{"_id":"582b534c4f1c1b58368ff071","slug":"problem-in-bank","type":"story","status":"publish","title_hn":"एसबीआई में भगदड़, 10 लोग घायल ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एसबीआई में भगदड़, 10 लोग घायल
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़
Updated Wed, 16 Nov 2016 12:40 AM IST
विज्ञापन
crime
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सोमवार को बंदी के बाद मंगलवार को बैंक खुलने पर रुपये जमा करने और पुराने नोट बदलने के लिए बैंकों में ग्राहकों की भ्ाीड़ उमड़ पड़ी। इस दौरान एसबीआई शाखा में मची भ्ागदड़ से 10 लोग घायल हो गए । शहर में तीन और कुंडा में महिला समेत छह लोगों के घायल होने की सूचना है।
पहले रुपये जमा करने और निकालने के चक्कर में लोग सुबह पांच बजे ही लाइन में लग गए। पैसे के लिए शाम के सात बजे तक बैंकों में धक्कामुक्की होती रही। एसबीआई की मुख्य शाखा के बाहर सुबह दस बजे गेट खुलते ही भगदड़ मच गई। तीन बुजुर्ग जमीन पर गिर पड़े। पुलिस की सक्रियता के चलते वह दबने से तो बच गए, लेकिन उन्हें गंभीर चोटें आ गईं। उधर, कुंडा की एसबीआई शाखा में भी महिला समेत सात लोग घायल हो गए। जिले के अधिकांश एटीएम में ताला लटकने के कारण आईसीआईसीआई, एक्सिस बैंक, एचडीएफसी, बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ बडौदा, पीएनबी, ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स और यूको बैंक में रुपये लेने के लिए ग्राहकों को मशक्कत करनी पड़ी।
सोमवार की बंदी के बाद मंगलवार को बैंक खुलने के पहले ग्राहकों की भीड़ उमड़ पड़ी। पुराने नोट जमा करने और सौ, पचास के नोटों को लेने के लिए बैंकों में लंबी लाइन में धक्के खाते रहे। एसबीआई की मुख्य शाखा के बाहर सुबह पांच बजे से ही लोग लंबी लाइन में खडे़ रहे। सुबह के दस बजते ही जैसे मुख्य गेट खुला वैसे ही भीड़ काउंटर की ओर दौड़ पड़ी। आगे के लोगों के दौड़ते ही पीछे लाइन में खडे़ ग्राहक एक दूसरे को धक्का देते हुए आगे बढ़ने का प्रयास करने लगे। इससे भगदड़ मच गई और लाइन में खडे़ तीन बुजुर्ग जमीन पर गिर पडे़। पुलिस की सक्रियता के चलते उनकी जान तो बच गई, मगर वह गंभीर रूप से चोटहिल हो गए। उनके साथ मौजूद परिजन उन्हें लेकर अस्पताल भागे।
विज्ञापन
एचडीएफसी में उस समय हंगामा खड़ा हो गया, जब एक व्यक्ति लाइन तोड़कर आगे बढ़ने का प्रयास करने लगा। इससे नाराज ग्राहकों ने उसका कॉलर पकड़कर खींच लिया। इससे बैंक परिसर में हंगामा खड़ा हो गया और ग्राहकों के बीच मारपीट की स्थिति पैदा हो गई। इससे नाराज बैंक कर्मियों ने एटीएम को बंद कर दिया। मंगलवार को बैंकों में उमड़ने वाली भीड़ में रुपये लेने वाले अधिक और जमा करने वाले कम थे। हालांकि जमा करने का सिलसिला मंगलवार को भी जारी रहा। इधर बैंकों में रुपये खत्म होने से भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बैंकों से दो हजार रुपये के नए नोट जो मिल भी रहे हैं, इससे उनकी समस्या और बढ़ रही है।
विज्ञापन
पहले रुपये जमा करने और निकालने के चक्कर में लोग सुबह पांच बजे ही लाइन में लग गए। पैसे के लिए शाम के सात बजे तक बैंकों में धक्कामुक्की होती रही। एसबीआई की मुख्य शाखा के बाहर सुबह दस बजे गेट खुलते ही भगदड़ मच गई। तीन बुजुर्ग जमीन पर गिर पड़े। पुलिस की सक्रियता के चलते वह दबने से तो बच गए, लेकिन उन्हें गंभीर चोटें आ गईं। उधर, कुंडा की एसबीआई शाखा में भी महिला समेत सात लोग घायल हो गए। जिले के अधिकांश एटीएम में ताला लटकने के कारण आईसीआईसीआई, एक्सिस बैंक, एचडीएफसी, बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ बडौदा, पीएनबी, ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स और यूको बैंक में रुपये लेने के लिए ग्राहकों को मशक्कत करनी पड़ी।
विज्ञापन
सोमवार की बंदी के बाद मंगलवार को बैंक खुलने के पहले ग्राहकों की भीड़ उमड़ पड़ी। पुराने नोट जमा करने और सौ, पचास के नोटों को लेने के लिए बैंकों में लंबी लाइन में धक्के खाते रहे। एसबीआई की मुख्य शाखा के बाहर सुबह पांच बजे से ही लोग लंबी लाइन में खडे़ रहे। सुबह के दस बजते ही जैसे मुख्य गेट खुला वैसे ही भीड़ काउंटर की ओर दौड़ पड़ी। आगे के लोगों के दौड़ते ही पीछे लाइन में खडे़ ग्राहक एक दूसरे को धक्का देते हुए आगे बढ़ने का प्रयास करने लगे। इससे भगदड़ मच गई और लाइन में खडे़ तीन बुजुर्ग जमीन पर गिर पडे़। पुलिस की सक्रियता के चलते उनकी जान तो बच गई, मगर वह गंभीर रूप से चोटहिल हो गए। उनके साथ मौजूद परिजन उन्हें लेकर अस्पताल भागे।
विज्ञापन
एचडीएफसी में उस समय हंगामा खड़ा हो गया, जब एक व्यक्ति लाइन तोड़कर आगे बढ़ने का प्रयास करने लगा। इससे नाराज ग्राहकों ने उसका कॉलर पकड़कर खींच लिया। इससे बैंक परिसर में हंगामा खड़ा हो गया और ग्राहकों के बीच मारपीट की स्थिति पैदा हो गई। इससे नाराज बैंक कर्मियों ने एटीएम को बंद कर दिया। मंगलवार को बैंकों में उमड़ने वाली भीड़ में रुपये लेने वाले अधिक और जमा करने वाले कम थे। हालांकि जमा करने का सिलसिला मंगलवार को भी जारी रहा। इधर बैंकों में रुपये खत्म होने से भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बैंकों से दो हजार रुपये के नए नोट जो मिल भी रहे हैं, इससे उनकी समस्या और बढ़ रही है।