{"_id":"6ad3bdaf7b052d11b80af498","slug":"nine-convicts-including-a-couple-and-their-two-sons-sentenced-to-life-imprisonment-for-murder-pratapgarh-news-c-262-1-ptp1005-180414-2026-10-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pratapgarh News: हत्या के दोषी दंपती और दो बेटे सहित नौ दोषियों को आजीवन कारावास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pratapgarh News: हत्या के दोषी दंपती और दो बेटे सहित नौ दोषियों को आजीवन कारावास
Sat, 17 Oct 2026 11:55 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रतापगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रतापगढ़
Published by: अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 17 Oct 2026 11:55 PM IST
सार
एडीजे रामलाल की अदालत ने हत्या, जानलेवा हमला, मारपीट व धमकी के दोषी दंपती और बेटों समेत नौ दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
विज्ञापन
अदालत का आदेश।
- फोटो : संवाद।
विस्तार
एडीजे रामलाल की अदालत ने हत्या, जानलेवा हमला, मारपीट व धमकी के दोषी दंपती और बेटों समेत नौ दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। मामले में संग्रामगढ़ के मुरैनी गांव के हरिनारायण सिंह, उसकी पत्नी रजवती उर्फ ललिता, दो बेटे मनीष सिंह, मनोज सिंह व उनके सहयोगी राकेश यादव, तीरथनाथ यादव, सचिन यादव, स्वामीनाथ यादव, पारसनाथ को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने सभी दोषियों को दस-दस हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया है।
वादी मुकदमा शिवराजा देवी के अनुसार, 22 मई 2020 की शाम हरिनारायण सिंह पत्नी रजवती उर्फ ललिता और बेटे मनीष, मनोज अपने साथियों के साथ पहुंचे और नाली को बंद करने लगे। शिवराजा देवी के मना करने पर विपक्षियों ने गालीगलौज की।
इस बीच स्वामीनाथ, पारसनाथ, तीरथनाथ, राकेश, सचिन लाठी-डंडा और कुल्हाड़ी लेकर हमलावर हो गए। उसे व उसके घरवालों राज बहादुर, ललिता, सुनील, रेखा, संदीप अमरजीत, सुमन को मारापीटा। राजबहादुर की प्रयागराज में उपचार के दौरान मौत हो गई। मामले में गवाहों को सुनने और साक्ष्यों के आधार पर दंपती, उनके दो बेटों समेत नौ लोगों को दोषी पाया गया। सभी को आजीवान कारावास की सजा सुनाई गई। साथ ही अर्थदंड भी लगाया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
वादी मुकदमा शिवराजा देवी के अनुसार, 22 मई 2020 की शाम हरिनारायण सिंह पत्नी रजवती उर्फ ललिता और बेटे मनीष, मनोज अपने साथियों के साथ पहुंचे और नाली को बंद करने लगे। शिवराजा देवी के मना करने पर विपक्षियों ने गालीगलौज की।
विज्ञापन
इस बीच स्वामीनाथ, पारसनाथ, तीरथनाथ, राकेश, सचिन लाठी-डंडा और कुल्हाड़ी लेकर हमलावर हो गए। उसे व उसके घरवालों राज बहादुर, ललिता, सुनील, रेखा, संदीप अमरजीत, सुमन को मारापीटा। राजबहादुर की प्रयागराज में उपचार के दौरान मौत हो गई। मामले में गवाहों को सुनने और साक्ष्यों के आधार पर दंपती, उनके दो बेटों समेत नौ लोगों को दोषी पाया गया। सभी को आजीवान कारावास की सजा सुनाई गई। साथ ही अर्थदंड भी लगाया गया।
विज्ञापन