फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   नसबंदी के बावजूद बढ़ गई कुतो की संख्या

नसबंदी के बावजूद बढ़ गई कुतो की संख्या

Wed, 13 Feb 2019 12:29 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Wed, 13 Feb 2019 12:29 AM IST
विज्ञापन
नसबंदी के बावजूद बढ़ गई कुतो की संख्या
सहारनपुर। नगर निगम ने पिछले वर्ष कुत्तों की नसबंदी पर नौ लाख रुपये खर्च किए, मगर कुत्तों की संख्या घटने के बजाए और बढ़ गई है। इसका बेहतर उदाहरण नगर निगम परिसर खुद है, जहां बड़ी संख्या में कुत्ते मंडराते रहते हैं, जिनकी वजह से निगम कर्मचारी खुद परेशान हैं। इतना ही नहीं, महापौर और नगरायुक्त के कार्यालयों के बाद 24 घंटे कुत्तों का जमावड़ा देखा जा सकता है।
विज्ञापन

नगर में आवारा कुत्तों का आतंक है। कई बार कुत्ते हिंसक होकर लोगों को नुकसान पहुंचा चुके हैं। करीब आठ महीने पहले शहर से सटे शेखपुरा कदीम में कुत्तों के झुंड ने छह वर्ष के बच्चे को नोंचकर मार डाला था। लोगों को आवारा कुत्तों से निजात दिलाने के नाम पर नगर निगम ने आवारा कुत्तों की नसबंदी के लिए अभियान चलाया, जिसपर नौ लाख रुपये खर्च हुए थे। मगर नसबंदी के बावजूद नगर में कुत्तों की संख्या बढ़ रही है। दिन भर नगर निगम कार्यालयों में कुत्ते और उनके बच्चे मंडराते हैं, जिससे कर्मचारी भी परेशान हैं। महापौर संजीव वालिया और नगरायुक्त ज्ञानेंद्र सिंह के दफ्तरों के बाहर भी कुत्तों का जमावड़ा रहता है।
विज्ञापन


कुत्तों के आतंक से लोग परेशान
आवारा कुत्तों के आतंक से लोग परेशान हैं। मंगलवार को भी बड़ी संख्या में लोग नगरायुक्त ज्ञानेंद्र सिंह और नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. गीताराम से मिले। उक्त लोगों ने बताया कि उनकी कॉलोनी में बड़ी संख्या में आवारा कुत्ते रहते हैं, जो गंदगी फैलाने के साथ ही लोगों पर हमला भी कर रहे हैं। उन्होंने कुत्तों से निजात दिलाने की मांग नगरायुक्त से की। नगरायुक्त ने इस संबंध में कदम उठाने के लिए नगर स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देशित किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


कुत्ते रखने को बाड़ा बनाने की तैयारी
नगर निगम शहर में आवारा कुत्तों को कम करने के लिए बाड़े बनाने की तैयारी में है। पिछले दिनों हुई नगर निगम बोर्ड की बैठक में पार्षदों ने यह मामला उठाया था, जिसके बाद कुत्तों से निपटने के लिए एक प्रस्ताव भी लाया गया। पहले कुत्तों को पकड़कर शहर से बाहर छोड़ने की बात कही जा रही थी, मगर बाद में कुत्तों के लिए शहर में ही बाड़े बनाने का प्रस्ताव लाया गया, जो विचाराधीन है।

कुत्ते ने गंदा किया तो मालिक भरेगा जुर्माना
शहर में बड़ी संख्या में लोगों ने अलग-अलग नस्ल के कुत्ते पाले हुए हैं। अक्सर देखा गया है कि लोग कुत्तों को टहलाने के बहाने घरों से बाहर लेकर निकलते हैं। ज्यादातर कुत्ते घर के बाहर आकर ही गंदगी करते हैं। नगरायुक्त ज्ञानेंद्र सिंह ने इसे गंभीरता से लिया है। उन्होंने शहर में गंदगी फैलाने वाले पालतू कुत्तों को चिह्नित कर उनके मालिकों पर पांच हजार रुपये का जुर्माना लगाने के निर्देश नगर स्वास्थ्य अधिकारी को दिए हैं।


नसबंदी के बाद कुत्तों की संख्या में काफी कमी आई है। फिर भी नगर निगम लोगों को आवारा कुत्तों से निजात दिलाने के लिए बाड़े बनाने की सोच रहा है। शहर को साफ सुथरा बनाने के लिए नगर निगम हर तरह के कदम उठा रहा है। खुले में लघुशंका करने वालों पर जुर्माना लगाया जा रहा है। पालतू कुत्तों द्वारा शहर में गंदगी करने पर उनके मालिकों पर जुर्माना लगाने को कहा गया है।
- ज्ञानेंद्र सिंह, नगरायुक्त।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed