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Pratapgarh: गुजरात से आए मजदूरों को नहीं देना पड़ा बस का किराया
Thu, 07 May 2020 12:02 AM IST
विनोद सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला ब्यूरो, प्रतापगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला ब्यूरो, प्रतापगढ़
Published by: विनोद सिंह
Updated Thu, 07 May 2020 12:02 AM IST
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pratapgarh
- फोटो : pratapgarh
गुजरात के साबरमती से आने वाले मजदूरों को बस का किराया नहीं देना पड़ा। प्रदेश सरकार बसों को किराये के रूप में 45,000-45,000 रुपये का भुगतान करेगी। ट्रेन का किराया चुकता करने वाले मजदूरों को जब यह जानकारी हुई कि उन्हें बस का किराया नहीं देना है तो उन्होंने राहत की सांस ली।
गुजरात से आने वाली श्रमिक स्पेशल ट्रेन में हमीरपुर, चित्रकूट, बलरामपुर, गोरखपुर, मऊ, गाजीपुर, बलिया, कुशीनगर, सिध्दार्थनगर, रायबरेली, अमेठी, सुल्तानपुर, अंबेडकरनगर, अयोध्या, वाराणसी, सोनभद्र, चंदौली, मिर्जापुर, ज्ञानपुर, आगरा, फिरोजाबाद, शिकोहाबाद, मथुरा, अलीगढ़, हाथरथ, बुलंदशहर, कानपुर, इटावा, मैनपुरी, उन्नाव, कन्नौज, फेतहपुर, कौशांबी, सीतापुर, पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, लखनऊ, झांसी आदि जिलों के 1172 मजदूर सवार थे।
इन लोगों को घरों तक छोड़ने के लिए परिवहन निगम की 40 बसें लगाई गई थीं। ट्रेन से उतरने वाले मजदूरों को सीधे बसों में बैठाया गया। मजदूरों को जब यह जानकारी हुई कि बस का किराया नहीं देना है तो वह बेहद खुश हुए। एआरएम एमआर भारती ने बताया कि शासन ने प्रति बस के लिए 45,000-45,000 रुपये का भुगतान करने को कहा है।
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गुजरात से आने वाली श्रमिक स्पेशल ट्रेन में हमीरपुर, चित्रकूट, बलरामपुर, गोरखपुर, मऊ, गाजीपुर, बलिया, कुशीनगर, सिध्दार्थनगर, रायबरेली, अमेठी, सुल्तानपुर, अंबेडकरनगर, अयोध्या, वाराणसी, सोनभद्र, चंदौली, मिर्जापुर, ज्ञानपुर, आगरा, फिरोजाबाद, शिकोहाबाद, मथुरा, अलीगढ़, हाथरथ, बुलंदशहर, कानपुर, इटावा, मैनपुरी, उन्नाव, कन्नौज, फेतहपुर, कौशांबी, सीतापुर, पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, लखनऊ, झांसी आदि जिलों के 1172 मजदूर सवार थे।
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इन लोगों को घरों तक छोड़ने के लिए परिवहन निगम की 40 बसें लगाई गई थीं। ट्रेन से उतरने वाले मजदूरों को सीधे बसों में बैठाया गया। मजदूरों को जब यह जानकारी हुई कि बस का किराया नहीं देना है तो वह बेहद खुश हुए। एआरएम एमआर भारती ने बताया कि शासन ने प्रति बस के लिए 45,000-45,000 रुपये का भुगतान करने को कहा है।
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