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39 मिनट का भाषण, सीएम पर कसे छह बार तंज
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सहारनपुर। तीतरो की जनसभा में सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव ने करीब 39 मिनट तक संबोधन किया। किसान, नौजवान और व्यापारियों से जुड़े मुद्दों को लेकर प्रदेश और केंद्र सरकार पर शब्दभेदी बाण चलाए। वहीं पूरे भाषण में छह बार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर तंज कसे।
रविवार को अखिलेश यादव तीतरो में जनसभा के मंच पर साढ़े 12 बजे पहुंच गए थे। इसके बाद 1:45 बजे उन्होंने अपना संबोधन शुरू किया और 2.24 संबोधन समाप्त दिया। इस तरह करीब 39 मिनट उन्होंने संबोधन किया।
इस तरह चलाए शब्दों के तीर
बिजली प्लांट का नाम नहीं ले सकते सीएम
अखिलेश यादव ने प्रदेश में बिजली की स्थिति को लेकर कहा कि बिजली कैसे बनवाएंगे, जब प्रदेश के मुख्यमंत्री बिजली बनाने वाले किसी प्लांट का नाम तक नहीं ले सकते। उन्होंने अंग्रेजी में बिजली उत्पादन प्लांट का नाम भी दो बार मंच से दोहराया।
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लखनऊ वालों की तो जोड़ी नहीं
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे पंडित शिवकुमार शास्त्री ने अखिलेश यादव और उनकी पत्नी डिंपल यादव की तारीफ में उन्हें लक्ष्मी - विष्णु, राधा - कृष्ण और सीता राम कह दिया। जब अखिलेश यादव ने संबोधन किया तो सीएम पर तंज कसते हुए बोले कि लखनऊ वालों की तो कोई जोड़ी ही नहीं है।
उत्तराखंड में ही ट्रांसफर कर दो
अखिलेश यादव ने कहा कि बगल के प्रदेश उत्तराखंड में तीन बार सीएम बदल गए। बार बार सीएम बदल रहे हैं, हम तो कहते हैं कि यूपी वालों को ही ट्रांसफर कर दो, जहां से आए हैं, वहीं पहुंच जाएंगे।
नाम बदलने में कोई मुकाबला नहीं
अखिलेश यादव ने कहा कि नाम बदलने में हमारे मुख्यमंत्री का कोई मुकाबला नहीं है। तंज कसते कहा कि कोई साथी लखनऊ में मुख्यमंत्री से मिलने पहुंच जाए तो यह गारंटी नहीं कि उसी नाम के साथ वापस आएगा, क्योंकि उसका भी नाम बदल देंगे।
नकल करते हैं यूपी के सीएम
अर्थव्यवस्था का जिक्र करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि दिल्ली वाले कहते थे अर्थव्यवस्था को पांच ट्रिलियन डालर की बना देंगे, यपी के सीएम भी नकल करने में पीछे नहीं और कह दिया कि अर्थव्यवस्था को एक ट्रिलियन डालर तक पहुंचा देंगे।
और जो गद्दी पर बैठे हैं
अखिलेश यादव ने कहा कि हम किसी का अपमान नहीं कर रहे, लेकिन ग्रंथों और शास्त्रों में जो पढ़ा है, उसमें यही जाना कि जो दूसरों के दुख को अपना समझे और माया के बीच रहकर भी माया से दूर रहे, उसी को योगी कहते हैं, लेकिन जो गद्दी पर बैठे हैं, वह इसके उलट हैं।
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रविवार को अखिलेश यादव तीतरो में जनसभा के मंच पर साढ़े 12 बजे पहुंच गए थे। इसके बाद 1:45 बजे उन्होंने अपना संबोधन शुरू किया और 2.24 संबोधन समाप्त दिया। इस तरह करीब 39 मिनट उन्होंने संबोधन किया।
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इस तरह चलाए शब्दों के तीर
बिजली प्लांट का नाम नहीं ले सकते सीएम
अखिलेश यादव ने प्रदेश में बिजली की स्थिति को लेकर कहा कि बिजली कैसे बनवाएंगे, जब प्रदेश के मुख्यमंत्री बिजली बनाने वाले किसी प्लांट का नाम तक नहीं ले सकते। उन्होंने अंग्रेजी में बिजली उत्पादन प्लांट का नाम भी दो बार मंच से दोहराया।
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लखनऊ वालों की तो जोड़ी नहीं
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे पंडित शिवकुमार शास्त्री ने अखिलेश यादव और उनकी पत्नी डिंपल यादव की तारीफ में उन्हें लक्ष्मी - विष्णु, राधा - कृष्ण और सीता राम कह दिया। जब अखिलेश यादव ने संबोधन किया तो सीएम पर तंज कसते हुए बोले कि लखनऊ वालों की तो कोई जोड़ी ही नहीं है।
उत्तराखंड में ही ट्रांसफर कर दो
अखिलेश यादव ने कहा कि बगल के प्रदेश उत्तराखंड में तीन बार सीएम बदल गए। बार बार सीएम बदल रहे हैं, हम तो कहते हैं कि यूपी वालों को ही ट्रांसफर कर दो, जहां से आए हैं, वहीं पहुंच जाएंगे।
नाम बदलने में कोई मुकाबला नहीं
अखिलेश यादव ने कहा कि नाम बदलने में हमारे मुख्यमंत्री का कोई मुकाबला नहीं है। तंज कसते कहा कि कोई साथी लखनऊ में मुख्यमंत्री से मिलने पहुंच जाए तो यह गारंटी नहीं कि उसी नाम के साथ वापस आएगा, क्योंकि उसका भी नाम बदल देंगे।
नकल करते हैं यूपी के सीएम
अर्थव्यवस्था का जिक्र करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि दिल्ली वाले कहते थे अर्थव्यवस्था को पांच ट्रिलियन डालर की बना देंगे, यपी के सीएम भी नकल करने में पीछे नहीं और कह दिया कि अर्थव्यवस्था को एक ट्रिलियन डालर तक पहुंचा देंगे।
और जो गद्दी पर बैठे हैं
अखिलेश यादव ने कहा कि हम किसी का अपमान नहीं कर रहे, लेकिन ग्रंथों और शास्त्रों में जो पढ़ा है, उसमें यही जाना कि जो दूसरों के दुख को अपना समझे और माया के बीच रहकर भी माया से दूर रहे, उसी को योगी कहते हैं, लेकिन जो गद्दी पर बैठे हैं, वह इसके उलट हैं।