रामपुर। मिलक कोतवाली में आजम खां के खिलाफ भड़काऊ भाषण देने के आरोप में दर्ज मुकदमे की सुनवाई करते हुए कोर्ट ने बचाव पक्ष के अधिवक्ता और अभियोजन पक्ष के तर्क को सुना। कोर्ट ने बचाव पक्ष से कहा है कि आजम खां के बयान शपथपत्र के माध्यम दर्ज कराएं, नहीं तो वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से उनके बयान दर्ज किए जाएंगे। अब इस मामले में अगली सुनवाई 27 सितंबर को होगी।
इस मामले में पिछले दिनों कोर्ट ने आजम खां को व्यक्तिगत रूप से पेश होने का आदेश दिया था। सेहत खराब होने की वजह से कोर्ट में पेश नहीं हो सके थे। इसके बाद कोर्ट ने सीएमओ को मेडिकल बोर्ड का गठन कर उनकी सेहत की जांच कर कर रिपोर्ट देने का आदेश दिया था। सीएमओ ने बोर्ड का गठन भी कर दिया था, लेकिन आजम खां के रामपुर में न होने की वजह से उनकी सेहत की जांच नहीं हो सकी है। इस वजह से मेडिकल बोर्ड कोर्ट में अपनी रिपोर्ट पेश नहीं कर पाया है। शनिवार को इस मामले की सुनवाई एमपी-एमएलए कोर्ट मजिस्ट्रेट ट्रायल में हुई। कोर्ट ने बचाव पक्ष से पूछा है कि आजम खां के बयान जरिए शपथपत्र पेश करें या कोर्ट नियमावली के अनुसार वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए बयान दर्ज करे। अब इस मामले की अगली सुनवाई 27 सितंबर को होगी।