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फसल बर्बाद, सदमे से किसान की मौत
रायबरेली/ अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 30 Sep 2015 11:06 PM IST
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परिवारीजनों का कहना है कि धान की फसल खराब होने के सदमे से किसान की मौत हुई है। बैंक से 20 हजार रुपये कर्ज भी लिया था, जिसे अभी तक चुकता नहीं कर पाया। तहसील प्रशासन गांव में जांच पड़ताल शुरू कर दी है। एसडीएम तिलोई ने कहा कि रिपोर्ट के आधार पर पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता दिलाई जाएगी।
छोटा कोलवा गांव निवासी हीरालाल (50) खेती करता था। इस बार चार बीघे खुद की और 10 बीघे बंटाई पर धान की फसल की रोपाई की थी। पानी की समुचित व्यवस्था न होने के कारण धान की फसल सूख रही है। इससे हीरालाल परेशान था। परिवारीजनों के अनुसार बुधवार सुबह हीरालाल खेत गया था और अचानक बेहोश होकर गिर पड़ा।
परिवारीजन जब तक उसे अस्पताल लेकर जाते, उसकी मौत हो गई। बेटे रामसुमेर ने बताया कि इस बार 14 बीघे में धान की फसल की रोपाई की गई थी। पानी की समुचित व्यवस्था न होने के कारण फसल सूख गई है। इतना ही नहीं गेहूं की फसल बर्बाद हो जाने से धान की रोपाई के समय बैंक से 20 हजार रुपये कर्ज लिया गया था।
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जो अभी तक जमा नहीं किया गया है। इससे पिता बहुत परेशान चल रहे थे। घटना की जानकारी होने पर नायब तहसीलदार गोमती प्रसाद, लेखपाल कमलेश शर्मा मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों और परिवारीजनों से बातचीत की। हालांकि परिवारीजनों ने शव का अंतिम संस्कार कर दिया।
एसडीएम तिलोई सूर्यकांत त्रिपाठी का कहना है कि किसान की मौत संज्ञान में आई है। राजस्व टीम को जांच के लिए गांव भेजा गया है। टीम की रिपोर्ट के आधार पर पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता दिलाई जाएगी।
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छोटा कोलवा गांव निवासी हीरालाल (50) खेती करता था। इस बार चार बीघे खुद की और 10 बीघे बंटाई पर धान की फसल की रोपाई की थी। पानी की समुचित व्यवस्था न होने के कारण धान की फसल सूख रही है। इससे हीरालाल परेशान था। परिवारीजनों के अनुसार बुधवार सुबह हीरालाल खेत गया था और अचानक बेहोश होकर गिर पड़ा।
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परिवारीजन जब तक उसे अस्पताल लेकर जाते, उसकी मौत हो गई। बेटे रामसुमेर ने बताया कि इस बार 14 बीघे में धान की फसल की रोपाई की गई थी। पानी की समुचित व्यवस्था न होने के कारण फसल सूख गई है। इतना ही नहीं गेहूं की फसल बर्बाद हो जाने से धान की रोपाई के समय बैंक से 20 हजार रुपये कर्ज लिया गया था।
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जो अभी तक जमा नहीं किया गया है। इससे पिता बहुत परेशान चल रहे थे। घटना की जानकारी होने पर नायब तहसीलदार गोमती प्रसाद, लेखपाल कमलेश शर्मा मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों और परिवारीजनों से बातचीत की। हालांकि परिवारीजनों ने शव का अंतिम संस्कार कर दिया।
एसडीएम तिलोई सूर्यकांत त्रिपाठी का कहना है कि किसान की मौत संज्ञान में आई है। राजस्व टीम को जांच के लिए गांव भेजा गया है। टीम की रिपोर्ट के आधार पर पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता दिलाई जाएगी।