प्रतापगढ़ : पुरखों की याद सहेजने व बेटे की सगाई के लिए तीन दशक बाद सिडनी से बेल्हा आएगा परिवार
अपने पुरखों की यादों को सहेजने के लिए तीन दशक बाद रश्मि अग्रवाल अपने मायके आएंगीं। इतना ही नहीं परिजनों,रिश्तेदारों तथा दोस्तों के बीच बेटे की सगाई कर वह अपनी जड़ों से फिर जुड़ेंगी। इसके लिए कारोबारी मामा अशोक अग्रवाल ने तैयारियां तेज कर दी हैं।
विस्तार
अपने पुरखों की यादों को सहेजने के लिए तीन दशक बाद रश्मि अग्रवाल अपने मायके आएंगीं। इतना ही नहीं परिजनों,रिश्तेदारों तथा दोस्तों के बीच बेटे की सगाई कर वह अपनी जड़ों से फिर जुड़ेंगी। इसके लिए कारोबारी मामा अशोक अग्रवाल ने तैयारियां तेज कर दी हैं।
शहर के पल्टन बाजार निवासी अशोक अग्रवाल की चौक तथा सब्जी मंडी में कारोबार है। उनकी बहन रश्मि अग्रवाल की शादी लखनऊ में अश्वनी अग्रवाल संग हुई थी। हालांकि वर्ष 1993 के बाद अश्वनी अपने परिवार के साथ आस्ट्रेलिया जाकर बस गए। उन्हें वहां की नागरिकता भी मिल गई। अशोक के अनुसार भांजा अंकित तथा भांजी अंकिता की पढ़ाई आस्ट्रेलिया में ही हुई है।
अंकित सिडनी की एक कंपनी में सीए की नौकरी कर रहा है जबकि अंकिता गूगल कंपनी में बड़े पद पर हैं। पांच वर्ष पहले अंकित की कंपनी में काम करने वाली चीन मूल की लाइ से से दोस्ती हुई, जो बाद में प्यार में बदल गई। परिवार की रजामंदी के बाद दोनों की शादी तय हो गई।
उसकी बहन रश्मि पुरखों की यादों को सहेजने तथा अपनों को अपनापन का एहसास कराने के लिए बेटे की सगाई मायके में करने के लिए ठान लिया। हालांकि इसके पीछे बड़ा परिवार भी आड़े आ रहा था। सगाई के लिए चार अप्रैल को बाबागंज स्थित एक होटल बुक किया गया है। बेल्हा के लोग अलग-अलग देशों की संस्कृतियों के मिलन के गवाह बनेंगे। ननिहाल में सगाई करने के बाद दोनों का परिवार आस्ट्रेलिया लौट जाएगा। वहां दोनों की शादी होगी।
सवा सौ लोगों का किया जा रहा इंतजाम
सिडनी की लाइ संग अंकित की सगाई के लिए मामा अशोक ने तैयारियां तेज कर दी हैं। चूंकि रश्मि के मायके का कुनबा बड़ा है। ऐसे में परिवार के 90 सदस्यों के अलावा सवा सौ लोगों का इंतजाम किया जा रहा है ताकि सगाई की रस्म धूम-धाम से हो सके। इस मौके पर रश्मि ने अपनी सहेलियों तथा पुराने रिश्तेदारों को आमंत्रित करने के लिए भाई अशोक को जिम्मेदारी दे रखी है। वह एक अप्रैल को होने वाली बहू लाइ तथा उसके परिवार के साथ लखनऊ एयरपोर्ट पर आएंगीं।
लाइ की बहन वाराणसी से पहुंचेगी बेल्हा
सगाई में लाइ के साथ उसकी मां यी कान कान और पिता च्वांग कई ल्वे भी आएंगे। इसके अलावा लाइ की बहन अपने पति के साथ वाराणसी पहुंचेंगीं। वहां से सगाई में शामिल होने के लिए वह बेल्हा आएंगीं।