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नहीं थम रहा ठंड से मौतों का सिलसिला
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़
Updated Sun, 24 Jan 2016 11:35 PM IST
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जिले में ठंड से होने वाली मौतों का सिलसिला नहीं थम रहा है। अब रानीगंज इलाके में शनिवार रात ईंट-भट्ठे के मजदूर की ठंड की चपेट में आने से मौत हो गई। फतनपुर थाना क्षेत्र के करका स्थित ईंट भट्ठे पर मध्य प्रदेश के बिलासपुर जनपद के हीरी थाना क्षेत्र कूे बरगांव से ईंट भट्ठा मजदूर काम करने आए हैं। शनिवार की रात मजदूर नेतराम (48) पुत्र धेलू अपना काम करने के बाद अपनी झोपड़ी पर पहुंचा।
उसे जोर से ठंड लग रही थी। वह अलाव से ठंड दूर करने की कोशिश करने लगा। तबीयत खराब देख दूसरे साथी उसकी मदद करने का प्रयास कर ही रहे थे कि अचानक वह बेहोश हो गया और जब तक लोग कुछ समझते उसके पहले ही उसकी सांसें थम चुकी थीं। यह देख लोग रोने-बिलखने लगे। जिले में लगातार ठंड की चपेट में आने से लोगों की मौत हो रही है। उधर, जिला प्रशासन का दावा है कि जिले में ठंड से एक भी मौत नहीं हुई है।
जिले में गरीबों को ठंड से बचाने के लिए शासन ने बड़ी संख्या में कंबल भेजे थे। बीच में सर्दी कम हो गई। इसके चलते कंबल वितरण में सभी तहसीलों के जिम्मेदारों ने जमकर मनमानी की। प्रभावशाली लोगों को कंबल उपलब्ध करा दिया। वे अपने ही गांव में कंबलों का वितरण भी कर दिए। क्षेत्र के दूसरे जरूरतमंद इससे वंचित हो गए। जबकि गरीब कंबल के लिए भागदौड़ करते रहे।
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कड़ाके की ठंड को देखते हुए जिलाधिकारी डा. आदर्श सिंह ने सभी उपजिलाधिकारियों को आदेश दिया था कि लोगों को ठंड से बचाने के लिए बाजार में अलाव की व्यवस्था कराई जाए। जिससे लोगों को राहत मिल सके। सार्वजनिक स्थलों पर अलाव की व्यवस्था ठंड तक करने का आदेश दिया गया था लेकिन, अलाव किन स्थानों पर जला यह कोई बता नहीं पा रहा।
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उसे जोर से ठंड लग रही थी। वह अलाव से ठंड दूर करने की कोशिश करने लगा। तबीयत खराब देख दूसरे साथी उसकी मदद करने का प्रयास कर ही रहे थे कि अचानक वह बेहोश हो गया और जब तक लोग कुछ समझते उसके पहले ही उसकी सांसें थम चुकी थीं। यह देख लोग रोने-बिलखने लगे। जिले में लगातार ठंड की चपेट में आने से लोगों की मौत हो रही है। उधर, जिला प्रशासन का दावा है कि जिले में ठंड से एक भी मौत नहीं हुई है।
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जिले में गरीबों को ठंड से बचाने के लिए शासन ने बड़ी संख्या में कंबल भेजे थे। बीच में सर्दी कम हो गई। इसके चलते कंबल वितरण में सभी तहसीलों के जिम्मेदारों ने जमकर मनमानी की। प्रभावशाली लोगों को कंबल उपलब्ध करा दिया। वे अपने ही गांव में कंबलों का वितरण भी कर दिए। क्षेत्र के दूसरे जरूरतमंद इससे वंचित हो गए। जबकि गरीब कंबल के लिए भागदौड़ करते रहे।
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कड़ाके की ठंड को देखते हुए जिलाधिकारी डा. आदर्श सिंह ने सभी उपजिलाधिकारियों को आदेश दिया था कि लोगों को ठंड से बचाने के लिए बाजार में अलाव की व्यवस्था कराई जाए। जिससे लोगों को राहत मिल सके। सार्वजनिक स्थलों पर अलाव की व्यवस्था ठंड तक करने का आदेश दिया गया था लेकिन, अलाव किन स्थानों पर जला यह कोई बता नहीं पा रहा।