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मोबाइल फूड टेस्टिंग वैन से परखी खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता
Wed, 09 Dec 2020 09:53 PM IST
विनोद सिंह
Pratapgarh
Pratapgarh
Published by: विनोद सिंह
Updated Wed, 09 Dec 2020 09:53 PM IST
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खाद्य सुरक्षा विभाग मिठाई के नमूने भरते हुए
- फोटो : amarujala
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम मोबाइल फूड टेस्टिंग वैन से प्रमुख चौराहों के दुकानदारों का सैंपल लेकर जांच किया। जिले में बुधवार को हुए 45 जांच में से दस का नमूना फेल हो गया। हालांकि किसी दुकानदार के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जा सकी। मगर लोगों को यह जरूर बता दिया गया कि वे जो समान बेंच रहे हैं वह सेहत के लिए नुकसानदाय है।
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अभिहित अधिकारी धीरेंद्र सिंह लखनऊ से आई मोबाइल फूड टेस्टिंग वैन के साथ सबसे पहले अम्बेडकर चौराहे पर पहुंचे। यहां एक दुकान से पनीर और चांदी वर्क का नमूना लेकर जांच कराया। जांच में चांदी वर्क फेल मिली। इस पर दुकानदार को उसे नष्ट करने का आदेश दिया गया। अभिहित अधिकारी ने बताया कि आधुनिक उपकरणों से लैश मोबाइल फूड टेस्टिंग वैन शहर के विभिन्न चौराहे पर पहुंची। चीफ फूड इंस्पेक्टर प्रदीपराय, रत्नेश, अंजनी, डीपी, राजिव मौजूद रहे। प्रदीप राय ने बताया कि इस वैन में आधुनिक उपकरणों से लैश एक पूरी प्रयोगशाला है, जिसमें तरल खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच के साथ ही उसका परिणाम तुरंत मिल जाता है।
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उन्होंने कहा कि विभाग का मुख्य उद्देेश्य लोगों को शुद्ध गुणवत्ता युक्त खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना और खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता के प्रति जागरूक करना है। उन्होंने बताया कि बुधवार को 45 दुकानों से सैंपल लेकर जांच किया गया। इनमें दस का सैंपल फेल हो गया। हालांकि इस जांच के आधार पर किसी के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जाती है। इसलिए दुकानदारों का नाम नहीं बताया जा सकता है। यदि लोग चाहे तो अपने घर पर बने खाद्य पदार्थ का भी जांच करवा सकते हैं।
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