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आईटीआई के परीक्षा केंद्र पर मजिस्ट्रेट का छापा
Updated Fri, 09 Feb 2018 11:49 PM IST
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सहारनपुर। नकल की शिकायत पर मजिस्ट्रेट और सचल दल ने शुक्रवार को आईटीआई परीक्षा के एक केंद्र पर छापा मारा, जिससे हड़कंप मच गया। हालांकि वहां कोई नकल सामग्री नहीं मिली। उधर, राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था के प्रधानाचार्य का दावा है कि सख्ती की वजह से इस बार एक भी मामला नकल का सामने नहीं आया है।
पूर्व में आईटीआई की परीक्षाओं में नकल के मामने सामने आते रहे हैं। नकल के लिए ठेके तक होते रहे हैं। आईटीआई के लिए 22 केंद्र बनाए गए हैं। कुल 7916 परीक्षार्थी परीक्षा दे रहे हैं। परीक्षा में नकल पर नकेल कसने के लिए डीएम पीके पांडेय ने प्रत्येक केंद्र के लिए एक-एक सेक्टर मजिस्ट्रेट नियुक्त किया हुआ है। इनके अलावा फ्लाइंग स्क्वाड अलग से हैं। शुक्रवार को आईटीआई की ड्राइंग की परीक्षा थी। शिकायत मिली थी कि पुराना कलसिया रोड स्थित एक केंद्र के बाहर परीक्षार्थियों को नकल सामग्री की फोटो कॉपी बांटी गई है। कुछ पर्चे भी केंद्र के सामने पड़े मिले थे। इसकी शिकायत पर तुरंत मजिस्ट्रेट और सचल दल ने केंद्र पर छापा मारा, जिससे केंद्र पर तैनात कर्मचारियों और परीक्षार्थियों में हड़कंप मच गया। यहां परीक्षार्थियों के कपड़े तक उतरवा दिए गए। प्रधानाचार्य का दावा है कि मजिस्ट्रेट और सचल दल को नकल संबंधी कोई सामग्री नहीं मिली है।
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एक परीक्षा केंद्र पर नकल होने की सूचना मिली थी। हमने तुरंत सेक्टर मजिस्ट्रेट और फ्लाइंग स्क्वाड को मौके पर भेजा, मगर नकल की शिकायत झूठी निकली। पहले क्या होता रहा है उस पर मैं नहीं जाउंगा, मगर मैं दावा करता हूं कि इस बार की परीक्षाएं पूरी तरह नकलविहीन हैं। अभी तक एक भी मामला नकल का सामने नहीं आया है।
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वीपी सिंह, प्रधानाचार्य, राजकीय आईटीआई।
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पूर्व में आईटीआई की परीक्षाओं में नकल के मामने सामने आते रहे हैं। नकल के लिए ठेके तक होते रहे हैं। आईटीआई के लिए 22 केंद्र बनाए गए हैं। कुल 7916 परीक्षार्थी परीक्षा दे रहे हैं। परीक्षा में नकल पर नकेल कसने के लिए डीएम पीके पांडेय ने प्रत्येक केंद्र के लिए एक-एक सेक्टर मजिस्ट्रेट नियुक्त किया हुआ है। इनके अलावा फ्लाइंग स्क्वाड अलग से हैं। शुक्रवार को आईटीआई की ड्राइंग की परीक्षा थी। शिकायत मिली थी कि पुराना कलसिया रोड स्थित एक केंद्र के बाहर परीक्षार्थियों को नकल सामग्री की फोटो कॉपी बांटी गई है। कुछ पर्चे भी केंद्र के सामने पड़े मिले थे। इसकी शिकायत पर तुरंत मजिस्ट्रेट और सचल दल ने केंद्र पर छापा मारा, जिससे केंद्र पर तैनात कर्मचारियों और परीक्षार्थियों में हड़कंप मच गया। यहां परीक्षार्थियों के कपड़े तक उतरवा दिए गए। प्रधानाचार्य का दावा है कि मजिस्ट्रेट और सचल दल को नकल संबंधी कोई सामग्री नहीं मिली है।
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एक परीक्षा केंद्र पर नकल होने की सूचना मिली थी। हमने तुरंत सेक्टर मजिस्ट्रेट और फ्लाइंग स्क्वाड को मौके पर भेजा, मगर नकल की शिकायत झूठी निकली। पहले क्या होता रहा है उस पर मैं नहीं जाउंगा, मगर मैं दावा करता हूं कि इस बार की परीक्षाएं पूरी तरह नकलविहीन हैं। अभी तक एक भी मामला नकल का सामने नहीं आया है।
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वीपी सिंह, प्रधानाचार्य, राजकीय आईटीआई।