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धूमधाम से मनाया गया प्रकाश पर्व
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़
Updated Sun, 28 Dec 2014 10:48 PM IST
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गुरु गोविन्द सिंह का 347 वां प्रकाश पर्व रविवार को धूमधाम से मनाया गया। कड़ाके की भंड के बाद भी आस्था का रंग चटख रहा। सिक्ख समाज के लोग सुबह से ही नानक शाही बाबागंज स्थित गुरुद्वारा में डटे रहे। भजन-कीर्तन में सभी ध्यान मग्न रहे। शोभा यात्रा में कलाकारों का करतब भी गजब का रहा। करतब देख लोगों ने दांतों तले उंगलियां दबा लीं।
सुबह आठ बजे अखण्ड पाठ हुआ। पाठ समाप्त होने के बाद आरती और 10 बजे से सिंह सभा के हुजूरी रागी भाई राकेश सिंह ने शबद कीर्तन प्रस्तुत किया। आस्था की गरमी के समाने ठंडी काफुर रही।
भाई अनूप सिंह ने भी शबद कीर्तन से लोगों को आस्था के रस में डूबने पर मजबूर कर दिया। गुरुमत ज्ञान प्रतियोगिता में सफल प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर उनका हौसला बढ़ाया गया। दूसरे पहर तीन बजे अरदास हुई, लंगर में लोगों ने प्रसाद लिया। शोभा यात्रा में शामिल युवाओं ने तलवार बाजी का हुनर दिखा लोगों को भौचक कर दिया। कार्यक्रम को सफल बनाने में प्रमुख रूप से सुरेन्द्र सिंह प्रधान, मंजी सिंह गोविन्द करमजी सिंह, इंद्रजीत सिंह, ुसरजीत सिंह, राजू, आत्मजीत सिंह, सतनाम सिंह, परमजीत सिंह, जसवीर सिंह, सुरेन्द्र कौर का सहयोग सराहनीय रह।
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सुबह आठ बजे अखण्ड पाठ हुआ। पाठ समाप्त होने के बाद आरती और 10 बजे से सिंह सभा के हुजूरी रागी भाई राकेश सिंह ने शबद कीर्तन प्रस्तुत किया। आस्था की गरमी के समाने ठंडी काफुर रही।
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भाई अनूप सिंह ने भी शबद कीर्तन से लोगों को आस्था के रस में डूबने पर मजबूर कर दिया। गुरुमत ज्ञान प्रतियोगिता में सफल प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर उनका हौसला बढ़ाया गया। दूसरे पहर तीन बजे अरदास हुई, लंगर में लोगों ने प्रसाद लिया। शोभा यात्रा में शामिल युवाओं ने तलवार बाजी का हुनर दिखा लोगों को भौचक कर दिया। कार्यक्रम को सफल बनाने में प्रमुख रूप से सुरेन्द्र सिंह प्रधान, मंजी सिंह गोविन्द करमजी सिंह, इंद्रजीत सिंह, ुसरजीत सिंह, राजू, आत्मजीत सिंह, सतनाम सिंह, परमजीत सिंह, जसवीर सिंह, सुरेन्द्र कौर का सहयोग सराहनीय रह।
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