{"_id":"5a3170a74f1c1b68678c1b0c","slug":"181513189543-saharanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"धान की फसल को सरकारी क्रय केंद्र पर बेचने का अनुरोध","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
धान की फसल को सरकारी क्रय केंद्र पर बेचने का अनुरोध
Updated Wed, 13 Dec 2017 11:55 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
साढ़ौली कदीम (सहारनपुर)। शासन के आदेश पर धान खरीद को लेकर किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें किसानों से अपनी धान की फसल को सहकारी क्रय केंद्र पर बेचने का आग्रह कर उसके लाभ के बारे में बताया।
बुधवार को गंदेवड़ में भारतीय खाद्य निगम के गोदाम पर किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें वरिष्ठ विपणन अधिकारी अनुराधा मिश्रा ने किसानों से आग्रह किया कि वे अपनी धान की फसल की सरकारी क्रय केंद्र पर ही बिक्री करें। इससे प्रदेश एवं किसान दोनों का विकास होगा। उन्होंने किसानों को बताया कि सरकारी क्रय केंद्र पर फसल बेचने वाले किसानों को लक्की ड्रा का कूपन भी मिलता है। इससे अनेक किसान पुरस्कार प्राप्त कर चुके हैं। किसानों का कहना है कि जब उनकी सारी फसल मंडियों में बिक चुकी, तब प्रशासन को उनकी याद आई। धान की फसल की खरीद को लेकर वे क्षेत्र में लगातार क्रय केंद्र बनाये जाने की मांग करते रहे। परंतु क्षेत्र में आसपास एक भी क्रय केंद्र नहीं खोला गया। ऐसे में उन्हें अपना धान मजबूरन पड़ोसी राज्य हरियाणा की मंडियों में बेचना पड़ा। गोष्ठी में किसानों ने गोदाम पर धान एवं गेहूं क्रय केंद्र प्रतिवर्ष संचालित किये जाने की मांग भी की। गोष्ठी में रिषीपाल सिंह, योगेंद्र कुमार, आनंद कुमार, ब्रजपाल सिंह, कुलदीप सिंह, अवनीश कुमार, इसम सिंह, भूषण सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
बुधवार को गंदेवड़ में भारतीय खाद्य निगम के गोदाम पर किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें वरिष्ठ विपणन अधिकारी अनुराधा मिश्रा ने किसानों से आग्रह किया कि वे अपनी धान की फसल की सरकारी क्रय केंद्र पर ही बिक्री करें। इससे प्रदेश एवं किसान दोनों का विकास होगा। उन्होंने किसानों को बताया कि सरकारी क्रय केंद्र पर फसल बेचने वाले किसानों को लक्की ड्रा का कूपन भी मिलता है। इससे अनेक किसान पुरस्कार प्राप्त कर चुके हैं। किसानों का कहना है कि जब उनकी सारी फसल मंडियों में बिक चुकी, तब प्रशासन को उनकी याद आई। धान की फसल की खरीद को लेकर वे क्षेत्र में लगातार क्रय केंद्र बनाये जाने की मांग करते रहे। परंतु क्षेत्र में आसपास एक भी क्रय केंद्र नहीं खोला गया। ऐसे में उन्हें अपना धान मजबूरन पड़ोसी राज्य हरियाणा की मंडियों में बेचना पड़ा। गोष्ठी में किसानों ने गोदाम पर धान एवं गेहूं क्रय केंद्र प्रतिवर्ष संचालित किये जाने की मांग भी की। गोष्ठी में रिषीपाल सिंह, योगेंद्र कुमार, आनंद कुमार, ब्रजपाल सिंह, कुलदीप सिंह, अवनीश कुमार, इसम सिंह, भूषण सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन