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संघर्ष न करने वालों के लिए रायबरेली-यूपी की कांग्रेस में जगह नहीं-प्रियंका
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संघर्ष न करने वालों के लिए कांग्रेस में जगह नहीं : प्रियंका
रायबरेली। भुएमऊ गेस्ट में आयोजित आभार समारोह में शिरकत करने पहुंची कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका वाड्रा के तेवर तल्ख दिखे। उन्होंने जहां अपनी मां सोनिया गांधी की जीत का श्रेय जनता को दिया, वहीं जिला संगठन और कामचोरी करने वाले कुछ नेताओं को सख्त संदेश भी दिया।
उन्होंने कहा कि सच्चाई ये है कि आप सब में जिसने भी दिल से काम किया है, उसकी जानकारी आपको हो। और जिसने नहीं किया है, उसकी जानकारी मैं करूंगी। उन्होंने कहा कि मैंने हमेशा कहा है कि चुनाव संगठन लड़ाता है, लेकिन आज आपके सामने खड़े होकर कह रही हूं कि अपने सबने पूरे दिल से चुनाव नहीं लड़ा। उन्होंने कहा कि यह यह संघर्ष का समय है।
जो घबरा रहा है। जो समझौता करना चाहता है, जिसका दिल इस संघर्ष में नहीं है, उसके लिए रायबरेली कांग्रेस और यूपी की कांग्रेस में कोई जगह नहीं है। कांग्रेस में काम करना है, तो दिल से करना है और इसके लिए संघर्ष करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि हार की समीक्षा अभी आगे भी जारी रहेगी। जल्दी ही फिर यहां आऊंगी और एक-एक करके कार्यकर्ता व नेता से बात करूंगी।
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प्रियंका वाड्रा के तेवर इसलिए तीखे रहे कि क्योंकि उन्होंने लोकसभा चुनाव में हर विधानसभा क्षेत्र का तूफानी दौरा करने के साथ न सिर्फ तमाम नुक्कड़ सभाएं की और गांव-गांव घूमी। इस दौरान एक नारा चर्चा में रहा कि सोनिया गांधी पांचवीं बार और पांच लाख के पार। इस नारे का उद्देश्य रहा कि इस बार सोनिया गांधी को पांच लाख से ज्यादा वोटों से जिताना है, लेकिन यह नारा चुनाव परिणाम आए तो बेमतलब साबित हुआ। इस वजह से प्रियंका के तेवर तीखे रहे।
भुएमऊ गेस्ट हाऊस में प्रियंका वाड्र्रा ने पूर्वी उत्तर प्रदेश से आए हारे प्रत्याशियों व जिलाध्यक्षों के साथ समीक्षा बैठक की। इस दौरान सभी से एक-एक करके बात की। इस दौरान 2022 में होने वाले चुनाव में प्रियंका वाड्रा को मुख्यमंत्री का चेहरा घोषित करने की मांग भी उठाई गई। उनका कहना था कि सीएम का चेहरा बनने के बाद यूपी में कांग्रेस की जमीन मजबूत होगी और अपनी सरकार बनेगी। हालांकि इस संबंध में गांधी परिवार की ओर से कोई जवाब नहीं आया।
भुएमऊ गेस्ट हाऊस में एक तरफ जहां आभार समारोह में कांग्रेसियों ने गांधी परिवार की खरी खोटी सुनी, वहीं उसके बाद उन्होंने दावत भी उड़ाई। किसी ने पूड़ी, सब्जी, शाही पनीर का मजा लिया तो किसी ने तंदूरी रोटी और छोला खाया। किसी ने रसगुल्ला तो किसी ने आइसक्रीम का मजा लिया। भुएमऊ गेस्ट हाऊस में जिले के अलावा 40 जिलों से आए करीब तीन हजार से ज्यादा लोगों ने दावत उड़ाई।
इस दौरान खाने के साथ इस बात की भी चर्चा होती रही कि अगर गांधी परिवार के यही तेवर रहे तो कांग्रेस को आने वाले चुनाव में सत्ता पाने से कोई नहीं रोक सकता। एक दिवसीय दौरे के बाद कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष एवं सांसद सोनिया गांधी और उनकी बेटी प्रियंका वाड्रा दिल्ली जाने के लिए भुएमऊ गेस्ट हाऊस से निकलकर फुरसतगंज एयरपोर्ट पहुंच गई। यहां पर खराब मौसम का हवाला दिया गया।
बताया गया कि इस मौसम में हवाई जहाज उड़ पाना नामुकिन है। ऐसे में सोनिया और प्रियंका फिर वापस भुएमऊ गेस्ट हाउस पहुंच गई। माना जा रहा है कि रात विश्राम के बाद गुरुवार की सुबह दोनों नेता दिल्ली रवाना होंगे। अमावां ब्लॉक क्षेत्र के दाऊद नगर और संदी नागिन के पास सोनिया गांधी और प्रियंका वाड्रा का माल्यार्पण करके स्वागत किया किया।
अमावां ब्लॉक अध्यक्ष अजीत सिंह की अगुवाई में समर्थकों ने सोनिया और प्रियंका का जोरदार स्वागत किया। मां-बेटी ने सभी का आभार जताया। उधर, भुएमऊ गेस्ट हाऊस में सांसद प्रतिनिधि केएल शर्मा, कांग्रेस जिलाध्यक्ष वीके शुक्ला, विनय द्विवेदी, पंकज तिवारी, लाल आश किरन प्रताप सिंह, समाजसेवी जगदीश शुक्ला, हाजी उस्मान मौजूद रहे।
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रायबरेली। भुएमऊ गेस्ट में आयोजित आभार समारोह में शिरकत करने पहुंची कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका वाड्रा के तेवर तल्ख दिखे। उन्होंने जहां अपनी मां सोनिया गांधी की जीत का श्रेय जनता को दिया, वहीं जिला संगठन और कामचोरी करने वाले कुछ नेताओं को सख्त संदेश भी दिया।
उन्होंने कहा कि सच्चाई ये है कि आप सब में जिसने भी दिल से काम किया है, उसकी जानकारी आपको हो। और जिसने नहीं किया है, उसकी जानकारी मैं करूंगी। उन्होंने कहा कि मैंने हमेशा कहा है कि चुनाव संगठन लड़ाता है, लेकिन आज आपके सामने खड़े होकर कह रही हूं कि अपने सबने पूरे दिल से चुनाव नहीं लड़ा। उन्होंने कहा कि यह यह संघर्ष का समय है।
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जो घबरा रहा है। जो समझौता करना चाहता है, जिसका दिल इस संघर्ष में नहीं है, उसके लिए रायबरेली कांग्रेस और यूपी की कांग्रेस में कोई जगह नहीं है। कांग्रेस में काम करना है, तो दिल से करना है और इसके लिए संघर्ष करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि हार की समीक्षा अभी आगे भी जारी रहेगी। जल्दी ही फिर यहां आऊंगी और एक-एक करके कार्यकर्ता व नेता से बात करूंगी।
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प्रियंका वाड्रा के तेवर इसलिए तीखे रहे कि क्योंकि उन्होंने लोकसभा चुनाव में हर विधानसभा क्षेत्र का तूफानी दौरा करने के साथ न सिर्फ तमाम नुक्कड़ सभाएं की और गांव-गांव घूमी। इस दौरान एक नारा चर्चा में रहा कि सोनिया गांधी पांचवीं बार और पांच लाख के पार। इस नारे का उद्देश्य रहा कि इस बार सोनिया गांधी को पांच लाख से ज्यादा वोटों से जिताना है, लेकिन यह नारा चुनाव परिणाम आए तो बेमतलब साबित हुआ। इस वजह से प्रियंका के तेवर तीखे रहे।
भुएमऊ गेस्ट हाऊस में प्रियंका वाड्र्रा ने पूर्वी उत्तर प्रदेश से आए हारे प्रत्याशियों व जिलाध्यक्षों के साथ समीक्षा बैठक की। इस दौरान सभी से एक-एक करके बात की। इस दौरान 2022 में होने वाले चुनाव में प्रियंका वाड्रा को मुख्यमंत्री का चेहरा घोषित करने की मांग भी उठाई गई। उनका कहना था कि सीएम का चेहरा बनने के बाद यूपी में कांग्रेस की जमीन मजबूत होगी और अपनी सरकार बनेगी। हालांकि इस संबंध में गांधी परिवार की ओर से कोई जवाब नहीं आया।
भुएमऊ गेस्ट हाऊस में एक तरफ जहां आभार समारोह में कांग्रेसियों ने गांधी परिवार की खरी खोटी सुनी, वहीं उसके बाद उन्होंने दावत भी उड़ाई। किसी ने पूड़ी, सब्जी, शाही पनीर का मजा लिया तो किसी ने तंदूरी रोटी और छोला खाया। किसी ने रसगुल्ला तो किसी ने आइसक्रीम का मजा लिया। भुएमऊ गेस्ट हाऊस में जिले के अलावा 40 जिलों से आए करीब तीन हजार से ज्यादा लोगों ने दावत उड़ाई।
इस दौरान खाने के साथ इस बात की भी चर्चा होती रही कि अगर गांधी परिवार के यही तेवर रहे तो कांग्रेस को आने वाले चुनाव में सत्ता पाने से कोई नहीं रोक सकता। एक दिवसीय दौरे के बाद कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष एवं सांसद सोनिया गांधी और उनकी बेटी प्रियंका वाड्रा दिल्ली जाने के लिए भुएमऊ गेस्ट हाऊस से निकलकर फुरसतगंज एयरपोर्ट पहुंच गई। यहां पर खराब मौसम का हवाला दिया गया।
बताया गया कि इस मौसम में हवाई जहाज उड़ पाना नामुकिन है। ऐसे में सोनिया और प्रियंका फिर वापस भुएमऊ गेस्ट हाउस पहुंच गई। माना जा रहा है कि रात विश्राम के बाद गुरुवार की सुबह दोनों नेता दिल्ली रवाना होंगे। अमावां ब्लॉक क्षेत्र के दाऊद नगर और संदी नागिन के पास सोनिया गांधी और प्रियंका वाड्रा का माल्यार्पण करके स्वागत किया किया।
अमावां ब्लॉक अध्यक्ष अजीत सिंह की अगुवाई में समर्थकों ने सोनिया और प्रियंका का जोरदार स्वागत किया। मां-बेटी ने सभी का आभार जताया। उधर, भुएमऊ गेस्ट हाऊस में सांसद प्रतिनिधि केएल शर्मा, कांग्रेस जिलाध्यक्ष वीके शुक्ला, विनय द्विवेदी, पंकज तिवारी, लाल आश किरन प्रताप सिंह, समाजसेवी जगदीश शुक्ला, हाजी उस्मान मौजूद रहे।