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ऋण माफी के लिए 11 हजार 117 किसानों का चयन
Updated Tue, 08 Aug 2017 12:55 AM IST
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सहारनपुर। फसली ऋण मोचन योजना के तहत एक लाख रुपये तक का ऋण माफ करने के लिए जनपद में 11 हजार 117 किसानों का चयन किया गया है। यह जानकारी डीएम पीके पांडेय ने सोमवार को बैठक के दौरान दी। उन्होंने योजना का लाभ पाने के लिए बाकी किसानों से भी अपने आधार कार्ड को बैंक खाते से लिंक कराने की अपील की।
डीएम ने बताया कि जनपद में एक लाख 42 हजार 752 किसानों का डाटा फीड कर लिया गया है। डाटा फीड कराने वाले कृषकों में से केवल 51 हजार 719 किसानों का ही आधार कार्ड बैकों से लिंक है। दर्ज डाटा में से 11 हजार 117 किसानों का फसली ऋण मोचन योजना के अंतर्गत एक लाख रुपये का ऋण माफ करने के लिए चयन किया गया है। कहा कि अधिकांश विकास योजनाओं में लाभ पाने के लिए आधार कार्ड की उपलब्धता जरूरी है। सरकार ऐसे लघु व सीमांत किसानों को फसली ऋण योजना के अंतर्गत एक लाख रुपये की सीमा तक का फसली ऋण माफ करेगी, जिन किसानों ने 31 मार्च 2016 तक या इससे पूर्व ऋण प्रदाता संस्थाओं से ऋण प्राप्त किया है। उत्तर प्रदेश में निवास करने वाले ऐसे लघु व सीमांत किसान जिन्होंने प्रदेश के बैंक शाखाओं से ऋण लिया है। किसान के स्वामितत्व में की भूमि का कुल क्षेत्रफल लघु किसानों के लिए दो हेक्टेयर व सीमांत के लिए एक हेक्टेयर से अधिक नहीं होना चाहिए। ऐसे किसान जिनका ऋण रिजर्व बैंक के दिशा निर्देश पर प्राकृतिक आपदाओं के कारण पुनर्रचना कर की गई है। फसल ऋण मोचन योजना में लाभ पा सकेंगे। किसान द्वारा एक ही भूमि पर एक से अधिक बैंकों से लिए गए ऋण योजना के अंतर्गत फसली ऋण मोचन योजना का लाभ नहीं पा सकेंगे। किसानों की किसी भी समस्या के निदान अथवा जानकारी के लिए विकास भवन में एक कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। किसान कंट्रोल रूम के फोन नंबर 7252962623 या कंट्रोल रूम प्रभारी जिला भूमि संरक्षण अधिकारी राम जतन मिश्रा के मोबाइल नंबर 9235629467 पर संपर्क कर अधिक जानकारी पा सकते हैं। इसी प्रकार तहसील स्तर पर कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं। देवबंद के कंट्रोल रूम का नंबर 8395019653, नकुड़ का 8393820258, बेहट का 8006887552 तथा रामपुर मनिहारन का 9761667350 है।
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डीएम ने बताया कि जनपद में एक लाख 42 हजार 752 किसानों का डाटा फीड कर लिया गया है। डाटा फीड कराने वाले कृषकों में से केवल 51 हजार 719 किसानों का ही आधार कार्ड बैकों से लिंक है। दर्ज डाटा में से 11 हजार 117 किसानों का फसली ऋण मोचन योजना के अंतर्गत एक लाख रुपये का ऋण माफ करने के लिए चयन किया गया है। कहा कि अधिकांश विकास योजनाओं में लाभ पाने के लिए आधार कार्ड की उपलब्धता जरूरी है। सरकार ऐसे लघु व सीमांत किसानों को फसली ऋण योजना के अंतर्गत एक लाख रुपये की सीमा तक का फसली ऋण माफ करेगी, जिन किसानों ने 31 मार्च 2016 तक या इससे पूर्व ऋण प्रदाता संस्थाओं से ऋण प्राप्त किया है। उत्तर प्रदेश में निवास करने वाले ऐसे लघु व सीमांत किसान जिन्होंने प्रदेश के बैंक शाखाओं से ऋण लिया है। किसान के स्वामितत्व में की भूमि का कुल क्षेत्रफल लघु किसानों के लिए दो हेक्टेयर व सीमांत के लिए एक हेक्टेयर से अधिक नहीं होना चाहिए। ऐसे किसान जिनका ऋण रिजर्व बैंक के दिशा निर्देश पर प्राकृतिक आपदाओं के कारण पुनर्रचना कर की गई है। फसल ऋण मोचन योजना में लाभ पा सकेंगे। किसान द्वारा एक ही भूमि पर एक से अधिक बैंकों से लिए गए ऋण योजना के अंतर्गत फसली ऋण मोचन योजना का लाभ नहीं पा सकेंगे। किसानों की किसी भी समस्या के निदान अथवा जानकारी के लिए विकास भवन में एक कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। किसान कंट्रोल रूम के फोन नंबर 7252962623 या कंट्रोल रूम प्रभारी जिला भूमि संरक्षण अधिकारी राम जतन मिश्रा के मोबाइल नंबर 9235629467 पर संपर्क कर अधिक जानकारी पा सकते हैं। इसी प्रकार तहसील स्तर पर कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं। देवबंद के कंट्रोल रूम का नंबर 8395019653, नकुड़ का 8393820258, बेहट का 8006887552 तथा रामपुर मनिहारन का 9761667350 है।
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