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प्रतापगढ़: भूख से तड़प रही थी वृद्धा, वीडियो वायरल होने पर जागा प्रशासन
Wed, 19 Jun 2019 12:50 AM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, प्रतापगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, प्रतापगढ़
Published by: विनोद सिंह
Updated Wed, 19 Jun 2019 12:50 AM IST
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अंतू थाना क्षेत्र में भूख से बेहाल वृद्धा।
- फोटो : pratapgarh
घर में खाने को एक दाना नहीं, रहने के लिए छत नहीं है, फिर भी ऐसे परिवारों को गरीबी रेखा के ऊपर रखा गया है। यह खुलासा मंगलवार को उस समय हुआ जब सोशल मीडिया पर भूख से कराहती एक वृद्धा का वीडियो वायरल हुआ। इसके बाद जिला प्रशासन में हड़कंप मच गया। डीएम के निर्देश पर आपूर्ति निरीक्षक भागकर गांव पहुंचे और आननफानन में अंत्योदय कार्ड बनाने के साथ ही राशन उपलब्ध कराया। एडीओ पंचायत ने दो हजार रुपये की आर्थिक मदद की।
मंगलवार की सुबह सोशल मीडिया पर संडवा चंद्रिका विकास खंड के डगरी के दूबेपुर गांव की चंद्रकली (80) की भूख से कराहते हुए वीडियो वायरल हुई। घर में खाने के लिए एक दाना और रहने के लिए घर नहीं होने के साथ ही उसकी तबियत इतनी खराब थी कि मुंह से आवाज नहीं निकल रही थी। चंद्रकली के बेटे आलोपी शर्मा का चाल-चलन ठीक नहीं होने से घर में खाने की किल्लत खड़ी हो गई थी।
परिवार में इन दो लोगों के सिवा और कोई नहीं था। सरकार की किसी योजना का लाभ इन्हें नहीं मिला था। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद जिला प्रशासन में हड़कंप मच गया। डीएम के निर्देश पर गांव पहुंचे आपूर्ति निरीक्षक जेपी तिवारी ने वृद्धा को फौरन अंत्योदय राशन कार्ड उपलब्ध कराया। ब्लाक से पहुंचे एडीओ पंचायत दयाराम सरोज ने प्रधान से खाने के लिए राशन मुहैया कराने के साथ ही नकदी प्रदान की।
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बीडीओ एसएन पटेल ने बताया कि देरशाम वृद्धा आश्रम के लोग आए थे और चंद्रकली को अपने साथ ले गए। उन्होंने स्वीकार किया कि प्रधान की अनदेखी और सचिव की लापरवाही से उसे योजनाओं का लाभ नहीं मिला था। राशनकार्ड दे दिया गया है। जल्द ही आवास मुहैया कराया जाएगा।
नालायक बेटे की करतूतों ने चंद्रकली को पहुंचाया वृद्धा आश्रम
प्रतापगढ़। कलेजे के टुकड़ों को सीने से लगाकर रखने वाली मां को शायद यह नहीं मालूम था कि वही वृद्धावस्था में उसके लिए मुसीबत बन जाएगा। भूख मिटाने के लिए उसने बेटे से विनती की। बात अनसुनी करने पर गांववालों से सहयोग मांगा, लेकिन सबकी संवेदना मर गई थी। मंगलवार को जब वृद्धा आश्रम के लोग पहुंचे तो चंद्रकली फफक कर रो पड़ी। वह बेटे को कोसती रही।
संडवा चंद्रिका विकास खंड के डगरी के दूबेपुर गांव की चंद्रकली (80) के इकलौते बेटे आलोपी शर्मा ने तीन शादियां कीं, लेकिन उसकी गलत हरकतों की वजह से सभी शादियां टूट गईं। आलोपी शर्मा की उम्र भी लगभग साठ साल हो गई है। ऐसे में वह अपना और मां का पेट भरने में अक्षम है। बीडीओ एसएन पटेल की मानें तो गांव के लोगों ने बताया कि चंद्रकली का बेटा आए दिन शराब पी लेता है।
बूढ़ी मां ने रोकने का प्रयास किया तो उसे दुत्कार सुननी पड़ी। बेटे की गलत लत के चलते ही चंद्रकली का परिवार उजड़ गया। मंगलवार को वृद्धावस्था आश्रम के लोग लेने के लिए पहुंचे तो पहले चंद्रकली जाने के लिए तैयार नहीं हुई। मगर गांव की महिलाओं के समझाने पर वह जाने के लिए तैयार हो गई।
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मंगलवार की सुबह सोशल मीडिया पर संडवा चंद्रिका विकास खंड के डगरी के दूबेपुर गांव की चंद्रकली (80) की भूख से कराहते हुए वीडियो वायरल हुई। घर में खाने के लिए एक दाना और रहने के लिए घर नहीं होने के साथ ही उसकी तबियत इतनी खराब थी कि मुंह से आवाज नहीं निकल रही थी। चंद्रकली के बेटे आलोपी शर्मा का चाल-चलन ठीक नहीं होने से घर में खाने की किल्लत खड़ी हो गई थी।
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परिवार में इन दो लोगों के सिवा और कोई नहीं था। सरकार की किसी योजना का लाभ इन्हें नहीं मिला था। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद जिला प्रशासन में हड़कंप मच गया। डीएम के निर्देश पर गांव पहुंचे आपूर्ति निरीक्षक जेपी तिवारी ने वृद्धा को फौरन अंत्योदय राशन कार्ड उपलब्ध कराया। ब्लाक से पहुंचे एडीओ पंचायत दयाराम सरोज ने प्रधान से खाने के लिए राशन मुहैया कराने के साथ ही नकदी प्रदान की।
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बीडीओ एसएन पटेल ने बताया कि देरशाम वृद्धा आश्रम के लोग आए थे और चंद्रकली को अपने साथ ले गए। उन्होंने स्वीकार किया कि प्रधान की अनदेखी और सचिव की लापरवाही से उसे योजनाओं का लाभ नहीं मिला था। राशनकार्ड दे दिया गया है। जल्द ही आवास मुहैया कराया जाएगा।
नालायक बेटे की करतूतों ने चंद्रकली को पहुंचाया वृद्धा आश्रम
प्रतापगढ़। कलेजे के टुकड़ों को सीने से लगाकर रखने वाली मां को शायद यह नहीं मालूम था कि वही वृद्धावस्था में उसके लिए मुसीबत बन जाएगा। भूख मिटाने के लिए उसने बेटे से विनती की। बात अनसुनी करने पर गांववालों से सहयोग मांगा, लेकिन सबकी संवेदना मर गई थी। मंगलवार को जब वृद्धा आश्रम के लोग पहुंचे तो चंद्रकली फफक कर रो पड़ी। वह बेटे को कोसती रही।
संडवा चंद्रिका विकास खंड के डगरी के दूबेपुर गांव की चंद्रकली (80) के इकलौते बेटे आलोपी शर्मा ने तीन शादियां कीं, लेकिन उसकी गलत हरकतों की वजह से सभी शादियां टूट गईं। आलोपी शर्मा की उम्र भी लगभग साठ साल हो गई है। ऐसे में वह अपना और मां का पेट भरने में अक्षम है। बीडीओ एसएन पटेल की मानें तो गांव के लोगों ने बताया कि चंद्रकली का बेटा आए दिन शराब पी लेता है।
बूढ़ी मां ने रोकने का प्रयास किया तो उसे दुत्कार सुननी पड़ी। बेटे की गलत लत के चलते ही चंद्रकली का परिवार उजड़ गया। मंगलवार को वृद्धावस्था आश्रम के लोग लेने के लिए पहुंचे तो पहले चंद्रकली जाने के लिए तैयार नहीं हुई। मगर गांव की महिलाओं के समझाने पर वह जाने के लिए तैयार हो गई।