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प्रतापगढ़ : सड़क हादसे में बाइक सवार तीन दोस्तों की मौत, शव घर पहुंचने पर मचा कोहराम

Fri, 11 Feb 2022 08:51 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रतापगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, प्रतापगढ़ Published by: विनोद सिंह Updated Fri, 11 Feb 2022 08:51 PM IST
सार

कंधई थाना क्षेत्र के ईशनपुर निवासी श्रवण कुमार शर्मा (25) ट्रक चालक है। वह कुछ दिन पहले ही घर आया था। बृहस्पतिवार की शाम श्रवण अपनी बाइक लेकर ननिहाल बंधवा बाजार जाने के लिए निकला। उसने गांव के रहने वाले अपने दोस्त यूसुफ राईन (23) को भी साथ ले लिया।

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Pratapgarh: Three bike-riding friends died in a road accident, there was uproar when the dead body reached home
कंधई में सड़क हादसे में मृत श्रवण कुमार के रोते-बिलखते परिजन। - फोटो : प्रतापगढ़।

विस्तार

कंधई थाना क्षेत्र के पट्टी-चिलबिला मार्ग पर तेरहमील भैंसानी के करीब बृहस्पतिवार की रात सफारी कार की टक्कर से बाइक सवार तीन दोस्तों की मौत हो गई थी। शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद शवों के घर पहुंचने पर कोहराम मच गया। पुलिस ने कार चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। कार से शराब की बोतलें बरामद हुई हैं।

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कंधई थाना क्षेत्र के ईशनपुर निवासी श्रवण कुमार शर्मा (25) ट्रक चालक है। वह कुछ दिन पहले ही घर आया था। बृहस्पतिवार की शाम श्रवण अपनी बाइक लेकर ननिहाल बंधवा बाजार जाने के लिए निकला। उसने गांव के रहने वाले अपने दोस्त यूसुफ राईन (23) को भी साथ ले लिया। श्रवण ने ननिहाल जाने की बात अपने दोस्त दीपक वर्मा (24) निवासी भंगवा से भी बताई थी। वह भी उनके साथ हो लिया।
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तीनों बाइक से बंधवा बाजार गए। वहां से रात में घर लौट रहे थे। बनी तेरहमील के पूर्व भैंसौनी के निकट सामने से आ रही सफारी कार ने उनकी बाइक में टक्कर मार दिया। जिससे तीनों हवा में उछलकर सड़क पर जा गिरे। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि सफारी व बाइक क्षतिग्रस्त हो गई। कार सवार लोग दुर्घटना के बाद भाग निकले। सूचना मिलने के बाद पहुंची पुलिस ने लोगों की मदद से सड़क पर पड़े तीनों युवकों को सीएचसी बेलखरनाथधाम भेजा।

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देर रात हो सकी शवों की शिनाख्त

जहां डाक्टरों ने श्रवण कुमार शर्मा, यूसुफ और दीपक को मृत घोषित कर दिया। रात में पुलिस ने दीपक की पहचान लकी के रूप में की थी। हालांकि देर रात में उसकी शिनाख्त हो सकी। खबर मिलते ही उनके घरों में कोहराम मच गया। शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद परिजन शव लेकर घर पहुंचे। परिवार के लोगों की चीत्कार से हर किसी की आंखों से आंसू बहने लगे। मृतक श्रवण चार भाइयों में तीसरे नंबर पर था। तीन बहनें सीता, नीलम, सुधा हैं। जिनकी शादी हो चुकी है। श्रवण की अभी शादी नहीं हुई थी।




मृतक यूसुफ घर पर रहकर परिवार के लोगों के काम में हाथ बंटाता था। वह प्रधानी का चुनाव भी लड़ चुका था। उसके व्यवहार का हर कोई कायल था। युसूफ की मां जरीना बानो का रो-रोकर बुरा हाल है । दीपक के पिता इंदल वर्मा का निधन हो चुका है। उसकी मां पतरका व भाई अमर बहादुर और चचेरे भाई सूरज समेत परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल रहा।




कंधई पुलिस ने बताया कि सफारी कार चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। कार को कब्जे में लेने के दौरान उसमें शराब की बोतलें भी मिलीं। श्रवण व यूसुफ के परिवार के लोग परदेश में रहते हैं। उनके आने के बाद शनिवार को दोनों का अंतिम संस्कार किया जाएगा। जबकि दीपक के शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया।

श्रवण को देखने के लिए आने वाले थे मेहमान
परिवार के लोगों के अनुसार शुक्रवार को श्रवण को देखने के लिए लड़की पक्ष के कुछ लोग आने वाले थे। इसकी घर में तैयारी भी कर ली गई थी। मगर होनी को कुछ और ही मंजूर था। हर कोई श्रवण, यूसुफ समेत अन्य दोस्तों के व्यवहार की तारीफ करते नजर आए।


लकी के लिए यूसुफ बन गया फरिश्ता
ननिहाल बंधवा बाजार बाइक से जा रहे श्रवण के साथ उसका दोस्त लकी सिंह भी जाने के लिए तैयार हो गया। मगर बाजार में श्रवण के साथ बाइक पर सवार होकर यूसुफ पहुंचा। लकी सिंह से दोनों बात करने लगे। बोले कि अभी दीपक को लेने के लिए शहर जाना है। तीन लोग कैसे साथ चलेंगे। मगर लकी मान नहीं रहा था। तब यूसुफ उसे मना करते हुए कहा कि वे लोग दीपक को लेकर आते हैं तो फिर एक साथ चलेंगे। मगर तीनों लकी को लेने के बजाय बंधवा बाजार चले गए।



रोकती रही मां, मगर खींच ले गई मौत
नगर कोतवाली के भंगवा का रहने वाला दीपक वर्मा साथी श्रवण का रिश्ता तय होने की बात कहते हुए घर से निकलने लगा। तब उसकी मां पतरका उसे रोकने लगी। बोली कि शुक्रवार को रिश्ता तय होगा। वह कल चला जाए। अभी जाने की कौन सी जरूरत है। मगर उसने मां की बात नहीं मानी। आखिरकार उसकी मौत उसे साथियों के साथ खींच ले गई।

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