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पोती की हत्या कर शव को पुआल में छुपाने वाले बाबा को उम्र कैद

Fri, 22 Nov 2019 11:54 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Fri, 22 Nov 2019 11:54 PM IST
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Granddaughter's killer imprisoned for life
रायबरेली। ऊंचाहार क्षेत्र में पोती के हत्यारे बाबा आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। मुकदमे की सुनवाई करते हुए अपर सत्र न्यायाधीश विनोद कुमार बरनवाल ने शुक्रवार को सजा सुनाई है। न्यायालय ने आरोपी बाबा पर 22 हजार रुपये का अर्थदंड भी ठोंका है।
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ऊंचाहार कोतवाली क्षेत्र के गंगेहरा गुलालगंज में 12 नवंबर 2013 की शाम करीब चार बजे वादी शंकरलाल की कक्षा पांच में पढ़ रही 10 साल की बेटी प्रियंका की हत्या करके शव को छुपा दिया गया था।
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अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी करने वाले एडीजीसी (क्रिमिनल) सुनील सिंह के मुताबिक मामले की रिपोर्ट ऊंचाहार थाना क्षेत्र के गंगेहरा गुलालगंज निवासी शंकरलाल ने दर्ज कराई थी। रिपोर्ट के अनुसार वादी का पिता महादेव कभी-कभी मानसिक रूप से विक्षिप्त हो जाता था।
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पोती प्रियंका को घटना की शाम दुकान से सामान दिलाने के बहाने ले गया था और खेत में ले जाकर उसकी गला काट कर हत्या कर दी थी।
प्रियंका की हत्या के बाद शव को पुआल में छिपा दिया था।
13 नवंबर 2013 को प्रियंका का शव बरामद हुआ था। पुलिस ने विवेचना के बाद मृतका के बाबा महादेव के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की थी। अपर सत्र न्यायाधीश विनोद कुमार बरनवाल ने मुकदमे की सुनवाई की।

कोर्ट ने दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्य के आधार पर बाबा महादेव को पोती की हत्या का दोषी करार दिया। न्यायालय ने बाबा को उम्र कैद की सजा सुनाने के साथ ही 22 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
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