।
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जिले की देवबंद तहसील में 27,193 अंश गाटे रियल नहीं हो पाए हैं। इसी तरह नकुड़ में 19692, बेहट में 36226, रामपुर मनिहारान में 2021 गाटे अभी तक रियल नहीं हो पाए हैं। सदर तहसील जिले की सबसे बड़ी तहसील है। यहां पर कुल राजस्व ग्रामों की संख्या 473 है। यहां पर 14121 अंश निर्धारण रियल नहीं हो पाया है। यह कुल अंश निर्धारण का 92.48 फीसदी है।
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जिले की पांचों तहसीलों में रियल टाइम खतौनी का कार्य किया जा रहा है। रियल टाइम खतौनी में प्रत्येक गाटे की अलग खतौनी तैयार करनी होती है। इससे भविष्य में भूमि विवाद की स्थिति नहीं बनती। कोई भी काश्तकार अपने अंश से ज्यादा की जमीन की बिक्री भी नहीं कर सकता। कई मामले ऐसे हैं, जिनमें काश्तकारों ने जमीन तो निवेश के लिए खरीद ली, लेकिन वहां रहते नहीं हैं। ऐसे में राजस्व कर्मियों को भी अंश निर्धारण के लिए मालिकों को ढूंढने में परेशानी हो रही है। सबसे बड़ी परेशानी संयुक्त खाते के अंश निर्धारण में भी आ रही है।
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जिले में 1663 कुल राजस्व ग्राम है। जिनमें कुल गाटों की संख्या 805562 है। इनमें से अंश निर्धारण में सबसे पीछे बेहट तहसील है, जबकि रामपुर मनिहारान तहसील में अभी तक करीब 98 फीसदी कार्य पूरा हो चुका है।
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जिले की देवबंद तहसील में 27,193 अंश गाटे रियल नहीं हो पाए हैं। इसी तरह नकुड़ में 19692, बेहट में 36226, रामपुर मनिहारान में 2021 गाटे अभी तक रियल नहीं हो पाए हैं। सदर तहसील जिले की सबसे बड़ी तहसील है। यहां पर कुल राजस्व ग्रामों की संख्या 473 है। यहां पर 14121 अंश निर्धारण रियल नहीं हो पाया है। यह कुल अंश निर्धारण का 92.48 फीसदी है।