व्हाट्सएप से लगेगी गुरुजी की हाजिरी

अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़। Updated Thu, 20 Oct 2016 12:06 AM IST
guruji attendece whatsap
whatsapp
प्राइमरी और मिडिल स्कूलों से अक्सर गायब रहने वाले शिक्षकों की नकेल कसने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग ने नई कवायद शुरू की है। आए दिन रजिस्टर में हाजिरी बनाकर भागने वाले गुरुजन अब ऐसा नहीं कर पाएंगे। उनकी हाजिरी अब व्हाट्स एप से लगेगी। शिक्षकों को दिन में तीन बार स्कूल में मौजूदगी की फोटो खींचकर बीईओ को भेजनी होगी। दरअसल हर खंड शिक्षाधिकारी व्हाट्सएप पर एक ग्रुप बनाएगा। संबंधित क्षेत्र के सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं को उससे जोड़ा जाएगा।

इसी ग्रुप पर शिक्षक अपनी विद्यालय में उपस्थिति की फोटो भेजेंगे। ऐसा नहीं करने वाले शिक्षकों को गैरहाजिर मानते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। प्रदेश के कन्नौज जिले में शिक्षकों की मनमानी पर अंकुश लगाने में सफल हुई व्हाट्सएप से उपस्थिति योजना जिले में भी लागू हो गई है।

इस योजना के तहत बेसिक शिक्षा विभाग के प्राइमरी और मिडिल स्कूलों में तैनात शिक्षकों पर शिकंजा कसने के लिए सभी शिक्षकों को खंड शिक्षा अधिकारियों के व्हाट्सएप से जोड़ा जाएगा। सुबह प्रार्थना के समय, दोपहर में बच्चों के एमडीएम खाते समय और स्कूल में छुट्टी होने के पहले बच्चों के साथ फोटो खींचकर व्हाट्सएप पर करना होगा। दिनभर में तीन फोटो खींचकर भेजने से इस बात की पुष्टि हो जाएगी कि शिक्षक विद्यालय में मौजूद हैं।

 शासन के निर्देश पर जिले में कन्नौज पैटर्न पर व्यवस्था लागू हो गई है। इसके तहत सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं को व्हाट्सएप चलाना आवश्यक कर दिया गया है। स्कूल पहुंचने वाले शिक्षक-शिक्षिकाओं से प्रतिदिन तीन फोटो भेजने को कहा गया है। ऐसा नहीं करने वाले शिक्षकों को गैरहाजिर माना जाएगा। बीएसए बीएन सिंह ने बताया कि सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को इस आशय का पत्र जारी कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि जो शिक्षक व्हाट्सएप से नहीं जुडेंगे उनके नवंबर माह के  वेतन पर रोक लगा दी जाएगी।

दीपावली के पहले चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को एसीपी का लाभ
बेसिक शिक्षा विभाग के चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के लिए खुशखबरी है। बीएसए दीपावली के पहले उन्हें एसीपी का तोहफा देने जा रहे हैं। इस दिशा में सभी औपचारिकताएं पूरी हो गई है, सिर्फ फाइल पर दस्तखत होना बाकी है।बेसिक शिक्षा विभाग के पूर्व माध्यमिक स्कूलों खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालयों और बीएसए कार्यालय में तैनात चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को शासनादेश के बावजूद एसीपी का लाभ नहीं दिया जा रहा था। चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों का आरोप था कि पटल का कार्य देख रहा बाबू एसीपी का लाभ देने के लिए दस-दस हजार रुपये की मांग कर रहा है। चतुर्थ श्रेणियों की यह आवाज अमर उजाला के उठाते ही बीएसए ने सक्रियता बरतते हुए फाइल तलब की और संबंधित कर्मचारी को फटकार लगाते हुए दीपावली के पहले भुगतान करने का आदेश दिया। बुधवार को बीएसए स्वयं फाइल तैयार करते रहे। बीएसए बीएन सिंह ने बताया कि समिति के सदस्यों के हस्ताक्षर होने प्रारंभ हो गए हैं।

Spotlight

Most Read

National

2019 में कांग्रेस के साथ मिलकर चुनाव नहीं लड़ेगी CPM

महासचिव सीताराम येचुरी की ओर से पेश मसौदे में भाजपा के खिलाफ लड़ाई में कांग्रेस समेत तमाम धर्मनिरपेक्ष दलों को साथ लेकर एक वाम लोकतांत्रिक मोर्चा बनाने की बात कही गई थी।

22 जनवरी 2018

Related Videos

एसपी के इस पूर्व विधायक के घर कुर्की, एक-एक सामान उखाड़ ले गई पुलिस

इलाहाबाद में पूर्व सांसद और बाहुबली नेता अतीक अहमद के भाई पूर्व विधायक के घर की कुर्की की गई। धूमनगंज थाने की पुलिस ने कोर्ट के आदेश के बाद कुर्की की है। अलक्मा और सुरजीत हत्या मामले में आरोपी अशरफ फरार चल रहा है।

25 दिसंबर 2017

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper