रामपुर। आबकारी आयुक्त, उत्तर प्रदेश के निर्देशों के अनुपालन में विधान सभा सामान्य निर्वाचन-2022 के दृष्टिगत उत्तर प्रदेश व उत्तराखंड राज्य के सीमावर्ती क्षेत्र के आबकारी अधिकारियों की संयुक्त बैठक लोक निर्माण विभाग के गेस्ट हाउस में संपन्न हुई। बैठक में दोनों राज्यों के संयुक्त आबकारी आयुक्त, उप आबकारी आयुक्त तथा सहायक आबकारी आयुक्त स्तर के अधिकारियों द्वारा प्रतिभाग किया गया।
बैठक में दोनों राज्यों में अवैध शराब के व्यापार में संदिग्ध व्यक्तियों का चिन्हिकरण कर आपस में सूचना का आदान-प्रदान करने के बारे में निर्देश दिए गए। बॉर्डर पर सतर्क निगरानी कर संदिग्ध वाहनों की सूक्ष्मता से जांच किए जाने व सीमावर्ती क्षेत्रों के दोनों राज्यों में संदिग्ध अड्डों पर भी संयुक्त दबिश व प्रवर्तन कार्य किए जाने पर सहमति व्यक्त की गई। उत्तराखण्ड राज्य के संयुक्त आबकारी आयुक्त केके कांडपाल ने बताया कि उत्तर प्रदेश राज्य की भांति उनके यहां थोक व फुटकर अनुज्ञापनों पर सीसीटीवी कैमरे से निगरानी की जा रही है। जिला आबकारी अधिकारी एसके शर्मा ने बताया कि बैठक में उपस्थित अधिकारियों द्वारा दोनों राज्यों के संबंधित क्षेत्रीय अधिकारियों का एक व्हाट्सएप ग्रुप बनाकर अवैध शराब की रोकथाम के लिए आवश्यक सूचनाओं के आदान-प्रदान किए जाने पर सहमति व्यक्त की गई। संयुक्त आबकारी आयुक्त मेरठ जोन महेंद्र सिंह ने कहा कि चुनाव आयोग के निर्देशों के अनुपालन में अवैध शराब का कारोबार समूल रूप से नष्ट किए जाने के लिए संयुक्त प्रभावी प्रवर्तन कार्य निरंतर जारी रहेगा। बैठक में सीमावर्ती क्षेत्रों में कार्यरत आबकारी निरीक्षकगण भी बैठक में उपस्थित रहे।