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प्रतापगढ़ः ऑनलाइन नहीं हुए मैदान छोड़ने वाले परीक्षार्थी
Fri, 21 Feb 2020 01:00 AM IST
इलाहाबाद ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रतापगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रतापगढ़
Published by: इलाहाबाद ब्यूरो
Updated Fri, 21 Feb 2020 01:00 AM IST
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यूपी बोर्ड
- फोटो : अमर उजाला
बोर्ड परीक्षा में मैदान छोड़ने वाले परीक्षार्थियों को ऑनलाइन करने की प्रक्रिया हवा हवाई साबित हो रही है। दो दिन की परीक्षा हो जाने के बाद भी अधिकांश परीक्षा केंद्र ऐसे हैं, जिन्होंने अनुपस्थित परीक्षार्थियों को आनलाइन नहीं किया।
केंद्र व्यवस्थापकों द्वारा बोर्ड के निर्देश को नजरअंदाज किया जा रहा है। डीआईओएस ने सभी केंद्र व्यवस्थापकों को पत्र लिखा है। अनुपस्थित परीक्षार्थियों को परीक्षा समाप्त होने के बाद नियमित आनलाइन करने का निर्देश दिया है।
जिले में यूपी बोर्ड परीक्षा संपादित कराने के लिए कुल 199 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा में कुल 119714 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं। बोर्ड परीक्षा से पहले केंद्र व्यवस्थापकों को परीक्षा से जुड़े तमाम निर्देश दिए गए। ताकि नकलविहीन परीक्षा संपादित हो सके। बोर्ड परीक्षा की सारी गतिविधियां आनलाइन की गई हैं। इसके लिए परीक्षा केंद्रों की वेबकास्टिंग कराई जा रही है।
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कंट्रोल रूम से इसकी मानीटरिंग की जा रही है। इसके अलावा संकलन केंद्र पर उत्तर पुस्तिकाओं के संकलन व परीक्षा केंद्रों पर अनुपस्थित व मैदान छोड़ने वाले परीक्षार्थियों को भी आनलाइन किए जाने का निर्देश दिया गया है। ताकि रिकार्ड तैयार करने में कोई दिक्कत न हो। इसके अलावा किसी तरह की कोई गड़बड़ी न हो सके।
यह निर्देश परीक्षा के पूर्व बोर्ड द्वारा जारी किया गया है। मगर परीक्षा के दौरान केंद्र व्यवस्थापकों द्वारा इस पर अमल नहीं किया जा रहा है। बोर्ड की परीक्षा को दो दिन हो चुके हैं। विभाग की मानें तो हाईस्कूल हिंदी व इंटर हिंदी प्रथम प्रश्न पत्र की परीक्षा में 10 हजार से अधिक परीक्षार्थियों ने मैदान छोड़ दिया है।
मगर 80 फीसदी परीक्षा केंद्रों के अनुपस्थित परीक्षार्थियों की सूची आनलाइन नहीं की जा सकी है। केंद्र व्यवस्थापक इसे लेकर तनिक भी गंभीर नहीं दिख रहे हैं। डीआईओएस सर्वदानंद ने इसे संज्ञान में लिया है। उन्होंने सभी केंद्र व्यवस्थापकों को निर्धारित समय सीमा के भीतर आनलाइन सूचना अपलोड करने का निर्देश दिया है।
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केंद्र व्यवस्थापकों द्वारा बोर्ड के निर्देश को नजरअंदाज किया जा रहा है। डीआईओएस ने सभी केंद्र व्यवस्थापकों को पत्र लिखा है। अनुपस्थित परीक्षार्थियों को परीक्षा समाप्त होने के बाद नियमित आनलाइन करने का निर्देश दिया है।
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जिले में यूपी बोर्ड परीक्षा संपादित कराने के लिए कुल 199 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा में कुल 119714 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं। बोर्ड परीक्षा से पहले केंद्र व्यवस्थापकों को परीक्षा से जुड़े तमाम निर्देश दिए गए। ताकि नकलविहीन परीक्षा संपादित हो सके। बोर्ड परीक्षा की सारी गतिविधियां आनलाइन की गई हैं। इसके लिए परीक्षा केंद्रों की वेबकास्टिंग कराई जा रही है।
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कंट्रोल रूम से इसकी मानीटरिंग की जा रही है। इसके अलावा संकलन केंद्र पर उत्तर पुस्तिकाओं के संकलन व परीक्षा केंद्रों पर अनुपस्थित व मैदान छोड़ने वाले परीक्षार्थियों को भी आनलाइन किए जाने का निर्देश दिया गया है। ताकि रिकार्ड तैयार करने में कोई दिक्कत न हो। इसके अलावा किसी तरह की कोई गड़बड़ी न हो सके।
यह निर्देश परीक्षा के पूर्व बोर्ड द्वारा जारी किया गया है। मगर परीक्षा के दौरान केंद्र व्यवस्थापकों द्वारा इस पर अमल नहीं किया जा रहा है। बोर्ड की परीक्षा को दो दिन हो चुके हैं। विभाग की मानें तो हाईस्कूल हिंदी व इंटर हिंदी प्रथम प्रश्न पत्र की परीक्षा में 10 हजार से अधिक परीक्षार्थियों ने मैदान छोड़ दिया है।
मगर 80 फीसदी परीक्षा केंद्रों के अनुपस्थित परीक्षार्थियों की सूची आनलाइन नहीं की जा सकी है। केंद्र व्यवस्थापक इसे लेकर तनिक भी गंभीर नहीं दिख रहे हैं। डीआईओएस सर्वदानंद ने इसे संज्ञान में लिया है। उन्होंने सभी केंद्र व्यवस्थापकों को निर्धारित समय सीमा के भीतर आनलाइन सूचना अपलोड करने का निर्देश दिया है।