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तालाब में बिना काम कराए 1.73 लाख डकारे
Updated Wed, 23 May 2018 11:33 PM IST
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तालाब में बिना काम कराए 1.73 लाख डकारे
रायबरेली। सलोन ब्लॉक के कमालुद्दीनपुर गांव में आदर्श बहादुरा तालाब के निर्माण में धन के हेरफेर का खुलासा हुआ है। जांच में करीब 1.73 लाख की हेराफेरी मिलने के बाद पूर्व प्रधान व ग्राम पंचायत अधिकारी को वसूली की चेतावनी दी गई है। डीपीआरओ ने कारण बताओ नोटिस देकर जवाब मांगा है।
सलोन ब्लॉक के कमालुद्दीपुर निवासी शंकरलाल व अन्य ग्रामीणों ने डीएम को शिकायतीपत्र देकर आरोप लगाया कि आदर्श तालाब की खोदाई के नाम पर जमकर मनमानी की गई है।
जिला उद्यान अधिकारी के नेतृत्व में बनी टीम ने कार्य की जांच की तो मनमानी सामने आ गई। जांच में पाया गया कि तालाब में प्रयोग में लगाए गए एंगिल व अन्य सामान पूर्व प्रधान उठा ले गए, लेकिन अब तक उसे तालाब में नहीं लगाया।
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जांच में 1.73 लाख रुपयों की हेराफेरी उजागर होने के बाद बुधवार को डीएम ने पूर्व प्रधान नयन प्रसाद वर्मा व तत्कालीन ग्राम पंचायत अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
सभी को 15 दिन में जवाब देने को कहा है। दोनों को वसूली की चेतावनी दी गई है। डीपीआरओ सीके वर्मा ने बताया कि 1.73 लाख रुपयों की मनमानी का मामला पकड़ में आया है। पूर्व प्रधान व ग्राम पंचायत अधिकारी को कारण बताओ नोटिस दी गई है।
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रायबरेली। सलोन ब्लॉक के कमालुद्दीनपुर गांव में आदर्श बहादुरा तालाब के निर्माण में धन के हेरफेर का खुलासा हुआ है। जांच में करीब 1.73 लाख की हेराफेरी मिलने के बाद पूर्व प्रधान व ग्राम पंचायत अधिकारी को वसूली की चेतावनी दी गई है। डीपीआरओ ने कारण बताओ नोटिस देकर जवाब मांगा है।
सलोन ब्लॉक के कमालुद्दीपुर निवासी शंकरलाल व अन्य ग्रामीणों ने डीएम को शिकायतीपत्र देकर आरोप लगाया कि आदर्श तालाब की खोदाई के नाम पर जमकर मनमानी की गई है।
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जिला उद्यान अधिकारी के नेतृत्व में बनी टीम ने कार्य की जांच की तो मनमानी सामने आ गई। जांच में पाया गया कि तालाब में प्रयोग में लगाए गए एंगिल व अन्य सामान पूर्व प्रधान उठा ले गए, लेकिन अब तक उसे तालाब में नहीं लगाया।
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जांच में 1.73 लाख रुपयों की हेराफेरी उजागर होने के बाद बुधवार को डीएम ने पूर्व प्रधान नयन प्रसाद वर्मा व तत्कालीन ग्राम पंचायत अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
सभी को 15 दिन में जवाब देने को कहा है। दोनों को वसूली की चेतावनी दी गई है। डीपीआरओ सीके वर्मा ने बताया कि 1.73 लाख रुपयों की मनमानी का मामला पकड़ में आया है। पूर्व प्रधान व ग्राम पंचायत अधिकारी को कारण बताओ नोटिस दी गई है।