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एक सप्ताह तक सोशल मीडिया पर विरोध करेंगी मुस्लिम महिलाएं
Updated Fri, 23 Feb 2018 12:45 AM IST
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देवबंद (सहारनपुर)। केंद्र सरकार के तीन तलाक बिल को राज्यसभा में पेश होने से रोकने के लिए मदरसा माहद आयशा सिद्दीकी कासिम उलूम लिल बनात की संचालन कमेटी ने फैसला लिया है कि मुस्लिम महिलाएं एक सप्ताह तक सोशल मीडिया पर इसका पुरजोर विरोध करेंगी। इसके लिए शरीयत हमारा सम्मान शीर्षक से विभिन्न लेख साइटों पोस्ट किए जाएंगे।
बृहस्पतिवार को मदरसा माहद आयशा सिद्दीकी की प्रबंधक इफ्फत नदीम ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा धार्मिक मामलों में किए जा रहे हस्तक्षेप का मुस्लिम महिलाएं लगातार विरोध कर रही हैं। उसके बावजूद सरकार अपनी हठधर्मी पर अड़ी हुई है। पिछले दिनों सरकार ने बिना जरूरत तीन तलाक देने पर तीन साल की सजा वाला बिल लोकसभा में पेश कर दिया। जिसे अब राज्यसभा में पेश करने की तैयारी की जा रही है। जबकि देशभर की मुस्लिम महिलाएं इस बिल को पहले ही नकार चुकी हैं। लेकिन उसके बावजूद सरकार इसे राज्यसभा में पारित करने पर तुली हुआ है। इसलिए उन्होंने फैसला लिया है कि बिल को राज्यसभा में पेश होने से रोकने के लिए मुस्लिम महिलाएं सोशल साइटों पर एक सप्ताह तक इसका विरोध करेंगी। इसके लिए शरीयत हमारा सम्मान शीर्षक से विभिन्न लेख लिखकर पोस्ट किए जाएंगे ताकि सरकार के कानों तक उनकी आवाज पहुंच सके।
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बृहस्पतिवार को मदरसा माहद आयशा सिद्दीकी की प्रबंधक इफ्फत नदीम ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा धार्मिक मामलों में किए जा रहे हस्तक्षेप का मुस्लिम महिलाएं लगातार विरोध कर रही हैं। उसके बावजूद सरकार अपनी हठधर्मी पर अड़ी हुई है। पिछले दिनों सरकार ने बिना जरूरत तीन तलाक देने पर तीन साल की सजा वाला बिल लोकसभा में पेश कर दिया। जिसे अब राज्यसभा में पेश करने की तैयारी की जा रही है। जबकि देशभर की मुस्लिम महिलाएं इस बिल को पहले ही नकार चुकी हैं। लेकिन उसके बावजूद सरकार इसे राज्यसभा में पारित करने पर तुली हुआ है। इसलिए उन्होंने फैसला लिया है कि बिल को राज्यसभा में पेश होने से रोकने के लिए मुस्लिम महिलाएं सोशल साइटों पर एक सप्ताह तक इसका विरोध करेंगी। इसके लिए शरीयत हमारा सम्मान शीर्षक से विभिन्न लेख लिखकर पोस्ट किए जाएंगे ताकि सरकार के कानों तक उनकी आवाज पहुंच सके।
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