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मतदाता पहचान पत्र नहीं होने पर 12 अन्य विकल्प
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सहारनपुर। उप जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. अर्चना द्विवेदी ने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार विधानसभा चुनाव में मतदान के लिए मतदाता को अपना मतदाता पहचान पत्र देना होगा। मतदाता फोटो पहचान पत्र नहीं होने पर मतदाता को 12 अन्य विकल्पों में से एक को प्रस्तुत करना होगा।
उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि मतदाता पहचान पत्र के विकल्प के रूप में मतदाता अपनी पहचान स्थापित करने के लिए आधार कार्ड, मनरेगा जॉब कार्ड, बैंकों एवं डाकघरों द्वारा जारी की गई फोटो युक्त पासबुक, श्रम मंत्रालय की योजना के तहत जारी स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, एनपीआर के तहत आरजीआई द्वारा जारी किए गए स्मार्ट कार्ड प्रस्तुत कर सकते हैं। इसके अलावा भारतीय पासपोर्ट, फोटोयुक्त पेंशन दस्तावेज, केन्द्र सरकार, राज्य सरकार, लोक उपक्रम, पब्लिक लिमिटेड कंपनियों द्वारा अपने कर्मचारियों को जारी किए गए फोटोयुक्त सेवा पहचान-पत्र, सांसदों, विधायकों, विधान परिषद सदस्यों को जारी किए गए सरकारी पहचान पत्र, यूनिक डिसएबिलिटी आईडी (यूडीआईडी) कार्ड, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय भारत सरकार द्वारा जारी दस्तावेजों में से कोई एक प्रस्तुत किए जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि मतदाता फोटो पहचानपत्र के संबंध में, लेखन अशुद्ध, वर्तनी की अशुद्धि इत्यादि को नजरअंदाज कर देना चाहिए, बशर्ते निर्वाचक की पहचान वोटर कार्ड से सुनिश्चित की जा सके। फोटोग्राफ आदि से बेमेल होने के कारण मतदाता की पहचान सुनिश्चित करना सम्भव न हो तब मतदाता को वैकल्पिक फोटो दस्तावेज को प्रस्तुत करना होगा।
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उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि मतदाता पहचान पत्र के विकल्प के रूप में मतदाता अपनी पहचान स्थापित करने के लिए आधार कार्ड, मनरेगा जॉब कार्ड, बैंकों एवं डाकघरों द्वारा जारी की गई फोटो युक्त पासबुक, श्रम मंत्रालय की योजना के तहत जारी स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, एनपीआर के तहत आरजीआई द्वारा जारी किए गए स्मार्ट कार्ड प्रस्तुत कर सकते हैं। इसके अलावा भारतीय पासपोर्ट, फोटोयुक्त पेंशन दस्तावेज, केन्द्र सरकार, राज्य सरकार, लोक उपक्रम, पब्लिक लिमिटेड कंपनियों द्वारा अपने कर्मचारियों को जारी किए गए फोटोयुक्त सेवा पहचान-पत्र, सांसदों, विधायकों, विधान परिषद सदस्यों को जारी किए गए सरकारी पहचान पत्र, यूनिक डिसएबिलिटी आईडी (यूडीआईडी) कार्ड, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय भारत सरकार द्वारा जारी दस्तावेजों में से कोई एक प्रस्तुत किए जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि मतदाता फोटो पहचानपत्र के संबंध में, लेखन अशुद्ध, वर्तनी की अशुद्धि इत्यादि को नजरअंदाज कर देना चाहिए, बशर्ते निर्वाचक की पहचान वोटर कार्ड से सुनिश्चित की जा सके। फोटोग्राफ आदि से बेमेल होने के कारण मतदाता की पहचान सुनिश्चित करना सम्भव न हो तब मतदाता को वैकल्पिक फोटो दस्तावेज को प्रस्तुत करना होगा।
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