{"_id":"5dfd1af48ebc3e87c20e5541","slug":"shops-closed-due-to-demonstration-pratapgarh-news-ald263535980","type":"story","status":"publish","title_hn":"नहीं खुली दुकानें, सहमे रहे दुकानदार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नहीं खुली दुकानें, सहमे रहे दुकानदार
विज्ञापन
shops closed due to demonstration
- फोटो : PRATAPGARH
प्रतापगढ़। शहर में बवाल की आशंका को देखते हुए शुक्रवार को सुबह से ही व्यापारियों ने अपनी दुकानें बंद रखीं। दुकानदार सहमे रहे। यहां तक कि शहर में वाहनों को नहीं चलने दिया गया। लखनऊ से आने वाली रोडवेज बसों पर पुलिस की निगाह टिकी रही। सवारी वाले वाहनों को भी शहर की सीमा पर रोक लिया जा रहा था। जिससे लोगों को पैदल आना-जाना पड़ रहा था।
नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में शुक्रवार को होने वाले प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस सतर्कता बरत रही थी। कारोबारी अनहोनी की आशंका से सहमे थे। शुक्रवार की सुबह से ही गल्ला मंडी, फलमंडी, सब्जीमंडी समेत पंजाबी मार्केट की अधिकांश दुकानें नहीं खुलीं। कारोबारी दुकानों पर पहुंचे, लेकिन माहौल अनुकूल न होने की वजह से ताला खोलने से बचते रहे। कुछ लोगों ने दुकानें खोलीं, लेकिन बाद में बंद कर दिया। हालांकि शहर के अन्य हिस्सों में दुकानें पूरी तरह से खुली रहीं। चौक से लेकर राजापाल चौराहा व पंजाबी मार्केट में अधिकांश दुकानें बंद रहीं। सब्जीमंडी से लेकर सिनेमा रोड तक की दुकानों का शटर गिरा रहा। पुलिस एहतियात के तौर पर हर ओर भागदौड़ करती रही।
लखनऊ से आने वाली बसों को मोहनगंज चौराहे पर रोका जा रहा था। लखनऊ से आने वाले यात्रियों से पूछताछ के बाद ही दूसरे वाहन से शहर की ओर भेजा जा रहा था। बसों को शहर आने से रोक दिया गया था। इसके अलावा पट्टी, कोंहडौर, रानीगंज, कुंडा, लालगंज से आने वाले सवारी वाहनों को भी शहर के सीमा के बाहर ही रोक लिया जा रहा था। बवाल की आशंका के चलते वाहनों का प्रवेश शहर में प्रतिबंधित कर दिया गया था। देर शाम तक वाहन से शहर से दूर ही रहे।
विज्ञापन
बंद हो गए ईरिक्शा, पैदल निकले लोग
शुक्रवार को दोपहर बाद अचानक शहर में चलने वाले ई रिक्शा नजर नहीं आए। बवाल की आशंका व पुलिस की भीड़ को देखते हुए ई रिक्शा चालक चौक, पंजाबी मार्केट समेत आसपास के इलाकों से दूरी बनाए रखे। जिसके चलते शहर आने वाले लोगों को पैदल ही वाहन के लिए चलना पड़ा। लोग सामान के साथ ही अपने परिवार के लोगों के साथ पैदल वाहन अड्डों की ओर जाते दिखाई पड़े।
बैरंग लौटे दूरदराज से आए खरीदार
शहर की दुकान से कपड़ा, किराना के सामान, जूता, चप्पल सहित अन्य सामानों को खरीदने के लिए ग्रामीण इलाके से आए लोगों को खाली हाथ लौटना पड़ा। सुबह से ही लोग दुकानें बंद किए रहे। कुछ दुकानें खुली जरूर थीं, लेकिन वे लोग भी भयभीत रहे। बाद में सभी ने दुकानें पूरी तरह से बंद कर दिया। दोपहर बाद तो पंजाबी मार्केट समेत आसपास के इलाके में अफरातफरी का माहौल दिखा। ग्राहकों को लोग बवाल होने की आशंका जताकर घर लौटाते रहे।
विज्ञापन
नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में शुक्रवार को होने वाले प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस सतर्कता बरत रही थी। कारोबारी अनहोनी की आशंका से सहमे थे। शुक्रवार की सुबह से ही गल्ला मंडी, फलमंडी, सब्जीमंडी समेत पंजाबी मार्केट की अधिकांश दुकानें नहीं खुलीं। कारोबारी दुकानों पर पहुंचे, लेकिन माहौल अनुकूल न होने की वजह से ताला खोलने से बचते रहे। कुछ लोगों ने दुकानें खोलीं, लेकिन बाद में बंद कर दिया। हालांकि शहर के अन्य हिस्सों में दुकानें पूरी तरह से खुली रहीं। चौक से लेकर राजापाल चौराहा व पंजाबी मार्केट में अधिकांश दुकानें बंद रहीं। सब्जीमंडी से लेकर सिनेमा रोड तक की दुकानों का शटर गिरा रहा। पुलिस एहतियात के तौर पर हर ओर भागदौड़ करती रही।
विज्ञापन
लखनऊ से आने वाली बसों को मोहनगंज चौराहे पर रोका जा रहा था। लखनऊ से आने वाले यात्रियों से पूछताछ के बाद ही दूसरे वाहन से शहर की ओर भेजा जा रहा था। बसों को शहर आने से रोक दिया गया था। इसके अलावा पट्टी, कोंहडौर, रानीगंज, कुंडा, लालगंज से आने वाले सवारी वाहनों को भी शहर के सीमा के बाहर ही रोक लिया जा रहा था। बवाल की आशंका के चलते वाहनों का प्रवेश शहर में प्रतिबंधित कर दिया गया था। देर शाम तक वाहन से शहर से दूर ही रहे।
विज्ञापन
बंद हो गए ईरिक्शा, पैदल निकले लोग
शुक्रवार को दोपहर बाद अचानक शहर में चलने वाले ई रिक्शा नजर नहीं आए। बवाल की आशंका व पुलिस की भीड़ को देखते हुए ई रिक्शा चालक चौक, पंजाबी मार्केट समेत आसपास के इलाकों से दूरी बनाए रखे। जिसके चलते शहर आने वाले लोगों को पैदल ही वाहन के लिए चलना पड़ा। लोग सामान के साथ ही अपने परिवार के लोगों के साथ पैदल वाहन अड्डों की ओर जाते दिखाई पड़े।
बैरंग लौटे दूरदराज से आए खरीदार
शहर की दुकान से कपड़ा, किराना के सामान, जूता, चप्पल सहित अन्य सामानों को खरीदने के लिए ग्रामीण इलाके से आए लोगों को खाली हाथ लौटना पड़ा। सुबह से ही लोग दुकानें बंद किए रहे। कुछ दुकानें खुली जरूर थीं, लेकिन वे लोग भी भयभीत रहे। बाद में सभी ने दुकानें पूरी तरह से बंद कर दिया। दोपहर बाद तो पंजाबी मार्केट समेत आसपास के इलाके में अफरातफरी का माहौल दिखा। ग्राहकों को लोग बवाल होने की आशंका जताकर घर लौटाते रहे।