{"_id":"5cddad26bdec2207626c4484","slug":"71558031654-saharanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"चार घंटे ठप रहा बसों का संचालन, यात्री हुए हलकान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चार घंटे ठप रहा बसों का संचालन, यात्री हुए हलकान
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सहारनपुर। रमजान माह में रात तक बसें चलाए जाने के लिए दबाव बनाने पर बस चालक भड़क उठे। चालकों ने रोडवेज बस स्टैंड में बसें खड़ी कर दीं और चलाने से इंकार करते हुए हंगामा कर दिया। उन्होंने अधिकारियों पर अभद्रता का आरोप लगाया। करीब चार घंटे तक बसों का संचालन ठप रहा, जिस कारण बस स्टैंड पर यात्री परेशान रहे और गंतव्य तक पहुंचने के लिए वाहन तलाशते रहे।
बृहस्पतिवार को सुबह अंबाला रोड स्थित बस स्टैंड पर अनुबंधित बसों के चालकों ने बसें चलाने से इंकार कर दिया और एकत्रित होकर रोडवेज अधिकारियों के खिलाफ हंगामा किया। सुबह पांच बजे की बसें भी नहीं निकलीं तो यात्रियों की बस स्टैंड में भीड़ लग गई। इस बस स्टैंड से रामपुर मनिहारान, नानौता, शामली, लोनी रूट पर, सहारनपुर से गंगोह, शामली रूट पर और सहारनपुर से देवबंद, मुजफ्फरनगर, खतौली, मेरठ रूट पर बसें चलतीं हैं। इन रूटों के यात्रियों ने भी बसें न चलने से परेशान होकर अधिकारियों से शिकायत की। इसी दौरान पुलिस भी मौके पर पहुंची और चालकों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माने। फिर सूचना मिलने पर सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक जगदीश सिंह बस स्टैंड पर पहुंचे और चालकों को समझाने का प्रयास किया।
चालकों ने आरोप लगाया कि उन पर देर रात तक बसें चलाने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। उनसे कहा जा रहा है कि रात नौ बजे के बाद ही बस स्टैंड में बसें खड़ी की जाएं, जबकि दूर दराज के गांवों से आने वाले चालकों, परिचालकों को रात में घर पहुंचने में परेशानी होती है। रात में न तो यात्री ही मिलते हैं, जिससे बसें चलाई जाएं और फिर उनके घर पहुंचने का साधन नहीं मिल पाता। सुबह पांच बजे फिर से बसें निकालनी होती हैं, जबकि चालक अपने किलोमीटर पूरे करके ही बसें खड़ी करते हैं। उन्होंने रोडवेज के अधिकारियों पर अभद्रता एवं मारपीट करने का भी आरोप लगाया। चालकों ने कहा कि दो दिन पूर्व बस चालक मोनू को डीजल भरवाने के लिए बस खड़ी करने पर रोडवेज के अधिकारी ने थप्पड़ मारा था, ऐसा व्यवहार बर्दाश्त नहीं होगा। अधिकारियों के समझाने के बाद सुबह लगभग नौ बजे चालकों ने बसों का संचालन शुरू किया । हंगामा करने वालों में आमिर, सलीम, महमूद, शौकत, सादार, साबिर, गुलफाम, गुलरेज समेत अनेक चालक शामिल रहे।
विज्ञापन
रमजान में चार बजे ही बसें खड़ी कर जाना चाहते हैं चालक : एआरएम
सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक जगदीश सिंह का कहना है कि रमजान के चलते चालक शाम चार-पांच बजे ही बसें खड़ी करना चाहते हैं, जबकि उसके बाद यात्रियों को काफी परेशानी होती है। उन्होंने रात आठ बजे से पहले बसें खड़ी करने से इंकार किया था। जिस कारण बस चालक हंगामा कर रहे हैं। बिना किलोमीटर पूरे हुए और समय से पहले बसों को रोडवेज बस स्टैंड में खड़ी नहीं करने दिया जाएगा।
बस में घुसकर मारा थप्पड़ : चालक मोनू
बस चालक मोनू ने आरोप लगाया कि वह डीजल पंप पर बस में डीजल भरवाने के लिए गया था। उसने पंप पर बस खड़ी की थी, उसी समय रोडवेज के एक अधिकारी ने उसे धमकी दी और बस में घुसकर उसको थप्पड़ मार दिया। जिसकी जानकारी उसने अन्य चालकों को दी। अधिकारी के इस रवैये से सभी चालक नाराज हैं।
यात्री रहे परेशान
अनुबंधित बस चालकों द्वारा लगभग चार घंटे तक बसों का संचालन बंद किए जाने के चलते यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। शामली, मुजफ्फरनगर जाने वाले यात्रियों की बस स्टैंड में भीड़ लगी रही। शामली जा रहे नुमाइश कैंप निवासी विकास सिंह ने बताया कि सुबह साढ़े छह बजे स बस स्टैंड पर बसें चलने का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन कोई बस नहीं चली। उन्हें आठ बजे तक शामली पहुंचना था, लेकिन नौ बजने तक बसें चली ही नहीं। जिससे उन्हें काफी दिक्कत हुई। लोनी जाने के लिए बस का इंतजार कर रहे चुन्हैटी निवासी महेश कुमार ने बताया कि दस बजे तक उन्हें लोनी पहुंचना था। लेकिन अब वह दोपहर एक बजे तक नहीं पहुंच पाएंगे, इसलिए उन्हें वापस जाना पड़ रहा है।
आरोप गलत है : आरएम
परिवहन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक मनोज कुमार का कहना है कि किसी भी अधिकारी पर थप्पड़ मारने का आरोप गलत है। सिर्फ सड़क से बस हटाने के लिए कहा गया था और कार्रवाई की चेतावनी दी थी। चालक मोनू ने सड़क पर ही बस खड़ी कर दी थी, जिससे सड़क पर जाम की स्थिति बन गई थी।
विज्ञापन
बृहस्पतिवार को सुबह अंबाला रोड स्थित बस स्टैंड पर अनुबंधित बसों के चालकों ने बसें चलाने से इंकार कर दिया और एकत्रित होकर रोडवेज अधिकारियों के खिलाफ हंगामा किया। सुबह पांच बजे की बसें भी नहीं निकलीं तो यात्रियों की बस स्टैंड में भीड़ लग गई। इस बस स्टैंड से रामपुर मनिहारान, नानौता, शामली, लोनी रूट पर, सहारनपुर से गंगोह, शामली रूट पर और सहारनपुर से देवबंद, मुजफ्फरनगर, खतौली, मेरठ रूट पर बसें चलतीं हैं। इन रूटों के यात्रियों ने भी बसें न चलने से परेशान होकर अधिकारियों से शिकायत की। इसी दौरान पुलिस भी मौके पर पहुंची और चालकों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माने। फिर सूचना मिलने पर सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक जगदीश सिंह बस स्टैंड पर पहुंचे और चालकों को समझाने का प्रयास किया।
विज्ञापन
चालकों ने आरोप लगाया कि उन पर देर रात तक बसें चलाने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। उनसे कहा जा रहा है कि रात नौ बजे के बाद ही बस स्टैंड में बसें खड़ी की जाएं, जबकि दूर दराज के गांवों से आने वाले चालकों, परिचालकों को रात में घर पहुंचने में परेशानी होती है। रात में न तो यात्री ही मिलते हैं, जिससे बसें चलाई जाएं और फिर उनके घर पहुंचने का साधन नहीं मिल पाता। सुबह पांच बजे फिर से बसें निकालनी होती हैं, जबकि चालक अपने किलोमीटर पूरे करके ही बसें खड़ी करते हैं। उन्होंने रोडवेज के अधिकारियों पर अभद्रता एवं मारपीट करने का भी आरोप लगाया। चालकों ने कहा कि दो दिन पूर्व बस चालक मोनू को डीजल भरवाने के लिए बस खड़ी करने पर रोडवेज के अधिकारी ने थप्पड़ मारा था, ऐसा व्यवहार बर्दाश्त नहीं होगा। अधिकारियों के समझाने के बाद सुबह लगभग नौ बजे चालकों ने बसों का संचालन शुरू किया । हंगामा करने वालों में आमिर, सलीम, महमूद, शौकत, सादार, साबिर, गुलफाम, गुलरेज समेत अनेक चालक शामिल रहे।
विज्ञापन
रमजान में चार बजे ही बसें खड़ी कर जाना चाहते हैं चालक : एआरएम
सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक जगदीश सिंह का कहना है कि रमजान के चलते चालक शाम चार-पांच बजे ही बसें खड़ी करना चाहते हैं, जबकि उसके बाद यात्रियों को काफी परेशानी होती है। उन्होंने रात आठ बजे से पहले बसें खड़ी करने से इंकार किया था। जिस कारण बस चालक हंगामा कर रहे हैं। बिना किलोमीटर पूरे हुए और समय से पहले बसों को रोडवेज बस स्टैंड में खड़ी नहीं करने दिया जाएगा।
बस में घुसकर मारा थप्पड़ : चालक मोनू
बस चालक मोनू ने आरोप लगाया कि वह डीजल पंप पर बस में डीजल भरवाने के लिए गया था। उसने पंप पर बस खड़ी की थी, उसी समय रोडवेज के एक अधिकारी ने उसे धमकी दी और बस में घुसकर उसको थप्पड़ मार दिया। जिसकी जानकारी उसने अन्य चालकों को दी। अधिकारी के इस रवैये से सभी चालक नाराज हैं।
यात्री रहे परेशान
अनुबंधित बस चालकों द्वारा लगभग चार घंटे तक बसों का संचालन बंद किए जाने के चलते यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। शामली, मुजफ्फरनगर जाने वाले यात्रियों की बस स्टैंड में भीड़ लगी रही। शामली जा रहे नुमाइश कैंप निवासी विकास सिंह ने बताया कि सुबह साढ़े छह बजे स बस स्टैंड पर बसें चलने का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन कोई बस नहीं चली। उन्हें आठ बजे तक शामली पहुंचना था, लेकिन नौ बजने तक बसें चली ही नहीं। जिससे उन्हें काफी दिक्कत हुई। लोनी जाने के लिए बस का इंतजार कर रहे चुन्हैटी निवासी महेश कुमार ने बताया कि दस बजे तक उन्हें लोनी पहुंचना था। लेकिन अब वह दोपहर एक बजे तक नहीं पहुंच पाएंगे, इसलिए उन्हें वापस जाना पड़ रहा है।
आरोप गलत है : आरएम
परिवहन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक मनोज कुमार का कहना है कि किसी भी अधिकारी पर थप्पड़ मारने का आरोप गलत है। सिर्फ सड़क से बस हटाने के लिए कहा गया था और कार्रवाई की चेतावनी दी थी। चालक मोनू ने सड़क पर ही बस खड़ी कर दी थी, जिससे सड़क पर जाम की स्थिति बन गई थी।